उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्ध नगर जिले में 21 अगस्त, 2025 को हुई महिला निक्की भाटी (26) की कथित जलाकर हत्या का मामला लगातार नए सबूतों के साथ और उलझता जा रहा है। इस केस में पति विपिन भाटी और ससुराल वाले मुख्य आरोपियों के रूप में सामने आए हैं। मामले में अब तक अस्पताल का मेमो, सीसीटीवी फुटेज और गवाहों के बयान सामने आए हैं, जो जांच को और जटिल बना रहे हैं।

घटना का विवरण
ग्रेटर नोएडा के सिरसा गांव में हुए इस घटना के अनुसार, निक्की भाटी को उनके पति और ससुराल वालों ने कथित तौर पर ज्वलनशील पदार्थ छिड़ककर आग लगा दी। उसे तत्काल फोर्टिस अस्पताल ले जाया गया, जहां हालत गंभीर होने पर उसे दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल रेफर किया गया। अस्पताल के प्रारंभिक मेमो में लिखा गया है कि ‘घर पर गैस सिलेंडर फटने से मरीज गंभीर रूप से जल गया है।’
स्थानीय सीसीटीवी फुटेज में दिखाया गया है कि विपिन भाटी घटना के समय घर के पास एक कार के पीछे खड़ा था। कुछ ही समय बाद वह अचानक दौड़ता है और फिर पास की कार की ओर तेजी से बढ़ता है। वीडियो में बाद में कई स्थानीय लोग और बुजुर्ग भी घर की ओर दौड़ते दिखाई देते हैं, जबकि आस-पड़ोस की महिलाएं घबराई हुई दिखाई देती हैं। पुलिस ने कहा है कि यह वीडियो जांच का हिस्सा है और सभी तथ्यों की पुष्टि के बाद ही किसी निष्कर्ष पर पहुँचा जाएगा।
पुलिस की प्रतिक्रिया
अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त, ग्रेटर नोएडा, सुधीर कुमार ने मामले पर कहा कि ‘यह हमारी जांच का एक हिस्सा है। जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी। जांच सभी संभावित पहलुओं पर आधारित होगी और पूरी होने के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी।’
पुलिस ने बताया कि विपिन ने कथित रूप से निक्की को पीटा, ज्वलनशील पदार्थ छिड़का और आग लगा दी। घटना के बाद विपिन, उसके माता-पिता सतवीर और दया और भाई रोहित को गिरफ्तार किया गया। इसी दौरान, विपिन को पुलिस हिरासत से भागने की कोशिश के दौरान पैर में गोली भी लगी थी।
परिवार का आरोप और दहेज विवाद
निक्की के परिवार का आरोप है कि शादी के बाद से ही उन्हें दहेज के लिए प्रताड़ित किया जा रहा था। शुरुआत में परिवार ने उसे स्कॉर्पियो एसयूवी, मोटरसाइकिल और गहने दिए थे, लेकिन बाद में 36 लाख रुपये और एक लग्जरी कार की मांग भी की गई।
निक्की की बहन कंचन ने FIR में आरोप लगाया कि निक्की को जानबूझकर आग लगाई गई थी। उसने बताया कि निक्की और कंचन की शादी हिंदू रीति-रिवाज से ‘बिना किसी दहेज के’ हुई थी। कंचन ने कहा कि विपिन की मां दया ने ज्वलनशील पदार्थ प्रदान किया और विपिन ने निक्की पर डाल दिया। जब उसने विरोध किया, तो उसे पीटा गया और उसके पति रोहित, सास दया और ससुर सतवीर वहां मौजूद थे।
सीसीटीवी और गवाहों के बयान
विपिन के फूफेरे भाई देवेंद्र ने बताया कि विपिन और उसके पिता शाम करीब 5:45 बजे दुकान पर थे। वह देख सकता था कि विपिन घर की ओर तेजी से भागा और थोड़ी देर बाद लौटा। देवेंद्र ने कहा कि इसके बाद उन्होंने विपिन के माता-पिता के साथ निक्की को फोर्टिस अस्पताल ले जाया। कार में निक्की लगातार पानी मांग रही थी और उसे घुटन महसूस हो रही थी।
स्थानीय लोगों ने भी पुष्टि की कि घटना के समय विपिन घर की ओर दौड़ता हुआ दिखाई दिया। इन सीसीटीवी फुटेज और गवाहों के बयानों से पुलिस की जांच और विस्तृत हो गई है।
कानूनी स्थिति और वकील की टिप्पणी
वकील एपी सिंह ने इस मामले में कहा कि ‘दहेज का मुकदमा नहीं चलेगा।’ हालांकि, पुलिस ने बताया कि सभी पहलुओं की जांच के बाद ही केस पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
परिवार की अपील
निक्की के पिता भिखारी सिंह ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से न्याय की अपील की है। उन्होंने कहा कि विपिन और उसके परिवार को सख्त से सख्त सजा दी जानी चाहिए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सोशल मीडिया गतिविधियों के कारण निक्की की हत्या नहीं हुई।
भिखारी सिंह ने बताया कि उन्होंने अपनी बेटियों को ब्यूटी पार्लर खोलने के लिए 1.5 लाख रुपये दिए थे, और उनकी बेटियां पार्लर चलाकर अपने बच्चों की पढ़ाई का खर्च चला रही थीं।


















