AIN NEWS 1 | भारत के उपराष्ट्रपति रहे जगदीप धनखड़ ने अचानक इस्तीफा देकर सभी को चौंका दिया है। यह फैसला संसद के मानसून सत्र की शुरुआत से ठीक पहले सोमवार, 21 जुलाई 2024 को लिया गया। उन्होंने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को पत्र लिखकर स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए अपना त्यागपत्र सौंपा।
धनखड़ के इस अप्रत्याशित कदम ने राजनीतिक गलियारों में चर्चा को हवा दे दी है। इस्तीफे के कुछ ही घंटों बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर अपने त्यागपत्र को सार्वजनिक भी कर दिया। इसके बाद से ही वह उपराष्ट्रपति भवन (VP हाउस) खाली करने की प्रक्रिया में जुट गए हैं।
इस्तीफे के बाद शुरू की पैकिंग, किसी भी नेता से नहीं की मुलाकात
धनखड़ सोमवार रात करीब 9 बजे राष्ट्रपति भवन पहुंचे थे। वहीं उन्होंने राष्ट्रपति से मुलाकात कर उन्हें अपना इस्तीफा सौंपा। बताया गया कि इस्तीफे के बाद से उन्होंने किसी भी पार्टी के नेता से कोई औपचारिक मुलाकात नहीं की है।
कई विपक्षी दलों ने उनसे मिलने की इच्छा जताई, लेकिन उन्हें समय नहीं मिला। इससे यह अटकलें तेज हो गई हैं कि उनके इस्तीफे के पीछे सिर्फ स्वास्थ्य कारण नहीं, बल्कि कोई और गंभीर वजह भी हो सकती है।
राष्ट्रपति ने स्वीकार किया इस्तीफा
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंगलवार, 22 जुलाई 2025 को उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया। इसके साथ ही धनखड़ ने उपराष्ट्रपति एन्क्लेव को खाली करने की तैयारी शुरू कर दी है, जहां वे पिछले 15 महीनों से निवास कर रहे थे।
अब मिलेगा टाइप-8 का सरकारी बंगला
जानकारी के मुताबिक, उन्हें अब लुटियंस दिल्ली या किसी अन्य वीआईपी क्षेत्र में टाइप-8 श्रेणी का सरकारी बंगला अलॉट किया जाएगा। यह बंगले आमतौर पर कैबिनेट रैंक के मंत्रियों या बड़े राजनीतिक दलों के अध्यक्षों को आवंटित किए जाते हैं।
धनखड़ पिछले साल अप्रैल में चर्च रोड स्थित नवनिर्मित उपराष्ट्रपति एन्क्लेव में शिफ्ट हुए थे। लेकिन अब इस्तीफे के बाद उन्हें यह आलीशान परिसर छोड़ना होगा।
कांग्रेस और विपक्ष ने उठाए सवाल
कांग्रेस और अन्य विपक्षी पार्टियों ने धनखड़ के इस फैसले पर सवाल खड़े किए हैं। उनका कहना है कि सिर्फ स्वास्थ्य कारणों को वजह बताना काफी नहीं है, इसके पीछे कोई राजनीतिक दबाव या अंदरूनी मतभेद भी हो सकते हैं।
विपक्ष ने यह भी कहा कि जिस तरह से किसान पुत्र रहे धनखड़ को विदाई दी जा रही है, वह सम्मानजनक नहीं है।
ध्यान देने वाली बात यह भी है कि कुछ समय पहले तक विपक्षी सांसदों ने उन पर पक्षपातपूर्ण रवैया अपनाने के आरोप लगाए थे और अविश्वास प्रस्ताव लाने की भी कोशिश की थी। लेकिन अब वही विपक्ष उनके कार्यकाल की सराहना कर रहा है।
क्या है आगे की योजना?
धनखड़ की ओर से आगे की योजनाओं को लेकर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, लेकिन सूत्रों के मुताबिक वह फिलहाल राजनीति से दूरी बनाए रख सकते हैं। हालांकि, उनकी अगली राजनीतिक रणनीति को लेकर कई कयास लगाए जा रहे हैं।
उन्हें जल्द ही एक नया सरकारी बंगला मिलेगा, लेकिन अब तक उन्होंने किसी भी राजनीतिक दल के साथ औपचारिक बातचीत नहीं की है, जिससे यह साफ नहीं हो रहा कि वे किस दिशा में आगे बढ़ेंगे।
Vice President of India Jagdeep Dhankhar has officially resigned from his post just ahead of the Monsoon Session 2024, citing health reasons. The resignation, submitted to President Droupadi Murmu, has taken the political world by surprise. Dhankhar, a farmer’s son and prominent political figure, has begun packing to vacate the VP House and is expected to be allotted a Type-8 bungalow in Lutyens Delhi. His sudden move has sparked speculation about deeper reasons behind the resignation, and the opposition claims he wasn’t given a respectful farewell.


















