AIN NEWS 1: भाजपा नेता और नगर पालिका में कई बार सभासद रह चुके लोकेश ढोडी का एक सड़क दुर्घटना में दुखद निधन हो गया। इस घटना ने पूरे मोदीनगर क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ा दी है। उनके परिवार ने हादसे पर गंभीर सवाल उठाते हुए इसे सामान्य दुर्घटना न मानकर संदिग्ध परिस्थितियों में हुई घटना बताया है।

हादसा कैसे हुआ?
मिली जानकारी के अनुसार, लोकेश ढोडी मंगलवार देर शाम गाजियाबाद से मोटरसाइकिल पर अपने घर लौट रहे थे। जब वे मुरादनगर के पास पहुंचे, तभी पीछे से आ रहे एक तेज़ रफ्तार ट्रक ने अचानक उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि ट्रक का पहिया उनके ऊपर से गुजर गया। घटना के बाद उन्हें तुरंत सरकारी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
परिवार ने जताई आशंका
लोकेश ढोडी के परिवार का कहना है कि वे एक सक्रिय राजनीतिक और सामाजिक कार्यकर्ता थे, जिसके कारण उनके कई विरोधी भी हो सकते थे। उनके भाई ने बताया कि यह बात नकारा नहीं जा सकती कि किसी ने उनकी गतिविधियों से परेशान होकर उन्हें निशाना बनाया हो।
परिजनों के अनुसार, यह एक साधारण हादसा नहीं लगता, बल्कि कई बिंदु संदिग्ध परिस्थितियों की ओर इशारा करते हैं।
अवैध कॉलोनी की शिकायत कर रहे थे
लोकेश ढोडी पिछले कुछ समय से एक अवैध कॉलोनी से जुड़े मामले की शिकायत जीडीए और प्रशासन से लगातार कर रहे थे। इस मामले में उन्हें कई बार धमकियां भी मिली थीं, जिसकी शिकायत उन्होंने पुलिस में दर्ज कराई थी।
यह मामला अभी जांच के अधीन है। परिवार का कहना है कि यह भी एक बड़ा कारण हो सकता है जिससे उनके जीवन को खतरा पैदा हुआ।
राजनैतिक और सामाजिक जगत में शोक
उनकी मृत्यु की खबर मिलते ही नगर पालिका चेयरमैन विनोद वैशाली, कई सभासद, समाजसेवी और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मुरादनगर अस्पताल पहुंचे।
इसके अलावा क्षेत्र के सांसद, विधायक, चेयरमैन सहित विभिन्न सामाजिक, राजनीतिक और प्रबुद्ध वर्ग के लोगों ने भी गहरा शोक व्यक्त किया है।
हर कोई इस बात से दुखी है कि समाज के लिए लगातार सक्रिय रहने वाला एक जागरूक नेता इतनी अचानक घटनाओं में दुनिया से चला गया।
जीवनभर सेवा और संघर्ष में बिताया समय
लोकेश ढोडी न केवल भाजपा के सक्रिय सदस्य थे, बल्कि समाज में भी उनकी एक अलग पहचान थी। वे कई बार नगर पालिका के सभासद रह चुके थे और आरटीआई के माध्यम से पारदर्शिता बढ़ाने, गलत प्रथाओं को उजागर करने तथा जनता की समस्याओं को उठाने के लिए हमेशा आगे रहते थे।
उनकी साफ-सुथरी छवि और बेबाक बोलने की आदत उन्हें जनता के बीच काफी लोकप्रिय बनाती थी।
जांच की मांग
परिजनों और स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए, ताकि सच्चाई सामने आ सके और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई हो सके।
लोगों का कहना है कि जब कोई व्यक्ति लगातार सामाजिक मुद्दों को उठाता है, शिकायतें करता है और कई लोगों के हित प्रभावित होते हैं, तो ऐसी परिस्थितियों में संदेह होना स्वाभाविक है।
स्थानीय जनता में आक्रोश और दुख
मोदीनगर व आसपास के क्षेत्रों में रहने वाले लोग इस घटना से व्यथित हैं। उनका कहना है कि लोकेश ढोडी हमेशा लोगों की मदद के लिए तैयार रहते थे।
उनके अचानक निधन से क्षेत्र ने एक सक्रिय और निर्भीक आवाज खो दी है। लोग यह जानना चाहते हैं कि सचमुच यह हादसा है या इसके पीछे कोई और वजह छिपी है।
अंतिम संस्कार और श्रद्धांजलि
अस्पताल से पोस्टमार्टम के बाद उनके पार्थिव शरीर को घर लाया गया, जहां सैकड़ों लोगों ने नम आँखों से उन्हें अंतिम विदाई दी।
इसके बाद क्षेत्र के प्रमुख नेताओं, अधिकारियों और सामाजिक संगठनों ने भी अलग-अलग कार्यक्रमों के माध्यम से उन्हें श्रद्धांजलि दी।
आगे की कार्रवाई क्या होगी?
पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है। ट्रक चालक और वाहन की पहचान के लिए सीसीटीवी फुटेज के साथ-साथ मौके से मिले सबूतों की जांच की जा रही है।
परिवार और स्थानीय लोगों की आशंकाओं को देखते हुए मामले को और गंभीरता से लिया जा रहा है।
BJP leader Lokesh Dhodi, a former councilor from Modinagar, tragically died in a road accident near Muradnagar, raising serious concerns among his family members who suspect foul play. Dhodi was actively involved in filing complaints about an illegal colony with the GDA and local administration, and he had reportedly received threats. The sudden death of this socially active leader has sparked demand for a fair investigation. This report provides detailed updates on the Lokesh Dhodi accident, family allegations, political reactions, and the latest developments in the case.


















