Powered by : PIDIT KO NYAY ( RNI - UPBIL/25/A1914)

spot_imgspot_img

श्रीनगर के नौगाम थाने में हुआ भीषण धमाका: फरीदाबाद से जब्त विस्फोटकों ने ली 9 ज़िंदगियाँ, 27 घायल — जांच एजेंसियाँ पूरी घटना की तहकीकात में जुटीं!

spot_img

Date:

AIN NEWS 1: श्रीनगर के नौगाम इलाके में शुक्रवार देर रात एक ऐसा हादसा हुआ, जिसने पूरे जम्मू-कश्मीर को झकझोर कर रख दिया। नौगाम पुलिस स्टेशन के भीतर हुआ यह जोरदार धमाका इतना भारी था कि आसपास के क्षेत्र में कुछ मिनटों तक अफरा-तफरी फैल गई। इस विस्फोट में अब तक 9 लोगों के मारे जाने और 27 से अधिक लोगों के घायल होने की पुष्टि हुई है। घायल हुए कई पुलिसकर्मी और तकनीकी स्टाफ अभी भी अस्पताल में भर्ती हैं, जिनमें कुछ की हालत गंभीर बताई जा रही है।

यह धमाका तब हुआ जब पुलिस की एक टीम फरीदाबाद से जब्त किए गए विस्फोटकों का परीक्षण कर रही थी। शुरुआती जानकारी के अनुसार, इन विस्फोटकों को हाल ही में एक बड़े आतंकी मॉड्यूल का पर्दाफाश होने के बाद बरामद किया गया था। सुरक्षा एजेंसियाँ इन सामग्रियों को सुरक्षित तरीके से निष्क्रिय करने की प्रक्रिया में लगी थीं, लेकिन अचानक ही उनमें बड़ा विस्फोट हो गया। रात की खामोशी को चीरते हुए हुई इस घटना ने कई जिंदगियाँ छीन लीं और पुलिस विभाग के कर्मचारियों को गहरे सदमे में डाल दिया।

धमाके के तुरंत बाद पुलिस, सीआरपीएफ और आपदा प्रबंधन टीमें मौके पर पहुंचीं। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में ले जाया गया। कई घायलों को हाई-डेपेंडेंसी यूनिट में रखा गया है, जबकि कुछ को एयरलिफ्ट कर विशेष उपचार के लिए ले जाया गया है। अधिकारियों का कहना है कि समय पर राहत कार्य शुरू होने के चलते कई लोगों की जान बचाई जा सकी।

धमाके के बाद पुलिस स्टेशन की इमारत का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है। छत ध्वस्त हो गई, दीवारें टूट गईं और आसपास खड़ी कई गाड़ियाँ भी क्षतिग्रस्त हो गईं। घटनास्थल की तस्वीरें और CCTV फुटेज यह दिखाती हैं कि विस्फोट की तीव्रता कितनी अधिक थी। पुलिस स्टेशन के भीतर मौजूद दस्तावेज, सर्वर रूम और सबूतों का रिकॉर्ड भी बड़ी मात्रा में प्रभावित हुआ है।

यह घटना केवल एक हादसा है या इसके पीछे किसी गहरी साजिश की बू है — यह अभी जांच का विषय है। पुलिस और राष्ट्रीय जांच एजेंसियों ने मिलकर जांच शुरू कर दी है। तकनीकी विशेषज्ञ विस्फोट की प्रकृति, विस्फोटक सामग्री की संरचना और उसके भंडारण की पद्धति की जांच कर रहे हैं। सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि अंतिम निष्कर्ष पर पहुंचने में अभी कुछ समय लगेगा, क्योंकि विस्फोट स्थल पर वैज्ञानिक परीक्षण जारी हैं।

फरीदाबाद से बरामद किए गए विस्फोटक हाल ही में गिरफ्तार किए गए एक “व्हाइट कॉलर टेरर मॉड्यूल” से जुड़े बताए जा रहे थे। यह मॉड्यूल दिल्ली और हरियाणा में कई बड़ी घटनाओं को अंजाम देने की फिराक में था। सुरक्षा एजेंसियाँ लगातार इस मॉड्यूल की परतें खोलने में जुटी थीं, और उसी क्रम में बरामद किए गए विस्फोटकों को श्रीनगर ले जाया गया था। हालांकि, इन्हें पुलिस स्टेशन में क्यों रखा गया और विस्फोटक सुरक्षा प्रोटोकॉल को कितनी गंभीरता से पालन किया गया — यह एक बड़ा सवाल बनकर सामने आया है।

कई वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि आमतौर पर इतनी बड़ी मात्रा में विस्फोटक संवेदनशील ज़ोन या bomb-disposal केंद्रों में ले जाए जाते हैं, न कि सक्रिय पुलिस थानों में। ऐसे में संभव है कि प्रक्रिया में लापरवाही हुई हो। हालांकि, किसी भी अधिकारी ने आधिकारिक बयान में इस संभावना की पुष्टि नहीं की है। सभी एजेंसियाँ फिलहाल तथ्यों के आधार पर रिपोर्ट तैयार कर रही हैं।

जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने पीड़ितों के परिवारों के लिए सहायता राशि की घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने इस घटना को दुखद बताया और कहा कि ऐसी घटनाएँ सुरक्षा तंत्र को और मज़बूत करने की दिशा में सीख देती हैं। केंद्र सरकार ने भी इस हादसे पर दुख जताया है और NIA व अन्य विशेषज्ञ टीमों को जांच में सहायता देने का निर्देश दिया है।

इस धमाके ने सुरक्षा मानकों पर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। उच्च जोखिम वाले विस्फोटकों को कैसे और कहाँ रखा जाना चाहिए? क्या पुलिस स्टेशनों में विस्फोटक सामग्री का परीक्षण किया जाना चाहिए? क्या यह धमाका किसी बाहरी ट्रिगर या डिवाइस के कारण हुआ? क्या विस्फोटक सामग्री में पहले से छेड़छाड़ की गई थी? इन सभी सवालों के जवाब आने वाले दिनों में सामने आ सकते हैं।

लोग सोशल मीडिया पर घटना को लेकर लगातार प्रतिक्रिया दे रहे हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि धमाके की आवाज़ कई किलोमीटर तक सुनी गई और उन्हें लगा कि कोई बड़ा आतंकी हमला हो गया है। क्षेत्र के दुकानों, घरों और स्कूलों में भी हल्का नुकसान रिपोर्ट किया गया है।

इस घटना ने सुरक्षा एजेंसियों के भीतर भी चिंता बढ़ा दी है। आने वाले समय में विस्फोटक निष्क्रिय करने से जुड़े मानकों और SOPs में बदलाव हो सकता है। फिलहाल पुलिस स्टेशन को पूरी तरह सील कर दिया गया है, और घटना स्थल पर केवल विशेषज्ञ टीमों को ही जाने की अनुमति दी जा रही है।

धमाके ने यह साफ कर दिया है कि आतंकी मॉड्यूल के खतरे भले कम दिखाई दें, लेकिन उनके द्वारा छोड़े गए विस्फोटक रिकवरी सुरक्षा बलों के लिए एक बड़ा जोखिम बने रहते हैं। आने वाली रिपोर्ट्स से यह तय होगा कि यह एक गंभीर चूक थी या विस्फोटकों की संरचना में कोई विशेष बदलाव इस हादसे की वजह बना।

The Srinagar Nowgam Police Station blast has raised serious safety concerns after seized explosives from a Faridabad terror module detonated during handling, killing 9 people and injuring 27 others. This incident highlights the urgent need for improved explosive-handling protocols, stronger security measures, and coordinated investigation efforts by national agencies. With rising attention on Kashmir security, police station blast reports, and terror-linked explosives, this news is trending globally and drawing widespread public concern.

spot_img
spot_imgspot_img

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

spot_imgspot_img

Share post:

New Delhi
broken clouds
36.8 ° C
36.8 °
36.8 °
6 %
3.4kmh
77 %
Thu
37 °
Fri
36 °
Sat
36 °
Sun
37 °
Mon
35 °
Video thumbnail
"महात्मा गांधी की हत्या के बाद Nehru Edwina के साथ एक कमरे में बंद थे", Lok Sabha में जबरदस्त बवाल
09:09
Video thumbnail
Ghaziabad में हनुमान चालीसा चलाने पर, हिन्दू परिवार पर हमला ! | Nandgram News | Ghaziabad News
15:26
Video thumbnail
GDA का बड़ा फैसला: 2026 में गाज़ियाबाद में आएगा बड़ा बदलाव
32:16
Video thumbnail
Holi पर Delhi के Uttam Nagar के Tarun की कर दी हत्या,पिता ने लगाई गुहार | Top News | Delhi Crime
05:46
Video thumbnail
आम आदमी की जेब पर 'महंगाई बम'! LPG सिलेंडर ₹60 महंगा, मोदी सरकार पर बरसे अनुराग ढांडा
07:31
Video thumbnail
भोपाल के रायसेन किले से तोप चलाने का Video सामने आया। पुलिस ने गिरफ्तार किया
00:18
Video thumbnail
President Murmu on Mamta Banerjee
02:03
Video thumbnail
Ghaziabad : में कश्यप निषाद संगठन का राष्ट्रीय अधिवेशन | मंत्री नरेंद्र कश्यप
05:14
Video thumbnail
"किसान यूनियन...10 - 20 लोगो को लेके धरने पे बैठना" Rakesh Tikait पर क्या बोले RLD नेता Trilok Tyagi
15:19
Video thumbnail
अगर आपके कोई जानकार ईरान और इराक युद्ध में फंसे हैं तो यह सूचना आपके लिए है जरूर सुने
01:26

Subscribe

spot_img
spot_imgspot_img

Popular

spot_img

More like this
Related

कानपुर ड्रीम छेड़छाड़ मामला: एयर फोर्स कर्मी को 7 साल बाद बरी!

एक असामान्य मुकदमे की पूरी कहानी — सरल भाषा...

RSS की नई संरचना: समझिए क्या बदल रहा है और क्यों!

RSS की नई संरचना: समझिए क्या बदल रहा है...

अयोध्या पहुंचे आसाराम, रामलला के किए दर्शन; सुरक्षा के बीच करीब 10 मिनट मंदिर में रहे!

अयोध्या पहुंचे आसाराम, रामलला के किए दर्शन; सुरक्षा के...