Powered by : PIDIT KO NYAY ( RNI - UPBIL/25/A1914)

spot_imgspot_img

नोएडा पुनर्विकास नीति: शहर की पुरानी सोसाइटियों को मिलेगा नया जीवन!

spot_img

Date:

Noida Redevelopment Policy: Old Housing Societies to be Demolished, Bigger Flats to be Built

नोएडा में जर्जर सोसाइटियों का पुनर्विकास, नए और बड़े फ्लैट्स बनेंगे

AIN NEWS 1: नोएडा विकास प्राधिकरण शहर की पुरानी और जर्जर हो चुकी आवासीय सोसाइटियों को फिर से बसाने की दिशा में एक बड़ी योजना लेकर आ रहा है। इस योजना के तहत, इन पुरानी इमारतों को तोड़कर उनकी जगह पर नए और बड़े फ्लैट बनाए जाएंगे। यह पहल शहर की आवासीय संरचना को सुरक्षित और आधुनिक बनाने के लिए की जा रही है।

1. क्या है पुनर्विकास नीति?

नोएडा प्राधिकरण एक नई Redevelopment Policy बना रहा है, जिसके तहत पुराने और खस्ताहाल हो चुके अपार्टमेंट्स और सोसाइटियों को गिराकर फिर से बनाया जाएगा। इससे लोगों को न केवल बेहतर सुविधाएं मिलेंगी बल्कि बड़ी जगह वाले नए फ्लैट्स भी मिलेंगे।

2. किन सोसाइटियों पर लागू होगी यह नीति?

यह नीति दो प्रकार की सोसाइटियों पर लागू होगी:

नोएडा अथॉरिटी द्वारा बनाई गई सोसाइटियां

प्राइवेट बिल्डर्स द्वारा विकसित की गई सोसाइटियां

इससे यह स्पष्ट होता है कि योजना किसी एक श्रेणी तक सीमित नहीं है बल्कि सभी पुरानी सोसाइटियों को शामिल किया जाएगा।

 3. शहर में जर्जर हो चुकी सोसाइटियों की स्थिति

नोएडा में वर्तमान में लगभग 100 हाई-राइज़ और 500 लो-राइज़ सोसाइटियां हैं। इनमें से कई सोसाइटियां 15 से 20 साल पुरानी हो चुकी हैं। ये सोसाइटियां अब इस कदर जर्जर हो गई हैं कि वहां रहना भी मुश्किल होता जा रहा है।

विशेष रूप से सेक्टर 122, 34, 37, 27, 61, और 62 की सोसाइटियों में स्थिति बेहद खराब है। कुछ बिल्डिंग्स में दरारें, सीलन, और कमजोर ढांचा इतना खतरनाक हो चुका है कि कभी भी हादसा हो सकता है।

4. मरम्मत की नहीं, अब पुनर्निर्माण की जरूरत

प्राइवेट डेवलपर्स की सोसाइटियों में रहने वाले लोग लंबे समय से स्ट्रक्चरल ऑडिट की मांग कर रहे हैं। कई सोसाइटियों में छोटी-मोटी मरम्मत से बात नहीं बनेगी, इसलिए अब उन्हें पुनर्निर्माण की जरूरत है।

5. निवासियों की सहमति जरूरी

इस योजना का सबसे महत्वपूर्ण पहलू यह है कि सोसाइटी के 70% निवासियों की सहमति के बाद ही पुनर्विकास का कार्य शुरू किया जाएगा। इससे यह सुनिश्चित होगा कि परियोजना जनभावनाओं के अनुरूप हो और जबरन कोई फैसला न लिया जाए।

 6. कैसे होगा निर्माण कार्य?

जब सोसाइटी के 70% निवासी सहमत होंगे, तो नोएडा अथॉरिटी उस सोसाइटी के पुनर्निर्माण की प्रक्रिया शुरू कराएगी। इसमें बिल्डर या डेवलपर की भूमिका हो सकती है।

बिल्डर पुरानी बिल्डिंग को गिराएंगे और नई बिल्डिंग बनाएंगे। इन नई बिल्डिंग्स में फ्लैट्स न सिर्फ सुरक्षित होंगे, बल्कि पहले से बड़े और आधुनिक सुविधाओं से युक्त होंगे।

7. बिल्डर को क्या लाभ मिलेगा?

जो बिल्डर इस पुनर्विकास कार्य में भाग लेंगे, उन्हें Floor Area Ratio (FAR) के तहत अतिरिक्त फ्लोर स्पेस का लाभ मिल सकता है। इससे उन्हें आर्थिक रूप से प्रोत्साहन मिलेगा और प्रोजेक्ट उनके लिए भी फायदेमंद होगा।

8. क्या मिलेगा निवासियों को?

सभी पुराने निवासियों को नई बिल्डिंग में फ्लैट आवंटित किए जाएंगे।

फ्लैट्स का साइज पहले से बड़ा होगा।

कुछ मामलों में निवासी चाहें तो अतिरिक्त कीमत देकर और बड़ा फ्लैट भी ले सकते हैं, हालांकि इसकी शर्तें और लागत अभी स्पष्ट नहीं की गई हैं।

 9. योजना को मंजूरी कब मिलेगी?

नोएडा प्राधिकरण की इस प्रस्तावित नीति को बोर्ड मीटिंग में प्रस्तुत किया जाएगा, जहां से इसे अंतिम मंजूरी मिलनी बाकी है। मंजूरी के बाद ही इसकी विस्तृत कार्ययोजना जारी की जाएगी।

10. पानी संकट की हल्की झलक

इस योजना से इतर, खबर में यह भी बताया गया कि नोएडा के 10 सेक्टर्स में फिलहाल पानी का संकट है, क्योंकि गंगा जल आपूर्ति बाधित है। हालांकि इस पर ज्यादा विवरण नहीं दिया गया है, लेकिन यह भी एक महत्वपूर्ण शहरी मुद्दा है जो नोएडा की मौजूदा चुनौतियों को उजागर करता है।

नोएडा की पुनर्विकास नीति एक दूरगामी सोच के तहत बनाई जा रही है, जो न सिर्फ जर्जर हो चुके ढांचों को नष्ट कर उनके स्थान पर नई इमारतें लाएगी, बल्कि निवासियों को आधुनिक, सुरक्षित और आरामदायक जीवन देने का भी वादा करती है।

यदि योजना सही तरीके से लागू होती है, तो यह नोएडा को एक स्मार्ट और सुरक्षित आवासीय शहर के रूप में आगे बढ़ने में मदद करेगी।

अगर आप नोएडा की किसी पुरानी सोसाइटी में रहते हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद महत्वपूर्ण है। आगे चलकर आप अपनी सोसाइटी की सुरक्षा और भविष्य के लिए इस योजना का हिस्सा बन सकते हैं।

Noida Redevelopment Policy is a major urban renewal initiative aimed at transforming aging and unsafe housing societies in sectors like 34, 37, 61, 62, and 122 into modern residential complexes with bigger and better flats. This Noida Authority project involves both government and private builder societies, with a focus on structural audits, resident consent, and new construction incentives like Floor Area Ratio (FAR). Residents of dilapidated societies in Noida can expect improved infrastructure and safer living spaces once the new policy is implemented.

spot_img
spot_imgspot_img

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

spot_imgspot_img

Share post:

New Delhi
mist
17.1 ° C
17.1 °
17.1 °
77 %
1kmh
20 %
Tue
18 °
Wed
27 °
Thu
26 °
Fri
27 °
Sat
28 °
Video thumbnail
सदन में Sonia Gandhi के सामने टोका-टाकी कर रहे थे Digvijay, भड़के Amit Shah ने लताड़ भीषण लगा दी!
08:58
Video thumbnail
Hindu Sammelan RSS : हिंदू सम्मेलन में ‘लव जिहाद’ पर सीधा वार, Ghaziabad बना केसरिया सागर
24:42
Video thumbnail
'तेजस्वी यादव नशे की हालत में सदन पहुंचे' BJP ने आरोप लगाया
02:02
Video thumbnail
Yogi के एक-एक आंसू के लिए सदन में भीषण दहाड़े Modi, सन्न रह गए Amit Shah ! Modi Speech | Rajya Sabha
09:31
Video thumbnail
₹21,000 will be given on the birth of the fourth child, and ₹31,000 on the birth of the fifth child
02:42
Video thumbnail
Godaan Movie : फिल्म ‘गोदान’ पर बवाल: नन्द किशोर गुर्जर का तीखा बयान वायरल
19:22
Video thumbnail
Sagarpur Police Station Viral Video : SHO की बदतमीजी, “तेरा वकील भी पिटेगा...” दी धमकी | Sagarpur
14:06
Video thumbnail
"तेरा वकील भी पिटेगा!"सागरपुर पुलिस की गुंडागर्दी | SHO Raj Kumar Exposed !! Delhi
03:00
Video thumbnail
गाजियाबाद में बार्डर-2 का विशेष शो | पत्रकारों और पूर्व सैनिकों के साथ भव्य आयोजन
21:19
Video thumbnail
Akhilesh Yadav on Mamta Banerjee, US Trade Deal
00:55

Subscribe

spot_img
spot_imgspot_img

Popular

spot_img

More like this
Related