Retired Army Soldier Consumes Poison at CM Yogi’s Janta Darbar, Accuses BJP MLA Nand Kishor Gurjar of Harassment

AIN NEWS 1: लखनऊ में गुरुवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनता दरबार में अचानक हड़कंप मच गया। वजह थी – 65 वर्षीय रिटायर्ड फौजी सतबीर गुर्जर का वहां पहुंचना और सबके सामने यह कहना कि उन्होंने जहर खा लिया है।
उनकी यह बात सुनते ही दरबार में अफरा-तफरी मच गई। सुरक्षा कर्मियों ने तुरंत उन्हें वहां से उठाकर लखनऊ सिविल अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों के मुताबिक उनकी हालत अभी गंभीर लेकिन स्थिर है।
रिटायर्ड फौजी और उनकी पीड़ा
सतबीर गुर्जर, जो खुद को कारगिल युद्ध का योद्धा बताते हैं, गाजियाबाद के लोनी क्षेत्र के रहने वाले हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि स्थानीय विधायक नंद किशोर गुर्जर उनसे और क्षेत्र के अन्य लोगों से जबरन “नंदू टैक्स” के नाम पर वसूली कर रहे हैं।
सतबीर का कहना है कि इस लगातार दबाव और उत्पीड़न के कारण वह मानसिक तनाव में जी रहे थे। न्याय पाने के लिए उन्होंने कई बार शिकायतें कीं, लेकिन जब सुनवाई नहीं हुई तो उन्होंने यह चरम कदम उठाया।
जनता दरबार में अफरा-तफरी
मुख्यमंत्री योगी के जनता दरबार में रोजाना बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचते हैं। लेकिन किसी व्यक्ति द्वारा खुदकुशी की कोशिश जैसी घटना ने सभी को चौंका दिया।
सतबीर के “मैंने जहर खा लिया है” कहते ही वहां मौजूद अधिकारियों, पुलिस और जनता में हड़कंप मच गया। उन्हें तुरंत बाहर निकालकर अस्पताल भेजा गया।
पुलिस की प्रतिक्रिया
लखनऊ पुलिस ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि मामले की गंभीरता से जांच शुरू कर दी गई है।
लखनऊ पुलिस प्रवक्ता ने मीडिया से बातचीत में कहा –
“रिटायर्ड फौजी की हालत फिलहाल अस्पताल में स्थिर है। जैसे ही उनकी तबीयत में सुधार होगा, उनका बयान दर्ज किया जाएगा। उनके लगाए गए आरोपों की निष्पक्ष जांच होगी। किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा।”
MLA नंद किशोर गुर्जर का बयान
इस मामले में जब मीडिया ने BJP विधायक नंद किशोर गुर्जर से बात की, तो उन्होंने सभी आरोपों को झूठ और निराधार बताया।
नंद किशोर गुर्जर ने कहा –
“यह मेरे खिलाफ राजनीतिक साजिश है। मैंने किसी से कोई टैक्स या वसूली नहीं की। मुझे और मेरी छवि को बदनाम करने के लिए यह सब रचा जा रहा है। मैं खुद एक जनप्रतिनिधि हूं, जनता की सेवा करना मेरा धर्म है, न कि उत्पीड़न करना।”
सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। आमतौर पर जनता दरबार में तलाशी और कड़ी जांच होती है। सवाल यह है कि आखिर जहर खाने वाला व्यक्ति कैसे अंदर पहुंच गया?
प्रशासन ने सफाई दी है कि सतबीर ने संभवतः दरबार में आने से पहले जहर खाया था और अंदर जाकर इस बात का खुलासा किया।
मुख्यमंत्री की सख्ती
जैसे ही घटना की जानकारी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तक पहुंची, उन्होंने तुरंत अधिकारियों को जांच के आदेश दिए। सीएम ने स्पष्ट कहा कि किसी भी प्रकार की दबंगई, वसूली या भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
अगर आरोप सही पाए गए तो MLA पर भी कानून के तहत कार्रवाई होगी।
जनता की प्रतिक्रिया
इस घटना के बाद गाजियाबाद और लखनऊ दोनों जगह लोगों के बीच चर्चा छिड़ गई है।
कई लोग कह रहे हैं कि अगर एक रिटायर्ड फौजी, जिसने देश के लिए युद्ध लड़ा, न्याय पाने के लिए इतना बड़ा कदम उठाने को मजबूर हो गया, तो यह बहुत दुखद है।
वहीं, MLA समर्थक इसे पूरी तरह से राजनीतिक साजिश बता रहे हैं।
लखनऊ के जनता दरबार में हुआ यह मामला प्रशासन और राजनीति दोनों पर गंभीर सवाल खड़ा करता है।
👉 एक ओर, एक बुजुर्ग सैनिक का इस तरह से अपनी पीड़ा जताना व्यवस्था की विफलता दिखाता है।
👉 दूसरी ओर, विधायक पर लगे आरोपों की सच्चाई सामने आना अभी बाकी है।
अब सबकी निगाहें इस बात पर हैं कि पुलिस की जांच क्या नतीजे लेकर आती है और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इस पूरे प्रकरण में क्या सख्त कदम उठाते हैं।
A retired army soldier shocked everyone at CM Yogi Adityanath’s Janta Darbar in Lucknow by declaring that he had consumed poison. The ex-serviceman, Satbir Gurjar from Ghaziabad, accused BJP MLA Nand Kishor Gurjar of harassment and extortion under the so-called “Nandu tax.” He was rushed to Lucknow Civil Hospital where doctors confirmed his condition is critical but stable. While the police assured a fair investigation, MLA Nand Kishor Gurjar denied all allegations, calling them politically motivated. The incident has raised serious questions about political accountability, corruption, and the security arrangements at CM Yogi’s public hearing.


















