नमस्कार,
कल की बड़ी खबर नितिन नबीन के भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने की रही। वहीं, दूसरी बड़ी खबर प्रयागराज में शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद और प्रशासन के बीच जारी विवाद को लेकर है।
आज के प्रमुख इवेंट्स:
- राहुल गांधी हरियाणा दौरे पर रहेंगे। कुरुक्षेत्र में कार्यकर्ताओं से बातचीत करेंगे।
- अरावली रेंज मामले पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी।
कल की बड़ी खबरें:
प्रशासन ने शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद से मांगा पद का प्रमाण, बोले– राष्ट्रपति भी तय नहीं कर सकते शंकराचार्य
प्रयागराज के माघ मेले में ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद से जुड़ा मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। मौनी अमावस्या के दिन उनकी पालकी रोके जाने और शिष्यों के साथ पुलिस द्वारा कथित मारपीट के बाद स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद गहरे नाराज हैं और पिछले तीन दिनों से धरने पर बैठे हुए हैं।
माघ मेला प्रशासन की ओर से उन्हें नोटिस भेजा गया है, जिसमें शंकराचार्य होने का प्रमाण मांगा गया है। प्रशासन का कहना है कि ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य पद को लेकर मामला सुप्रीम कोर्ट में लंबित है। कोर्ट ने वर्ष 2022 में आदेश दिया था कि अंतिम निर्णय आने तक किसी भी व्यक्ति को आधिकारिक रूप से शंकराचार्य घोषित नहीं किया जा सकता।
इसी आधार पर प्रशासन ने सवाल उठाया कि जब मामला न्यायालय में विचाराधीन है, तो स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद स्वयं को शंकराचार्य कैसे बता सकते हैं।
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने स्पष्ट कहा कि शंकराचार्य कौन होगा, यह निर्णय केवल शंकराचार्य परंपरा के अंतर्गत ही हो सकता है। उन्होंने कहा कि इस विषय में न तो सरकार और न ही राष्ट्रपति को कोई अधिकार है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सरकार ने महाकुंभ के दौरान प्रकाशित एक पत्रिका में स्वयं उन्हें शंकराचार्य के रूप में प्रस्तुत किया था।
मुख्य बातें:
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माघ मेले में पालकी रोके जाने और शिष्यों से मारपीट के बाद तीन दिन से धरने पर बैठे हैं स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद
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मेला प्रशासन ने सुप्रीम कोर्ट के 2022 के आदेश का हवाला देकर शंकराचार्य होने का प्रमाण मांगा
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अविमुक्तेश्वरानंद का बयान– शंकराचार्य की नियुक्ति सरकार या राष्ट्रपति नहीं, परंपरा तय करती है
नितिन नबीन बने भाजपा के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष, बोले मोदी– अब वे मेरे बॉस हैं
भारतीय जनता पार्टी ने नितिन नबीन को अपना नया राष्ट्रीय अध्यक्ष नियुक्त किया है। पार्टी ने इस घोषणा को “संगठन पर्व” का नाम दिया है। 45 वर्षीय नितिन नबीन भाजपा के अब तक के सबसे युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष बने हैं।
अध्यक्ष चुने जाने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं उन्हें पार्टी अध्यक्ष कार्यालय लेकर पहुंचे। उन्होंने नितिन नबीन का हाथ पकड़कर उन्हें अध्यक्ष की कुर्सी पर बैठाया। इस मौके पर पीएम मोदी ने कहा कि वह स्वयं एक कार्यकर्ता हैं और अब नितिन नबीन उनके बॉस हैं। पीएम के इस बयान को संगठनात्मक सम्मान और पार्टी अनुशासन का प्रतीक माना जा रहा है।
अपने पहले संबोधन में नितिन नबीन ने इसे एक साधारण कार्यकर्ता की असाधारण यात्रा बताया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में उनका निर्वाचन कार्यकर्ताओं की मेहनत और पार्टी के विश्वास का परिणाम है।
नितिन नबीन ने आगे कहा कि भाजपा का लक्ष्य केवल मजबूत राज्यों तक सीमित नहीं है, बल्कि उन राज्यों में भी संगठन को सशक्त करना है जहां पार्टी अब तक अपेक्षाकृत कमजोर रही है। उन्होंने विशेष रूप से तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और केरल का उल्लेख किया।
मुख्य बातें:
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45 वर्षीय नितिन नबीन बने भाजपा के 12वें और सबसे युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष
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पीएम मोदी ने अध्यक्ष कार्यालय में ले जाकर कुर्सी पर बैठाया, कहा– अब वे मेरे बॉस हैं
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नए अध्यक्ष का फोकस बंगाल, तमिलनाडु और केरल जैसे राज्यों पर रहेगा
सहारनपुर में दिल दहला देने वाली वारदात, सरकारी अमीन ने परिवार के 4 लोगों की हत्या के बाद खुद को गोली मारी
उत्तर प्रदेश के सहारनपुर से एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां एक सरकारी अमीन ने अपने ही परिवार के चार लोगों की गोली मारकर हत्या कर दी और इसके बाद खुद भी आत्महत्या कर ली।
मृतकों में उसकी पत्नी, दो बेटे और मां शामिल हैं। आरोपी ने चारों के माथे पर गोली मारी। इसके बाद उसने खुद को पहले सीने में और फिर माथे में गोली मार ली। घटना के बाद घर के भीतर खौफनाक मंजर देखने को मिला।
जानकारी के अनुसार, पति-पत्नी के शव चारपाई पर पड़े मिले, जबकि मां और दोनों बच्चों के शव बेड पर पाए गए। आरोपी के शव के पास तीन देसी तमंचे (कंट्री मेड पिस्टल) बरामद किए गए हैं।
पुलिस के मुताबिक, वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी ने अपनी बहन को व्हाट्सऐप पर एक ऑडियो मैसेज भेजा। इसमें उसने स्वीकार किया कि उसने मां, पत्नी और दोनों बेटों की हत्या कर दी है और अब वह खुद भी आत्महत्या करने जा रहा है।
घटना का खुलासा उस समय हुआ जब बहनोई ने कई बार फोन किया, लेकिन कॉल रिसीव नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने अपने बेटे को घर भेजा। जब दरवाजा खटखटाने पर भी कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली तो खिड़की से झांकने पर अंदर सभी को मृत अवस्था में देखा गया। इसके बाद तुरंत पुलिस को सूचना दी गई।
फिलहाल पुलिस मौके पर पहुंचकर जांच कर रही है। हत्या के कारणों का अभी स्पष्ट खुलासा नहीं हो सका है, लेकिन पारिवारिक तनाव और मानसिक दबाव की आशंका जताई जा रही है।
आवारा कुत्तों पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, कहा– हमारी टिप्पणियां मजाक नहीं, हादसों में डॉग फीडर्स भी हो सकते हैं जिम्मेदार
आवारा कुत्तों के हमलों को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। अदालत ने साफ कहा है कि यदि किसी व्यक्ति पर आवारा कुत्तों के हमले से चोट लगती है या उसकी मौत होती है, तो ऐसे मामलों में कुत्तों को खाना खिलाने वालों की जिम्मेदारी भी तय की जा सकती है।
सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि इस मुद्दे पर की गई उसकी पिछली टिप्पणियों को हल्के में न लिया जाए। अदालत ने कहा कि वह इस विषय को पूरी गंभीरता से देख रही है और जिम्मेदारी तय करने से पीछे नहीं हटेगी।
कोर्ट ने यह भी टिप्पणी की कि पिछले पांच वर्षों से आवारा कुत्तों से जुड़े नियमों और दिशा-निर्देशों का सही तरीके से पालन नहीं किया गया। इसी लापरवाही का खामियाजा आम नागरिकों को जान और सुरक्षा के रूप में भुगतना पड़ा है।
सुप्रीम कोर्ट ने संकेत दिए कि यदि नियमों का पालन नहीं हुआ और लापरवाही सामने आई, तो संबंधित एजेंसियों के साथ-साथ डॉग फीडर्स की भूमिका की भी जांच की जा सकती है।
मुख्य बातें:
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सुप्रीम कोर्ट ने कहा, आवारा कुत्तों के हमलों में डॉग फीडर्स की जिम्मेदारी भी तय हो सकती है
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अदालत बोली– हमारी टिप्पणियों को मजाक न समझा जाए, मामला गंभीर है
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पिछले 5 सालों में नियमों के पालन में लापरवाही से आम लोगों को भारी नुकसान हुआ
सेंसेक्स 1066 अंक टूटकर 82,180 पर बंद, ट्रम्प की ग्रीनलैंड पर कब्जे की जिद से बाजार में घबराहट
शेयर बाजार में मंगलवार को भारी गिरावट देखने को मिली। सेंसेक्स 1066 अंकों की कमजोरी के साथ 82,180 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं निफ्टी भी 353 अंक यानी 1.38 प्रतिशत गिरकर 25,233 पर आ गया।
कारोबार के दौरान पूरे दिन बाजार दबाव में रहा। सुबह सेंसेक्स 83,207 पर खुला था, लेकिन जैसे-जैसे दिन आगे बढ़ा, बिकवाली तेज होती गई और अंत में बाजार बड़ी गिरावट के साथ बंद हुआ।
मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक, इस गिरावट की बड़ी वजह अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा ग्रीनलैंड पर कब्जे को लेकर दिए गए बयान माने जा रहे हैं। इससे वैश्विक स्तर पर भू-राजनीतिक तनाव बढ़ने की आशंका है, जिसका असर भारतीय शेयर बाजार पर भी पड़ा।
इस बीच कमोडिटी बाजार में तेजी देखने को मिली। चांदी की कीमतों में जबरदस्त उछाल आया है, जबकि सोना भी मजबूत हुआ है।
चांदी 15,370 रुपये बढ़कर 3,09,345 रुपये प्रति किलो पहुंच गई। बीते 20 दिनों में चांदी करीब 78,925 रुपये महंगी हो चुकी है। वहीं सोना 3,463 रुपये की तेजी के साथ 1,47,409 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया।
मुख्य बातें:
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सेंसेक्स 1066 अंक गिरकर 82,180 और निफ्टी 353 अंक टूटकर 25,233 पर बंद
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ट्रम्प के ग्रीनलैंड संबंधी बयान से वैश्विक बाजारों में बढ़ी चिंता
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चांदी ₹15,370 उछलकर ₹3.09 लाख प्रति किलो, सोना भी ₹3,463 महंगा
फ्रांसीसी शराब पर 200% टैरिफ की ट्रम्प की धमकी, मैक्रों का निजी मैसेज लीक कर बढ़ा तनाव
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रों के बीच तनाव खुलकर सामने आ गया है। ट्रम्प ने फ्रांस की वाइन और शैम्पेन पर 200 प्रतिशत टैरिफ लगाने की धमकी दी है। यह नाराजगी फ्रांस द्वारा गाजा पीस बोर्ड (NCAG) में शामिल होने से इनकार करने के बाद सामने आई है।
ट्रम्प ने इस मुद्दे पर फ्रांसीसी राष्ट्रपति मैक्रों का एक निजी मैसेज भी सार्वजनिक कर दिया। इस लीक मैसेज में मैक्रों ने ट्रम्प की ग्रीनलैंड नीति पर सवाल उठाए थे। इसके बाद दोनों देशों के बीच राजनीतिक बयानबाजी और तेज हो गई।
ट्रम्प ने मैक्रों पर टिप्पणी करते हुए कहा कि उनकी कुर्सी ज्यादा समय तक सुरक्षित नहीं रहने वाली है। वहीं, मैक्रों ने पलटवार करते हुए कहा कि फ्रांस धमकियों की नहीं, बल्कि सम्मान की भाषा समझता है।
इस बीच ट्रम्प ने ग्रीनलैंड मुद्दे को लेकर नाटो प्रमुख मार्क रूट से फोन पर बातचीत की है। बातचीत के दौरान उन्होंने ग्रीनलैंड के भविष्य पर चर्चा के लिए स्विट्जरलैंड में बैठक बुलाने का फैसला लिया। हालांकि, अभी तक इस बैठक की तारीख तय नहीं की गई है।
गौरतलब है कि ट्रम्प ग्रीनलैंड पर अमेरिका के प्रभाव या नियंत्रण को लेकर लगातार बयान देते रहे हैं, जिससे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विवाद और गहराता जा रहा है।
मुख्य बातें:
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ट्रम्प ने फ्रांसीसी वाइन और शैम्पेन पर 200% टैरिफ लगाने की धमकी दी
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मैक्रों का निजी मैसेज लीक होने से अमेरिका–फ्रांस संबंधों में बढ़ा तनाव
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ग्रीनलैंड के भविष्य पर स्विट्जरलैंड में बैठक बुलाने का ट्रम्प का ऐलान























