AIN NEWS 1 | पाकिस्तान की हालिया सैन्य चुनौतियों और ऑपरेशन सिंदूर में मिली हार के बावजूद पाकिस्तान की राजनीति में बदलाव देखने को नहीं मिल रहा है। स्वतंत्रता दिवस 2025 के मौके पर पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने अपने भाषण में देश को जीत का झूठा संदेश देने की कोशिश की और भारत के खिलाफ कई आरोप लगाए।
शहबाज का स्वतंत्रता दिवस संदेश
14 अगस्त 2025 को पाकिस्तान के स्वतंत्रता दिवस के जश्न में शहबाज शरीफ ने ट्विटर (X) पर देशवासियों को बधाई दी और अपने भाषण में पाकिस्तान की 78वीं आजादी का जश्न मनाया। उन्होंने लिखा, ”मैं पाकिस्तान की आजादी के 78 वर्ष पूरे होने पर राष्ट्र को हार्दिक शुभकामनाएं देता हूं।”
उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम के नेताओं की भी याद दिलाई। शहबाज ने मोहम्मद अली जिन्ना और अल्लामा मोहम्मद इकबाल को श्रद्धांजलि दी और कहा कि उनके प्रयासों ने पाकिस्तान को एकजुट किया और एक स्वतंत्र राष्ट्र का निर्माण किया। उन्होंने इसे एक असंभव से प्रतीत होने वाले सपने की सफलता बताया।
भारत के खिलाफ लगाए आरोप
अपने भाषण में शहबाज ने भारत पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान हुई जंग के लिए पूरी जिम्मेदारी भारत की है। उन्होंने दावा किया कि पाकिस्तान ने चार दिन के संघर्ष में ऐतिहासिक जीत हासिल की। शहबाज ने यह भी कहा कि यह जीत पाकिस्तान की आजादी की पवित्रता को मजबूत करती है और लोगों में देशभक्ति की भावना को बढ़ाती है।
हालांकि, यह दावा पाकिस्तान की वास्तविक सैन्य स्थिति और ऑपरेशन सिंदूर में मिली हार के विपरीत है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के झूठे दावे राजनीतिक लाभ के लिए किए जा रहे हैं और उनका उद्देश्य जनता में उत्साह और गर्व का भाव पैदा करना है।
राजनीतिक और कूटनीतिक प्रभाव
शहबाज के भाषण ने न केवल भारत-पाकिस्तान संबंधों पर असर डाला, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी चर्चा का विषय बना। भारत ने इस तरह के दावों को सिरे से खारिज किया और कहा कि वास्तविकता के विपरीत प्रचार किसी भी प्रकार की कूटनीतिक सच्चाई को नहीं बदल सकता।
विशेषज्ञों के अनुसार, पाकिस्तान के नेता अपनी आंतरिक राजनीतिक स्थिति को मजबूत करने के लिए अक्सर बाहरी खतरों और संघर्षों को बढ़ा-चढ़ाकर पेश करते हैं। इस स्वतंत्रता दिवस भाषण का उद्देश्य भी यही प्रतीत होता है।
सोशल मीडिया और जनता की प्रतिक्रिया
शहबाज ने अपने X पोस्ट में राष्ट्रपिता और स्वतंत्रता संग्राम के नेताओं को याद किया, जिससे एक सकारात्मक छवि देने की कोशिश की गई। हालांकि, भारत और अंतरराष्ट्रीय मीडिया ने इस भाषण की आलोचना की और इसे झूठे प्रचार के रूप में बताया। सोशल मीडिया पर लोग इसे पाकिस्तान की वास्तविक सैन्य कमजोरियों को छिपाने के प्रयास के रूप में देख रहे हैं।
स्वतंत्रता दिवस 2025 पर पाकिस्तान के प्रधानमंत्री का यह भाषण राजनीतिक और कूटनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण था। शहबाज ने देशवासियों में गर्व और उत्साह भरने की कोशिश की, लेकिन भारत के खिलाफ लगाए गए झूठे दावे और ‘चार दिन की जंग’ का दावा वास्तविकता के विपरीत है। विशेषज्ञ मानते हैं कि यह भाषण पाकिस्तान के आंतरिक राजनीतिक माहौल को मजबूत करने और जनता में एकता और देशभक्ति की भावना बनाए रखने का प्रयास था।
On Independence Day 2025, Pakistan Prime Minister Shehbaz Sharif delivered a speech claiming a historic ‘4-day battle’ victory against India, despite Pakistan’s setbacks in Operation Sindoor. He shared his message on X (Twitter) and praised national leaders like Muhammad Ali Jinnah and Allama Iqbal. Experts and international media have criticized these claims as false propaganda, noting that such statements aim to boost domestic morale while misrepresenting the actual India-Pakistan conflict situation.



















