नमस्कार,
कल की बड़ी खबर अहमदाबाद प्लेन क्रैश से जुड़ी रही, एक अमेरिकी अखबार ने दावा किया कि एअर इंडिया फ्लाइट के कैप्टन ने फ्यूल सप्लाई बंद की थी। एक खबर केंद्रीय मंत्री के बयान की रही, उन्होंने कहा कि पेट्रोल-डीजल सस्ते हो सकते हैं
आज के प्रमुख इवेंट्स:
1. PM मोदी बिहार के मोतिहारी में 7,200 करोड़ रुपए के डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स लॉन्च करेंगे। इसके बाद पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर में रैली करेंगे और 5,000 करोड़ रुपए के डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स लॉन्च करेंगे।
2. राहुल गांधी केरल के कोट्टयम में पूर्व मुख्यमंत्री ओमान चांडी की दूसरी पुण्यतिथि पर आयोजित जनसभा में शामिल हो सकते हैं।
कल की बड़ी खबरें:
अहमदाबाद प्लेन क्रैश में बड़ा खुलासा: रिपोर्ट के मुताबिक कैप्टन ने खुद बंद की थी फ्यूल सप्लाई, जांच पर उठे सवाल

वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट में दावा: कैप्टन ने जानबूझकर फ्यूल सप्लाई रोकी
कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डिंग से मिला सबूत, को-पायलट ने भी पूछा सवाल
एक्सपर्ट बोले: जांच रिपोर्ट लीक होना चिंताजनक, PM को सिटिंग जज से जांच करवानी चाहिए
12 जून को अहमदाबाद में हुए प्लेन क्रैश को लेकर अब एक चौंकाने वाला दावा सामने आया है। अमेरिकी अखबार वॉल स्ट्रीट जर्नल (WSJ) ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171 के कैप्टन सुमीत सभरवाल ने उड़ान के दौरान खुद ही इंजनों में फ्यूल की सप्लाई रोक दी थी।
रिपोर्ट के मुताबिक, यह जानकारी विमान के कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर से सामने आई है। रिकॉर्डिंग में यह सुना गया कि को-पायलट क्लाइव कुंदर ने कैप्टन से पूछा:
“आपने फ्यूल स्विच को ‘CUTOFF’ पोजिशन में क्यों किया?”
इस बातचीत से संकेत मिलता है कि फ्यूल सप्लाई जानबूझकर बंद की गई थी, जिससे यह गंभीर हादसा हुआ।
यह हादसा उस समय हुआ जब विमान ने दोपहर 1:38 बजे उड़ान भरी और महज दो मिनट बाद, 1:40 बजे, 200 फीट की ऊंचाई पर दुर्घटनाग्रस्त हो गया।
इस रिपोर्ट को लेकर एविएशन विशेषज्ञ संजय लजार ने चिंता जताई है। उन्होंने कहा,
“यह हैरान करने वाली बात है कि अमेरिकी मीडिया के पास भारत की संसद और नागरिक उड्डयन मंत्रालय से ज्यादा जानकारी है। इससे देश में जांच की पारदर्शिता पर सवाल खड़े होते हैं।”
उन्होंने मांग की कि प्रधानमंत्री को इस मामले की जांच किसी हाईकोर्ट के मौजूदा जज से करवानी चाहिए।
भारतीय एजेंसियों की ओर से फिलहाल इस रिपोर्ट पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी गई है।
कच्चा तेल 65 डॉलर पर टिका रहा तो सस्ते हो सकते हैं पेट्रोल-डीजल: केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी
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कच्चे तेल की कीमत 65 डॉलर प्रति बैरल पर आने से राहत की उम्मीद
केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी ने 2-3 महीनों में दाम घटने की संभावना जताई
तेल कंपनियों को मिल रहा फायदा, आम जनता को मिल सकती है राहत
दिल्ली में चल रही ऊर्जा वार्ता 2025 के दौरान केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने ईंधन की कीमतों को लेकर बड़ा बयान दिया।
उन्होंने कहा कि अगर कच्चे तेल की कीमतें लगातार 65 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर बनी रहती हैं, तो आने वाले 2-3 महीनों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कटौती की उम्मीद की जा सकती है।
हाल ही में कच्चे तेल की वैश्विक कीमतें गिरकर 65 डॉलर प्रति बैरल के आसपास आ गई हैं। इससे भारत की ऑयल मार्केटिंग कंपनियों को मुनाफा हो रहा है, जिससे सरकार पर कीमतों में राहत देने का दबाव भी बढ़ रहा है।
पुरी ने संकेत दिया कि अगर यह स्थिरता बनी रहती है, तो आम जनता को जल्द ही राहत मिल सकती है।
पटना के अस्पताल में ICU में घुसकर गैंगस्टर चंदन मिश्रा की हत्या, 30 सेकेंड में फायरिंग कर फरार हुए बदमाश

पटना के निजी अस्पताल में 5 बदमाशों ने ICU में घुसकर की चंदन मिश्रा की हत्या
वारदात का CCTV फुटेज आया सामने, हत्या में शेरू गैंग के दो सदस्य शामिल
चंदन मिश्रा पर 10 से ज्यादा हत्या, लूट और फिरौती के मामले दर्ज थे
पटना के एक अस्पताल में सोमवार को दिनदहाड़े सनसनीखेज वारदात हुई, जहां ICU में भर्ती गैंगस्टर चंदन मिश्रा की पांच बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी। पूरी घटना सिर्फ 30 सेकेंड में अंजाम दी गई और सभी आरोपी फरार हो गए।
CCTV फुटेज में दिखा कि सभी हमलावरों की उम्र 35 से 40 के बीच है। उन्होंने कमर से पिस्टल निकाली और सीधे ICU में दाखिल होकर चंदन मिश्रा पर गोलियां दाग दीं। इसके बाद एक-एक कर बाहर निकले और मौके से भाग निकले।
पुलिस के अनुसार, हत्या में शामिल दो अपराधी कुख्यात शेरू गैंग के सदस्य बताए जा रहे हैं।
कौन था चंदन मिश्रा?
चंदन मिश्रा बक्सर का रहने वाला एक बड़ा गैंगस्टर था। उसके खिलाफ 10 से अधिक हत्या के मामले दर्ज थे। उसका क्राइम पैटर्न लूट, अपहरण और फिरौती वसूलने का था। वह कई बार शहरों में हत्या की खुली धमकी देकर हत्या कर चुका था।
एक बार उसने बक्सर के मशहूर चूना व्यवसायी को दिनदहाड़े मार डाला था। उस घटना से पहले उसने धमकी दी थी—”कल मारेंगे”, और अगले ही दिन हत्या कर दी।
पुलिस अब हत्यारों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के प्रयास में जुटी है।
बिहार में 125 यूनिट बिजली मुफ्त, 1 अगस्त से लागू होगी योजना: CM नीतीश कुमार का ऐलान

बिहार सरकार 1 अगस्त 2025 से देगी हर महीने 125 यूनिट मुफ्त बिजली
योजना से 1.67 करोड़ घरेलू उपभोक्ताओं को होगा सीधा फायदा
आने वाले 3 सालों में सौर ऊर्जा से भी जोड़े जाएंगे घर
बिहार सरकार ने राज्यवासियों को बड़ी राहत देने की घोषणा की है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि 1 अगस्त 2025 से राज्य के हर परिवार को हर महीने 125 यूनिट बिजली मुफ्त में दी जाएगी।
इस योजना का लाभ करीब 1 करोड़ 67 लाख घरेलू उपभोक्ताओं को मिलेगा। नीतीश कुमार ने यह भी बताया कि आने वाले तीन वर्षों में घरों को सौर ऊर्जा से जोड़ने की भी योजना बनाई गई है, जिससे लोगों को सस्ती और स्वच्छ ऊर्जा मिलेगी।
राज्य में अक्टूबर-नवंबर में विधानसभा चुनाव होने की संभावना है, ऐसे में यह घोषणा राजनीतिक दृष्टि से भी अहम मानी जा रही है।
सरकार का दावा है कि इस योजना से आम नागरिकों को आर्थिक राहत मिलेगी और ऊर्जा की खपत को भी संतुलित किया जा सकेगा।
अमरनाथ यात्रा मार्ग पर भूस्खलन से महिला तीर्थयात्री की मौत, यात्रा रुकी; हिमाचल में अब तक 109 मौतें
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जम्मू-कश्मीर के बालटाल मार्ग पर लैंडस्लाइड, एक महिला तीर्थयात्री की मौत
हादसे में 3 अन्य लोग घायल, अमरनाथ यात्रा दिनभर के लिए रोकी गई
हिमाचल में 20 जून से अब तक बारिश से जुड़ी घटनाओं में 109 मौतें
जम्मू-कश्मीर में लगातार बारिश के चलते अमरनाथ यात्रा मार्ग पर बड़ा हादसा हुआ है। गंदेरबल जिले के बालटाल रूट पर भूस्खलन (लैंडस्लाइड) के कारण एक महिला तीर्थयात्री की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य श्रद्धालु घायल हो गए।
इस घटना के बाद प्रशासन ने एहतियातन अमरनाथ यात्रा को पूरे दिन के लिए रोक दिया।
वहीं दूसरी ओर, हिमाचल प्रदेश में भी भारी बारिश ने तबाही मचाई है। 20 जून से अब तक राज्य में बारिश से जुड़ी घटनाओं में कुल 109 लोगों की मौत हो चुकी है।
सरकार और आपदा राहत टीमें लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं, लेकिन पहाड़ी इलाकों में लगातार बारिश के कारण स्थिति गंभीर बनी हुई है।
प्रशासन ने लोगों से सावधानी बरतने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।
नर्स निमिषा प्रिया को माफी नहीं, यमन में मृतक का परिवार बोला– बदला लेकर रहेंगे, ब्लड मनी भी नहीं लेंगे

यमन में हत्या के मामले में दोषी भारतीय नर्स निमिषा प्रिया को माफी देने से मृतक का परिवार अड़ा
पीड़ित के भाई ने कहा– कोई मुआवजा नहीं चाहिए, सिर्फ न्याय और बदला
धार्मिक नेताओं की कोशिशों से फांसी टली, लेकिन मामला अब भी गंभीर
यमन में एक भारतीय नर्स निमिषा प्रिया को माफी मिलने की उम्मीदों को बड़ा झटका लगा है। 2017 में यमनी नागरिक तलाल अब्दो महदी की हत्या के मामले में दोषी करार दी गईं निमिषा को 16 जुलाई 2025 को फांसी दी जानी थी, लेकिन इसे फिलहाल टाल दिया गया है।
यह निर्णय धार्मिक नेताओं और कूटनीतिक प्रयासों के कारण लिया गया, ताकि पीड़ित परिवार से बातचीत कर समाधान निकाला जा सके।
हालांकि अब मृतक के भाई अब्देल फत्तह महदी ने सोशल मीडिया पर साफ कहा है:
“हम माफ नहीं करेंगे। न कोई समझौता होगा और न ही ब्लड मनी लेंगे। बदला लेकर रहेंगे।”
निमिषा यमन की राजधानी सना में एक नर्स के तौर पर काम कर रही थीं। हत्या का मामला सामने आने के बाद वे 2017 से जेल में बंद हैं।
उन पर आरोप है कि उन्होंने अपने बिजनेस पार्टनर तलाल की हत्या कर दी थी।
शरिया कानून के तहत, मृतक के परिवार की माफी पर सजा टल सकती है, लेकिन अब परिवार के इनकार के बाद स्थिति और भी गंभीर हो गई है।
भारत सरकार और मानवाधिकार संस्थाएं अब भी कोशिश कर रही हैं कि किसी तरह से निमिषा की जान बचाई जा सके।
RCB की विक्ट्री परेड में भगदड़ का जिम्मेदार RCB: कर्नाटक सरकार की रिपोर्ट में बड़ा खुलासा

कर्नाटक सरकार ने कहा—RCB ने बिना इजाजत परेड की घोषणा की
सोशल मीडिया पर फ्री एंट्री पोस्ट से जुटे 3 लाख लोग, मची भगदड़
अचानक आयोजन रोकने से हो सकता था बड़ा हिंसक टकराव
4 जून को बेंगलुरु में IPL जीत की खुशी में आयोजित RCB (रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु) की विक्ट्री परेड में मची भगदड़ के लिए कर्नाटक सरकार ने RCB को जिम्मेदार ठहराया है।
सरकारी जांच रिपोर्ट गुरुवार को जारी की गई, जिसमें बताया गया कि RCB ने परेड के लिए प्रशासन से औपचारिक अनुमति नहीं ली थी। इस भगदड़ में 11 लोगों की मौत हो गई थी।
रिपोर्ट के मुख्य बिंदु:
RCB ने केवल सूचना दी, अनुमति नहीं मांगी:
टीम ने 3 जून को पुलिस को परेड की जानकारी दी, लेकिन किसी तरह की अनुमति नहीं ली।सोशल मीडिया पर फ्री एंट्री का एलान:
4 जून को सुबह 7:01 बजे RCB ने अपने सोशल मीडिया हैंडल से फ्री एंट्री की घोषणा कर दी। इस पोस्ट को 44 लाख से ज्यादा बार देखा गया।तीन लाख से ज्यादा लोग जुटे:
पोस्ट के वायरल होने से अचानक 3 लाख से अधिक लोग चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर जमा हो गए, जिससे भीड़ बेकाबू हो गई।आयोजन रद्द नहीं किया गया:
पुलिस और प्रशासन को आशंका थी कि अगर आयोजन रद्द किया गया तो हिंसा और कानून-व्यवस्था की समस्या हो सकती है। इसलिए कार्यक्रम को पूरी तरह बंद करने की बजाय उसका समय घटा दिया गया और सुरक्षा बढ़ाई गई।
कर्नाटक सरकार की रिपोर्ट के अनुसार, इस चूक के लिए RCB को जिम्मेदार माना गया है और भविष्य में ऐसे आयोजनों को लेकर सतर्कता बरतने की आवश्यकता बताई गई है।



















