जयपुर के पिता, पुत्र ज्वेलर ने अमेरिकी महिला को ही लगा दिया चूना, कुल 6 करोड़ में बेच दिया मात्र 300 रुपये का नकली गहना?

0
657

AIN NEWS 1चेरिश : अमेरिका मे वापस गईं और एक प्रदर्शनी में जब इस ज्वेलरी को उन्होने प्रदर्शित किया, तो उन्हें पता चला कि यह पूरी तरह से नकली है. इसके बाद से ही वह जयपुर लौटीं और ज्वैलर की दुकान पर रामा रेडियम गईं और दुकान के मालिक गौरव सोनी से उन्होने इस नकली आभूषणों की शिकायत की. उन्होंने इस आभूषणों की शुद्धता की जांच के लिए अन्य दुकानों पर भी इस को भेजा, जहां जांच के बाद इसकी पूरी तरह से पुष्टि हुई. इसके बाद चेरिश ने अमेरिकी दूतावास को भी इस पूरी घटना की जानकारी दी.

अब ज्वैलर पिता-पुत्र के खिलाफ दर्ज हुआ केस

यहां हम आपको बता दें राजस्थान की राजधानी जयपुर (Jaipur) में एक ज्वेलर पिता-पुत्र ने एक अमेरिकी महिला को मात्र 300 रुपये की आर्टिफिशियल ज्वेलरी को 6 करोड़ रुपये में बेच दिया. इस पूरे घटनाक्रम मे पुलिस के मुताबिक, अमेरिकी नागरिक चेरिश (Cherish) ने करीब दो साल पहले ही शहर के गोपालजी का रास्ता स्थित एक दुकान से यह खरीदी गई ज्वेलरी पर कुल 6 करोड़ रुपये खर्च किए थे. खरीदारी के वक्त इस विक्रेता ने इस महिला को हॉलमार्क सर्टिफिकेट भी दिया था, जिससे आभूषण की शुद्धता का उन्हे पता चलता था.इसके बाद 18 मई को ज्वेलर राजेंद्र सोनी और उनके बेटे गौरव सोनी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की कई सारी धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर ली गई है. इस पूरे मामले के बारे में मीडिया से बात करते हुए जयपुर पुलिस के डीसीपी बजरंग सिंह शेखावत ने कहा, “पुलिस ने इस आभूषणों को जांच के लिए भेजा था, इसमें पता चला कि गहने में लगे हीरे चंद्रमणि थे. आभूषणों में सोने की मात्रा पूरी 14 कैरेट होनी चाहिए थी, लेकिन वह भी मात्र दो कैरेट थी. इस आरोपी ज्वैलर्स ने भी अपनी शिकायत दर्ज कराई थी कि एक महिला उनकी दुकान से आभूषण लेकर भाग गई हैं लेकिन जब हमने वहां लगे सीसीटीवी फुटेज की जांच की, तो यह बात पूरी तरह झूठ निकली.”

इस दौरान और भी शिकायतें दर्ज…

डीसीपी ने इस पूरे प्रकरण में बताया कि मामले में आरोपी ज्वैलर्स अभी फरार हैं, लेकिन हमने नकली हॉलमार्क सर्टिफिकेट जारी करने वाले नंदकिशोर को अब गिरफ्तार कर लिया है. मुख्य आरोपी गौरव सोनी के खिलाफ एक लुकआउट नोटिस भी जारी किया गया है. अमेरिका की इस महिला की शिकायत के बाद ही पुलिस को कई अन्य शिकायतें भी मिलीं, जिनमें गौरव सोनी और राजेंद्र सोनी पर करोड़ों रुपये की अन्य धोखाधड़ी का भी आरोप लगाया गया है, जिनकी अभी जांच चल रही है.इंडिया टुडे से बात करते हुए इस पीड़िता चेरिश ने कहा, “गौरव सोनी और उनके पिता (राम एक्सपोर्ट्स के मालिक) मेरे साथ मे चीटिंग किए. उन्होंने मुझे 14 कैरेट के बजाय नौ कैरेट और सोने की प्लेट भी भेजा. मुझे असली हीरे के बजाय पूरी तरह से मूनस्टोन दे दिया. करीब 10 अन्य डिजाइनर्स उनकी धोखाधड़ी से काफ़ी ज्यादा प्रभावित हैं. उन्होंने नकली प्रमाण पत्र भी दिया, कुछ भी असली नहीं है.”

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here