AIN NEWS 1: उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक सगाई समारोह में परोसी गई मटर पनीर की सब्जी कई लोगों की तबीयत बिगाड़ने की वजह बन गई। खुशियों के इस माहौल में अचानक उस वक्त हड़कंप मच गया, जब समारोह में शामिल लोगों की तबीयत एक-एक कर बिगड़ने लगी। देखते ही देखते उल्टी, दस्त और पेट दर्द की शिकायतें इतनी बढ़ गईं कि कई लोगों को आनन-फानन में अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।
यह पूरा मामला खानपुर थाना क्षेत्र के गांव खिदरपुर का बताया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, गांव में एक परिवार में सगाई का कार्यक्रम आयोजित किया गया था, जिसमें बड़ी संख्या में रिश्तेदार और स्थानीय लोग शामिल हुए थे। समारोह में मेहमानों के लिए विभिन्न प्रकार के व्यंजन तैयार किए गए थे, जिनमें मटर पनीर की सब्जी भी शामिल थी।
कार्यक्रम के समापन के बाद बचा हुआ खाना फेंकने के बजाय उसे संभालकर रख लिया गया। बताया जा रहा है कि समारोह में खाना बनाने वाले हलवाई ने बची हुई मटर पनीर की सब्जी को अपने एक परिचित के घर भिजवा दिया। वहां परिवार के सदस्यों ने उस सब्जी को दोबारा गर्म करके खा लिया। शुरुआत में सब कुछ सामान्य था, लेकिन खाना खाने के करीब दो घंटे बाद लोगों को बेचैनी महसूस होने लगी।
कुछ ही समय में कई लोगों को उल्टी और दस्त की शिकायत शुरू हो गई। धीरे-धीरे पेट में तेज दर्द और चक्कर आने की समस्या भी सामने आने लगी। परिवार के लोगों ने पहले तो इसे सामान्य फूड रिएक्शन समझा, लेकिन जब एक साथ कई लोगों की हालत बिगड़ने लगी तो घबराहट का माहौल बन गया।
स्थिति को गंभीर देखते हुए बीमार लोगों को तुरंत नजदीकी निजी अस्पतालों में ले जाया गया। डॉक्टरों ने प्राथमिक जांच के बाद इसे फूड प्वॉइजनिंग का मामला बताया। अस्पताल में भर्ती मरीजों में बच्चे, महिलाएं और बुजुर्ग भी शामिल हैं। बताया जा रहा है कि करीब एक दर्जन से अधिक लोग इस घटना से प्रभावित हुए हैं, जिनमें दो युवतियों की हालत ज्यादा खराब बताई गई है।
फिलहाल सभी मरीजों का इलाज जारी है और डॉक्टरों की निगरानी में उनकी स्थिति पर नजर रखी जा रही है। अस्पताल प्रशासन के अनुसार, समय रहते इलाज मिलने के कारण स्थिति नियंत्रण में है और ज्यादातर मरीजों की हालत अब स्थिर बताई जा रही है।
घटना की जानकारी मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग भी सक्रिय हो गया है। मामले की जांच के लिए स्वास्थ्य टीम को गांव भेजा गया है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि आखिर खाने में किस तरह की लापरवाही बरती गई थी। आशंका जताई जा रही है कि बचा हुआ खाना सही तरीके से स्टोर नहीं किया गया था या उसे लंबे समय तक खुले में रखा गया, जिसके कारण उसमें बैक्टीरिया पनप गए।
विशेषज्ञों का कहना है कि दूध और पनीर से बनी चीजें जल्दी खराब हो जाती हैं। अगर इन्हें सही तापमान पर सुरक्षित न रखा जाए, तो इनमें हानिकारक जीवाणु तेजी से विकसित हो सकते हैं। ऐसे में दोबारा गर्म करने के बावजूद खाना पूरी तरह सुरक्षित नहीं हो पाता।
ग्रामीण क्षेत्रों में अक्सर बड़े आयोजनों के बाद बचा हुआ भोजन दोबारा इस्तेमाल कर लिया जाता है, लेकिन कई बार यही आदत स्वास्थ्य के लिए खतरनाक साबित हो जाती है। इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या आयोजनों में खाने की गुणवत्ता और सुरक्षा को लेकर पर्याप्त सावधानी बरती जा रही है या नहीं।
स्थानीय प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि किसी भी कार्यक्रम में बचा हुआ भोजन दोबारा इस्तेमाल करने से पहले उसकी गुणवत्ता जरूर जांच लें। साथ ही, यदि खाना लंबे समय तक रखा गया हो, तो उसे इस्तेमाल करने से बचना ही बेहतर है।
यह घटना न सिर्फ खानपुर क्षेत्र बल्कि पूरे इलाके के लिए एक चेतावनी के रूप में सामने आई है। खुशियों के मौके पर जरा सी लापरवाही कई लोगों की सेहत पर भारी पड़ सकती है। फिलहाल गांव में स्थिति सामान्य है और स्वास्थ्य विभाग द्वारा मामले की जांच जारी है।
A suspected food poisoning incident was reported in Khidarpur village of Bulandshahr, Uttar Pradesh, where more than a dozen people fell ill after consuming leftover matar paneer served during an engagement ceremony. The affected individuals experienced symptoms such as vomiting, diarrhea, and stomach pain and were later hospitalized in nearby private medical facilities. Health authorities have initiated an investigation into the incident to determine food contamination causes and ensure food safety compliance in public events.


















