AIN NEWS 1 | महाराष्ट्र के ठाणे जिले में मुंबई-दिल्ली एक्सप्रेसवे पर शनिवार देर रात एक भीषण सड़क हादसे में दो युवाओं की मौत हो गई, जबकि कार चला रहा युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि BMW कार करीब 250 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ रही थी। तेज गति के कारण चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख सका और कार डिवाइडर से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसका इंजन घटनास्थल से लगभग 30 मीटर दूर जाकर गिरा।
पुलिस के अनुसार यह हादसा बदलापुर के पास मुंबई-दिल्ली एक्सप्रेसवे पर हुआ। दुर्घटना में योगेश नेगी (26) और रेबेका जैकब (24) की मौत हो गई, जबकि कार मालिक और चालक अंगद गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल युवक का इलाज कल्याण स्थित फोर्टिस अस्पताल में चल रहा है।
जन्मदिन की पार्टी से लौट रहे थे तीनों
पुलिस जांच में पता चला है कि मृतक योगेश नेगी का जन्मदिन था। शनिवार शाम को योगेश, रेबेका और अंगद बदलापुर पश्चिम क्षेत्र में जन्मदिन की पार्टी मनाने गए थे। पार्टी के बाद तीनों देर रात BMW कार से वापस लौट रहे थे।
जांच के दौरान पुलिस को एक रेस्तरां का लगभग 9 हजार रुपये का बिल भी मिला है, जिससे पुष्टि हुई है कि तीनों ने दुर्घटना से पहले साथ में पार्टी की थी। पार्टी समाप्त होने के बाद वे मुंबई-दिल्ली एक्सप्रेसवे के रास्ते लौट रहे थे, तभी यह हादसा हो गया।
सोशल मीडिया वीडियो से खुल सकते हैं कई राज

पुलिस अब मृतक योगेश नेगी के सोशल मीडिया अकाउंट्स और मोबाइल फोन की जांच कर रही है। अधिकारियों को जानकारी मिली है कि दुर्घटना से कुछ समय पहले कार के अंदर से एक वीडियो रिकॉर्ड किया गया था, जिसमें BMW की स्पीड लगभग 250 किलोमीटर प्रति घंटे तक दिखाई दे रही है।
यदि जांच में वीडियो की पुष्टि होती है, तो यह स्पष्ट हो सकता है कि हादसे के समय वाहन अत्यधिक तेज गति से चलाया जा रहा था। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि कहीं चालक और उसके साथी सोशल मीडिया के लिए स्टंट या हाई-स्पीड ड्राइविंग की रिकॉर्डिंग तो नहीं कर रहे थे।
कैसे हुआ हादसा?
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक एक्सप्रेसवे पर कई स्थानों पर यातायात नियंत्रण और निर्माण कार्य के कारण कंक्रीट बैरिकेड लगाए गए हैं। प्रारंभिक जांच में आशंका जताई गई है कि अत्यधिक गति के कारण चालक को अचानक सामने आए बैरिकेड या सड़क की स्थिति का सही अनुमान नहीं लग पाया।
संभावना है कि चालक ने बैरिकेड से बचने के लिए अचानक कार मोड़ने की कोशिश की हो, जिसके चलते वाहन का संतुलन बिगड़ गया। इसके बाद BMW सीधे केंद्रीय डिवाइडर से जा टकराई।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार हवा में उछल गई और डिवाइडर के दो हिस्सों के बीच जाकर फंस गई। वाहन के अगले हिस्से को सबसे अधिक नुकसान पहुंचा। दुर्घटना के बाद कार का ढांचा पूरी तरह पिचक गया और कई हिस्से सड़क पर बिखर गए।
इंजन 30 मीटर दूर जा गिरा

हादसे की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि BMW का इंजन कार से अलग होकर लगभग 30 मीटर दूर जाकर गिरा। आमतौर पर इतनी दूरी तक इंजन का उछलकर जाना बेहद दुर्लभ माना जाता है और यह टक्कर की तीव्रता को दर्शाता है।
मौके पर पहुंची पुलिस और बचाव दल ने जब वाहन का निरीक्षण किया तो कार लगभग पहचान से बाहर हो चुकी थी। दुर्घटना के बाद कुछ समय तक एक्सप्रेसवे पर यातायात भी प्रभावित रहा।
चश्मदीदों ने सुनाई हादसे की कहानी
घटना के एक प्रत्यक्षदर्शी ने बताया कि वह देर रात सड़क के पास टहल रहा था। उसके अनुसार BMW कार दो बार बेहद तेज गति से वहां से गुजरी थी।
प्रत्यक्षदर्शी ने बताया, “रात करीब दो से तीन बजे के बीच कार बहुत तेज रफ्तार में दो बार मेरे सामने से निकली। उसकी स्पीड सामान्य वाहनों से कहीं अधिक लग रही थी। कुछ ही देर बाद एक जोरदार धमाके जैसी आवाज सुनाई दी।”
उन्होंने आगे बताया कि जब लोग घटनास्थल पर पहुंचे तो कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी थी। एक युवती काफी दूर जाकर गिरी हुई थी, जबकि एक युवक गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिला। दृश्य बेहद दर्दनाक था।
लापरवाही और तेज रफ्तार बनी जानलेवा
पुलिस की शुरुआती जांच में तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाना हादसे का प्रमुख कारण माना जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि एक्सप्रेसवे पर निर्धारित गति सीमा का पालन नहीं करने से इस तरह की दुर्घटनाओं का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।
विशेषज्ञों का भी मानना है कि 200 किलोमीटर प्रति घंटे से अधिक की रफ्तार पर वाहन को नियंत्रित करना बेहद कठिन हो जाता है। ऐसे में सड़क पर छोटी-सी गलती भी बड़े हादसे में बदल सकती है।
पुलिस कर रही विस्तृत जांच
फिलहाल पुलिस ने दुर्घटना का मामला दर्ज कर लिया है और सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। अधिकारियों ने घटनास्थल से मिले डिजिटल सबूत, मोबाइल फोन, सोशल मीडिया पोस्ट और सीसीटीवी फुटेज को जांच के दायरे में लिया है।
पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि दुर्घटना के समय कार की वास्तविक गति कितनी थी और क्या चालक किसी प्रकार का स्टंट कर रहा था। जांच पूरी होने के बाद विस्तृत रिपोर्ट जारी की जाएगी।
यह हादसा एक बार फिर याद दिलाता है कि तेज रफ्तार का रोमांच कुछ क्षणों का हो सकता है, लेकिन इसकी कीमत कई बार जिंदगी से चुकानी पड़ती है। दो युवाओं की मौत और एक युवक के गंभीर रूप से घायल होने की यह घटना सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के पालन की आवश्यकता को फिर से उजागर करती है।


















