AIN NEWS 1: दिल्ली के ऐतिहासिक लाल किले के पास हुए कार ब्लास्ट ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया है। अब इस मामले में जांच आगे बढ़ी है और दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल को कई अहम सुराग मिले हैं। सूत्रों के अनुसार, इस विस्फोट के तार फरीदाबाद टेरर मॉड्यूल से जुड़े हो सकते हैं, जिसका पर्दाफाश 9 नवंबर की रात को हुआ था।
जांच में सामने आए नए वीडियो ने पूरे मामले को और भी गंभीर बना दिया है। इस वीडियो में धमाके से कुछ ही समय पहले एक i20 कार को देखा गया है, जिसे चलाने वाला शख्स मास्क पहने हुए नजर आ रहा है। पुलिस को शक है कि वही व्यक्ति डॉक्टर मोहम्मद उमर है — वही उमर, जो फरीदाबाद टेरर मॉड्यूल का मुख्य सदस्य बताया गया था और जो फिलहाल फरार चल रहा था।
धमाके से जुड़ी शुरुआती जांच
दिल्ली पुलिस ने बताया कि धमाके के वक्त कार में तीन संदिग्ध लोग सवार थे। घटना के बाद कार पूरी तरह जलकर खाक हो गई, जिससे पहचान मुश्किल हो गई है। हालांकि, पुलिस ने मौके से मिले शव के डीएनए सैंपल लिए हैं ताकि यह पता लगाया जा सके कि मृत व्यक्ति वास्तव में डॉक्टर उमर मोहम्मद ही है या नहीं।
स्पेशल सेल के सूत्रों के मुताबिक, i20 कार में भारी मात्रा में विस्फोटक रखा गया था। जांच एजेंसियों को शक है कि इस धमाके की योजना पहले से बनाई गई थी और यह किसी बड़ी साजिश का हिस्सा हो सकता है।
फरीदाबाद मॉड्यूल से कनेक्शन
यह वही फरीदाबाद टेरर मॉड्यूल है जिसका खुलासा कुछ दिन पहले हुआ था। 9 नवंबर की रात को पुलिस ने इस मॉड्यूल से जुड़े कुछ लोगों को गिरफ्तार किया था। उसी दौरान डॉक्टर मोहम्मद उमर फरार हो गया था। अब लाल किले के पास हुए ब्लास्ट में उसी का नाम फिर से सामने आना जांच एजेंसियों के लिए एक बड़ा सुराग साबित हो सकता है।
पुलिस का मानना है कि यह मॉड्यूल दिल्ली और एनसीआर में बड़े हमलों की साजिश रच रहा था। फरीदाबाद से बरामद हुए इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और दस्तावेजों से भी इसी तरह के संकेत मिले थे।
सामने आया वीडियो बना सबूत
धमाके से पहले का जो वीडियो सामने आया है, उसमें कार को धीरे-धीरे लाल किले की ओर जाते हुए देखा जा सकता है। कार का ड्राइवर सफेद मास्क और टोपी पहने हुआ है, जिससे उसका चेहरा साफ नहीं दिख रहा। वीडियो में कार के अंदर दो और लोग भी दिखाई दे रहे हैं, लेकिन उनकी पहचान फिलहाल स्पष्ट नहीं हो पाई है।
पुलिस अब इस वीडियो की मदद से चेहरे की पहचान तकनीक (Face Recognition) का उपयोग कर रही है ताकि ड्राइवर की असली पहचान की पुष्टि की जा सके।
डॉक्टर उमर मोहम्मद कौन है?
डॉक्टर मोहम्मद उमर की पृष्ठभूमि भी जांच के दायरे में है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि वह फरीदाबाद के एक निजी मेडिकल कॉलेज में पढ़ चुका है और उसे विस्फोटक तैयार करने की तकनीकी जानकारी थी। बताया जा रहा है कि उमर ने कई बार विदेश यात्रा भी की है और कुछ संदिग्ध ऑनलाइन नेटवर्क से उसका संपर्क रहा है।
फरीदाबाद मॉड्यूल के खुलासे के बाद से ही एजेंसियां उमर की तलाश में थीं। उस समय यह भी आशंका जताई गई थी कि वह दिल्ली या उसके आसपास किसी बड़ी वारदात की तैयारी में है।
जांच एजेंसियों की सघन कार्रवाई
धमाके के बाद दिल्ली पुलिस, एनआईए (राष्ट्रीय जांच एजेंसी) और इंटेलिजेंस ब्यूरो ने संयुक्त रूप से जांच शुरू कर दी है। आस-पास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं और कार के रजिस्ट्रेशन नंबर की भी जांच की जा रही है।
सूत्रों का कहना है कि कार फर्जी दस्तावेजों के जरिए खरीदी गई थी, जिससे यह संकेत मिलता है कि आरोपी लंबे समय से इस प्लानिंग में लगे थे। फिलहाल पुलिस ने आसपास के कई इलाकों में सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया है और कुछ संदिग्धों से पूछताछ भी की जा रही है।
सुरक्षा एजेंसियों में अलर्ट
दिल्ली में हुए इस ब्लास्ट के बाद पूरे एनसीआर क्षेत्र में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। सभी प्रमुख स्थलों — जैसे इंडिया गेट, संसद भवन, मेट्रो स्टेशन और हवाई अड्डों — पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
खुफिया एजेंसियों का मानना है कि यह हमला किसी विदेशी संगठन के इशारे पर किया गया हो सकता है। हालांकि, अभी तक किसी संगठन ने इस धमाके की जिम्मेदारी नहीं ली है।
लाल किले के पास हुआ यह धमाका केवल एक हादसा नहीं, बल्कि देश की सुरक्षा व्यवस्था को खुली चुनौती है। डॉक्टर मोहम्मद उमर का नाम सामने आने से जांच एजेंसियां पहले से ज्यादा सतर्क हो गई हैं। डीएनए रिपोर्ट और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जल्द ही यह साफ हो जाएगा कि आखिर धमाके के पीछे कौन था और उसका मकसद क्या था।
देश की सुरक्षा एजेंसियां इस घटना को एक बड़े आतंकी नेटवर्क के रूप में देख रही हैं, और आने वाले दिनों में इस मामले में कई चौंकाने वाले खुलासे हो सकते हैं।
The Red Fort car blast in Delhi has shaken the entire nation. According to Delhi Police Special Cell sources, the explosion is suspected to be linked to the Faridabad terror module busted on November 9. The main suspect, Dr. Mohammad Umar, believed to be in the i20 car, might have been involved in the planning of the attack. Police are conducting DNA tests to confirm the deceased’s identity and are examining CCTV footage to identify other suspects. This blast raises serious concerns about terror links in Delhi NCR, making the city’s security agencies intensify their investigation.



















