AIN NEWS 1: मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर सोमवार को एक बड़ा विमान हादसा होते-होते टल गया। एयरपोर्ट के एप्रन क्षेत्र में खड़े दो यात्री विमानों—एयर इंडिया और इंडिगो—के विंग आपस में टकरा गए। राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी भी यात्री या क्रू मेंबर को कोई चोट नहीं आई और सभी सुरक्षित हैं।
घटना उस समय हुई जब एयर इंडिया का एक विमान मुंबई से कोयंबटूर के लिए उड़ान भरने की तैयारी कर रहा था। उसी दौरान पास में खड़े इंडिगो के विमान के विंग से एयर इंडिया विमान का विंग टकरा गया। दोनों विमानों में यात्री सवार थे, जिससे कुछ देर के लिए एयरपोर्ट पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
कैसे हुई घटना?
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह घटना एयरपोर्ट के पार्किंग बे या टैक्सीवे क्षेत्र में हुई, जहां विमानों को टेकऑफ से पहले या लैंडिंग के बाद खड़ा किया जाता है। बताया जा रहा है कि ग्राउंड मूवमेंट के दौरान दोनों विमानों के बीच सुरक्षित दूरी का सही आकलन नहीं हो पाया, जिसके चलते उनके विंग आपस में टकरा गए।
हालांकि, अभी तक एयरपोर्ट अथॉरिटी या संबंधित एयरलाइंस की ओर से यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि घटना मानवीय चूक की वजह से हुई या तकनीकी कारण जिम्मेदार थे। मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
यात्रियों में मची हलचल
घटना के तुरंत बाद दोनों विमानों के अंदर बैठे यात्रियों में घबराहट देखी गई। कई यात्रियों ने बताया कि उन्हें अचानक झटका महसूस हुआ, जिसके बाद विमान कुछ देर के लिए वहीं रोक दिया गया। क्रू मेंबर्स ने यात्रियों को शांत रहने की अपील की और स्थिति को नियंत्रण में रखा।
एयरलाइंस की ओर से यात्रियों को पूरी जानकारी दी गई और सुरक्षा जांच के बाद उन्हें वैकल्पिक उड़ानों या बाद की फ्लाइट्स से उनके गंतव्य तक भेजने की व्यवस्था की गई।
एयरपोर्ट सूत्रों के अनुसार, घटना के बाद तुरंत दोनों विमानों को ऑपरेशन से हटा दिया गया और उनकी तकनीकी जांच शुरू की गई। यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि विंग को किसी तरह की संरचनात्मक क्षति तो नहीं पहुंची है।
एयर इंडिया और इंडिगो—दोनों एयरलाइंस ने कहा है कि यात्रियों की सुरक्षा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी तरह का जोखिम नहीं लिया जाएगा। आवश्यक जांच और औपचारिकताओं के बाद ही विमानों को दोबारा उड़ान के लिए अनुमति दी जाएगी।
DGCA और AAIB कर सकते हैं जांच
इस तरह की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) और एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) भी मामले की जांच कर सकते हैं। जांच में यह देखा जाएगा कि ग्राउंड हैंडलिंग, एयर ट्रैफिक कंट्रोल या पायलट कम्युनिकेशन में कहीं कोई चूक तो नहीं हुई।
विशेषज्ञों का कहना है कि बड़े और व्यस्त एयरपोर्ट्स पर इस तरह की घटनाएं दुर्लभ जरूर हैं, लेकिन पूरी तरह असंभव नहीं। इसलिए सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन बेहद जरूरी है।
मुंबई एयरपोर्ट पर बढ़ता ट्रैफिक
मुंबई एयरपोर्ट देश के सबसे व्यस्त हवाई अड्डों में से एक है। हर दिन सैकड़ों घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का संचालन यहां से होता है। सीमित रनवे और अधिक ट्रैफिक के कारण एयरपोर्ट पर संचालन बेहद सतर्कता से किया जाता है।
पिछले कुछ वर्षों में यात्रियों की संख्या में लगातार इजाफा हुआ है, जिससे एयरपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर और ग्राउंड ऑपरेशंस पर दबाव बढ़ा है। ऐसे में छोटी सी चूक भी बड़ी घटना का कारण बन सकती है।
बड़ा हादसा टलने पर राहत
इस घटना के बाद सबसे बड़ी राहत की बात यही रही कि कोई जानमाल का नुकसान नहीं हुआ। यदि यह टक्कर टेकऑफ या रनवे के पास होती, तो हालात कहीं ज्यादा गंभीर हो सकते थे।
यात्रियों और उनके परिजनों ने राहत की सांस ली है, वहीं एयरपोर्ट प्रशासन ने भी सुरक्षा प्रक्रियाओं की दोबारा समीक्षा करने की बात कही है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
आगे क्या?
फिलहाल दोनों विमानों को ग्राउंडेड रखा गया है और उनकी तकनीकी जांच जारी है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह तय होगा कि गलती कहां हुई और जिम्मेदारी किसकी बनती है।
यह घटना एक बार फिर इस बात की याद दिलाती है कि हवाई यात्रा जितनी सुरक्षित मानी जाती है, उतनी ही सतर्कता और अनुशासन की भी जरूरत होती है—खासतौर पर जमीन पर विमान संचालन के दौरान।
A major aviation incident was narrowly avoided at Mumbai’s Chhatrapati Shivaji Maharaj International Airport when the wings of an Air India aircraft bound for Coimbatore collided with an IndiGo aircraft during ground movement. Both planes were carrying passengers at the time of the incident, but no injuries were reported. The Mumbai airport incident involving Air India and IndiGo has raised concerns over aircraft ground handling safety, and authorities have initiated a detailed investigation into the aircraft wing collision.


















