AIN NEWS 1: देहरादून की पहचान लंबे समय तक शांत और सुकून भरे शहर के रूप में रही है। लेकिन बीते कुछ दिनों की घटनाओं ने इस छवि पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। राजधानी के सबसे व्यस्त और पॉश इलाकों में गिने जाने वाले राजपुर रोड पर शुक्रवार को दिनदहाड़े हुई गोलीबारी ने पूरे शहर को झकझोर दिया।
जिम से बाहर निकलते ही बरसी गोलियां
शुक्रवार को राजपुर रोड स्थित सिल्वर सिटी मॉल के पास एक जिम से बाहर निकल रहे स्टोन क्रेशर कारोबारी विक्रम शर्मा को बदमाशों ने निशाना बनाया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, जैसे ही वह जिम से बाहर आए, हमलावरों ने उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। अचानक हुई इस वारदात से आसपास अफरातफरी मच गई। लोग जान बचाकर इधर-उधर भागने लगे।
घटना इतनी तेजी से हुई कि विक्रम शर्मा को संभलने तक का मौका नहीं मिला। बताया जा रहा है कि उनके पास लाइसेंसी पिस्टल भी थी, लेकिन हमलावरों की तैयारी और फायरिंग की रफ्तार ऐसी थी कि वे कोई जवाबी कार्रवाई नहीं कर सके।
शहर के बीचों-बीच वारदात
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि यह घटना शहर के बेहद व्यस्त इलाके में हुई। राजपुर रोड न केवल व्यापारिक गतिविधियों का केंद्र है, बल्कि यहां दिनभर भीड़ रहती है। इसके बावजूद अपराधियों ने बेखौफ होकर इस वारदात को अंजाम दिया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि घटना स्थल से वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) का आवास महज 250 मीटर की दूरी पर है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि पुलिस की मौजूदगी और गश्त के बावजूद अपराधी इतनी आसानी से कैसे फरार हो गए।
तीन दिन में दूसरा बड़ा मर्डर
यह घटना इसलिए भी चिंता बढ़ा रही है क्योंकि यह तीन दिनों के भीतर हुई दूसरी बड़ी हत्या है। इससे पहले तिब्बत मार्केट क्षेत्र में भी एक व्यक्ति की हत्या कर दी गई थी। वह स्थान पुलिस मुख्यालय से लगभग 500 मीटर की दूरी पर है।
दोनों घटनाएं शहर के उन इलाकों में हुईं जिन्हें हाई सिक्योरिटी जोन माना जाता है। लगातार हो रही वारदातों ने आम लोगों के मन में असुरक्षा की भावना पैदा कर दी है।
कौन थे विक्रम शर्मा?
मृतक विक्रम शर्मा सहस्रधारा रोड स्थित ग्रीन व्यू क्षेत्र के निवासी थे। उनका काशीपुर में स्टोन क्रेशर का कारोबार था। स्थानीय व्यापारिक जगत में उनकी पहचान एक सक्रिय और मिलनसार व्यक्ति के रूप में थी।
परिजनों के मुताबिक, वे रोज की तरह जिम गए थे। किसी को अंदाजा भी नहीं था कि यह उनका आखिरी दिन साबित होगा। परिवार का कहना है कि उन्हें किसी खास दुश्मनी की जानकारी नहीं थी, लेकिन पुलिस सभी संभावित एंगल पर जांच कर रही है।
पुलिस पर उठ रहे सवाल
लगातार हो रही हत्याओं के बाद पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। शहर के बीचों-बीच, पुलिस अधिकारियों के आवास और मुख्यालय के बेहद करीब हुई इन घटनाओं ने सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है।
लोग पूछ रहे हैं कि अगर राजधानी के सबसे सुरक्षित माने जाने वाले इलाकों में इस तरह अपराध हो सकते हैं, तो बाकी क्षेत्रों की स्थिति क्या होगी? क्या अपराधियों में कानून का डर खत्म हो चुका है?
जांच के एंगल
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि हमलावर पहले से घात लगाकर बैठे थे और उन्हें कारोबारी की दिनचर्या की जानकारी थी।
संभावना जताई जा रही है कि यह हत्या रंजिश या कारोबारी विवाद से जुड़ी हो सकती है। हालांकि पुलिस ने अभी किसी ठोस कारण की पुष्टि नहीं की है।
व्यापारियों में डर का माहौल
घटना के बाद शहर के व्यापारियों में भी दहशत का माहौल है। कई व्यापारिक संगठनों ने पुलिस से सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि इसी तरह खुलेआम हत्याएं होती रहीं, तो शहर का व्यापारिक माहौल प्रभावित होगा।
राजधानी की छवि पर असर
देहरादून को उत्तराखंड की शांत राजधानी के रूप में जाना जाता रहा है। लेकिन लगातार बढ़ते अपराधों ने इस छवि को धक्का पहुंचाया है। सोशल मीडिया पर भी लोग कानून-व्यवस्था को लेकर नाराजगी जाहिर कर रहे हैं।
लोगों का कहना है कि अपराधियों के हौसले बुलंद होते जा रहे हैं और पुलिस की सक्रियता पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
आगे क्या?
अब सबकी नजर पुलिस जांच पर टिकी है। क्या इस हत्याकांड का खुलासा जल्द होगा? क्या अपराधियों को सख्त सजा मिलेगी? या यह मामला भी अन्य मामलों की तरह लंबा खिंच जाएगा?
फिलहाल इतना तय है कि तीन दिन में दो बड़ी हत्याओं ने देहरादून की सुरक्षा व्यवस्था को कठघरे में खड़ा कर दिया है। शहर के लोग जवाब चाहते हैं — और वह भी जल्द।
A shocking Dehradun crime incident has raised serious concerns over law and order in Uttarakhand after a stone crusher businessman was shot dead outside a gym near Silver City Mall on Rajpur Road. The murder, which took place just 250 meters from the SSP residence, marks the second major killing in Dehradun within three days, following another homicide near Tibet Market close to the police headquarters. The Rajpur Road shooting has intensified public debate over Dehradun crime rate, police security, and safety in the state capital.


















