AIN NEWS 1: दिनांक 6 सितंबर 2025 को राजकीय आईटीआई सहारनपुर के प्रेक्षागृह में शैक्षणिक सत्र 2025–26 के नवप्रवेशित प्रशिक्षणार्थियों के लिए विशेष ओरिएंटेशन कार्यशाला का आयोजन किया गया।
यह कार्यक्रम केवल एक औपचारिकता नहीं, बल्कि छात्रों के जीवन और करियर की दिशा तय करने वाला अवसर था। आयोजन का उद्देश्य छात्रों को तकनीकी शिक्षा के साथ-साथ अनुशासन, जीवन मूल्यों और राष्ट्र निर्माण की भूमिका से भी परिचित कराना था।
इस कार्यशाला का आयोजन व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता अनुभाग, उत्तर प्रदेश सरकार के तत्वाधान में किया गया, जिसमें सैकड़ों नए छात्रों ने भाग लिया।
मुख्य अतिथि का संबोधन: सफलता की राह दिखाने वाला संदेश
मुख्य वक्ता के रूप में कार्यक्रम में उपस्थित हुए हिंदू जागरण मंच पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष ठाकुर सूर्यकांत सिंह।
उन्होंने अपने प्रेरक संबोधन में कहा:
सहारनपुर एक ऐतिहासिक और सांस्कृतिक जनपद है।
यहाँ की लकड़ी की नक्काशी, कृषि उत्पाद और “एक जनपद एक उत्पाद (ODOP)” योजना ने जिले को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई है।
स्वतंत्रता आंदोलन में सहारनपुर के योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता।
उन्होंने छात्रों से आह्वान किया कि वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के “विकसित भारत और विकसित उत्तर प्रदेश” के सपने को पूरा करने में अपना योगदान दें।
5T फॉर्मूला: विद्यार्थियों के लिए जीवन मंत्र
सिंह ने विशेष रूप से 5T फॉर्मूला पर प्रकाश डाला, जो छात्रों को जीवन में आगे बढ़ने का मंत्र देता है:
1. Tourism (पर्यटन): सहारनपुर समेत उत्तर प्रदेश का पर्यटन युवाओं को रोजगार और उद्यमिता के बड़े अवसर प्रदान करता है।
2. Technology (प्रौद्योगिकी): तकनीक आज की दुनिया का आधार है। आईटीआई में सीखी गई तकनीकी शिक्षा से छात्र वैश्विक प्रतिस्पर्धा में टिक सकते हैं।
3. Tradition (परंपरा): अपनी सांस्कृतिक और ऐतिहासिक धरोहरों को सहेजते हुए भी नए अवसर तलाशने की जरूरत है।
4. Talent (प्रतिभा): हर छात्र में अलग प्रतिभा होती है। उसे पहचानना और तराशना ही सफलता की कुंजी है।
5. Trade (व्यापार): कौशल और शिक्षा को व्यापार और उद्यमिता से जोड़कर आत्मनिर्भरता प्राप्त की जा सकती है।
अनुशासन, श्रम और सकारात्मक सोच
सिंह ने कहा कि अनुशासन (Discipline) और श्रम (Hard Work) किसी भी सफलता की बुनियाद हैं। उन्होंने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा—
“जीवन में अर्थ शक्ति, सृजन शक्ति और जीवन शक्ति का सही उपयोग करने वाला ही आगे बढ़ता है। जब युवा ऊर्जा सकारात्मक दिशा में लगती है तो समाज और राष्ट्र दोनों प्रगति करते हैं।”
अध्यक्षता और संचालन
कार्यक्रम की अध्यक्षता अनुशासन अधिकारी सरदार सिंह ने की।
संचालन का जिम्मा अनुदेशक शाकिल हसन ने संभाला।
दोनों ने छात्रों से कहा कि आईटीआई में प्रशिक्षण केवल तकनीकी शिक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि यह उनके व्यक्तित्व, अनुशासन और सामाजिक जिम्मेदारी को भी निखारता है।
प्रतिभाशाली छात्रों का सम्मान
कार्यक्रम में प्रतिभाशाली प्रशिक्षणार्थियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
यह कदम उनके आत्मविश्वास को बढ़ाने और बाकी छात्रों को प्रोत्साहित करने के लिए उठाया गया।
छात्रों की प्रतिक्रियाएँ
कई नए छात्रों ने अपनी प्रतिक्रियाएँ साझा कीं:
अंजलि (इलेक्ट्रॉनिक्स ट्रेड): “यह मेरा पहला दिन था, लेकिन ओरिएंटेशन ने मुझे आत्मविश्वास दिया कि मैं अपने सपनों को साकार कर सकती हूँ।”
लव कुमार (फिटर ट्रेड): “मुख्य अतिथि द्वारा बताए गए 5T मंत्र ने मुझे नई दिशा दी। अब मुझे पता है कि तकनीकी शिक्षा के साथ मैं रोजगार भी पैदा कर सकता हूँ।”
रेखा रानी (ड्राफ्ट्समैन ट्रेड): “प्रशस्ति पत्र पाकर मैं गर्व महसूस कर रही हूँ। यह मेरे लिए और मेहनत करने की प्रेरणा है।”
सहारनपुर की विशेष पहचान
ओरिएंटेशन के दौरान सहारनपुर की विशेषताओं पर भी प्रकाश डाला गया:
लकड़ी की नक्काशी – जो पूरी दुनिया में प्रसिद्ध है।
कृषि और बागवानी – यहाँ की गन्ना और आम की फसलें राष्ट्रीय स्तर पर पहचान रखती हैं।
स्वतंत्रता आंदोलन का योगदान – सहारनपुर के वीर सपूतों ने आज़ादी की लड़ाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
ये सभी बातें छात्रों के लिए गर्व और प्रेरणा का स्रोत बनीं।
भविष्य की संभावनाएँ
ओरिएंटेशन कार्यक्रम ने छात्रों को यह समझाया कि—
आईटीआई से निकलने के बाद उनके सामने रोजगार, उद्यमिता और स्टार्टअप्स जैसे बड़े अवसर हैं।
सरकार की “मेक इन इंडिया” और “स्टार्टअप इंडिया” जैसी योजनाएँ युवाओं के लिए नए दरवाजे खोल रही हैं।
अगर छात्र अनुशासन, तकनीकी शिक्षा और 5T फॉर्मूले को अपनाते हैं, तो वे न केवल अपनी जिंदगी सुधारेंगे बल्कि समाज और राष्ट्र को भी नई दिशा देंगे।
उपस्थित गणमान्य लोग
इस अवसर पर कई गणमान्य अधिकारी और अनुदेशक मौजूद रहे—
सरदार सिंह (अनुशासन अधिकारी)
शाकिल हसन (अनुदेशक)
दिलशाद अहमद (अनुदेशक)
विनोद कुमार (अनुदेशक)
सुरेंद्र सिंह (अनुदेशक)
सतीश कुमार (अनुदेशक)
संजय जायसवाल (अवर अभियंता, पर्यावरण विभाग)
साथ ही बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ भी मौजूद रहे।
कार्यक्रम का समापन
अंत में अनुदेशक गौरव चौधरी ने सभी अतिथियों, अधिकारियों और छात्रों का धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि इस तरह की कार्यशालाएँ छात्रों को न केवल जानकारी देती हैं, बल्कि उन्हें सपनों को साकार करने की प्रेरणा भी देती हैं।
The Orientation Workshop at Government ITI Saharanpur (September 6, 2025) marked the academic beginning for newly admitted students of session 2025-26. Organized under the Department of Vocational Education, Skill Development, and Entrepreneurship (U.P.), the event guided students towards discipline, skill grooming, and career opportunities. Keynote speaker Thakur Suryakant Singh, President of Hindu Jagran Manch (Western U.P.), emphasized the 5T Formula – Tourism, Technology, Tradition, Talent, and Trade – as a pathway to youth empowerment and the vision of a Developed India and Developed Uttar Pradesh by Prime Minister Narendra Modi and Chief Minister Yogi Adityanath. With student reactions, recognition of meritorious trainees, and highlights of Saharanpur’s cultural and industrial identity under “One District One Product,” the workshop became a strong foundation for skill-based education and nation-building.





















