spot_imgspot_img

पाकिस्तान में सांसदों की संपत्ति पर पर्दा: अब एक साल तक सार्वजनिक खुलासे से मिल सकेगी छूट!

spot_img

Date:

AIN NEWS 1: पाकिस्तान की राजनीति में एक बड़ा और विवादास्पद बदलाव सामने आया है। बुधवार को पाकिस्तान की नेशनल असेंबली ने एक ऐसा विधेयक पारित कर दिया, जिससे सांसदों और उनके परिवार की संपत्ति से जुड़ी जानकारी को सार्वजनिक करने की अनिवार्यता में ढील मिल जाएगी। इस नए कानून का नाम ‘इलेक्शन (संशोधन) एक्ट, 2026’ रखा गया है।

अब इस संशोधन के तहत सांसद और सीनेटर चाहें तो अपनी और अपने परिवार की संपत्ति का विवरण एक साल तक सार्वजनिक रूप से जारी न करने का विकल्प चुन सकते हैं। सरकार का कहना है कि यह फैसला जनप्रतिनिधियों और उनके परिवारों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर लिया गया है, लेकिन विपक्ष और नागरिक संगठनों ने इस पर गंभीर सवाल उठाए हैं।

पहले क्या था नियम?

इस संशोधन से पहले पाकिस्तान के इलेक्शन एक्ट की धारा 138 के तहत सभी सांसदों और सीनेटरों के लिए यह अनिवार्य था कि वे हर साल 31 दिसंबर तक अपनी संपत्ति का पूरा ब्यौरा चुनाव आयोग (ECP) को सौंपें।

मेरठ के उजैद कुरैशी का आतंकी कनेक्शन, अलकायदा से जुड़ाव की जांच तेज

इस विवरण में शामिल होता था:

सांसद की खुद की संपत्ति

जीवनसाथी की संपत्ति

बच्चों की संपत्ति

देश और विदेश में मौजूद चल-अचल संपत्ति

इन सभी जानकारियों को बाद में सरकारी गजट में प्रकाशित किया जाता था, ताकि आम जनता भी यह जान सके कि उनके प्रतिनिधियों के पास कितनी और कैसी संपत्ति है।

नए कानून में क्या बदला?

पाकिस्तानी अख़बार ‘डॉन’ की रिपोर्ट के अनुसार, नए संशोधन में कहा गया है कि यदि किसी सांसद या उसके परिवार को यह आशंका हो कि संपत्ति का सार्वजनिक खुलासा उनकी जान या सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बन सकता है, तो ऐसी स्थिति में इस जानकारी को गोपनीय रखा जा सकता है।

हालांकि यह पूरी छूट नहीं है। सांसदों को अब भी अपनी संपत्ति का पूरा और सही विवरण चुनाव आयोग को देना अनिवार्य होगा, लेकिन यह जानकारी आम जनता के लिए तुरंत उपलब्ध नहीं कराई जाएगी।

स्पीकर और चेयरमैन को मिला विशेष अधिकार

नए कानून की एक अहम बात यह है कि अब:

नेशनल असेंबली के स्पीकर

और सीनेट के चेयरमैन

को यह अधिकार दे दिया गया है कि वे किसी सांसद या सीनेटर की संपत्ति के विवरण को सार्वजनिक न करने का निर्देश दे सकें।

यह फैसला पूरी तरह संबंधित सदस्य की सुरक्षा स्थिति और स्पष्टीकरण के आधार पर लिया जाएगा। लेकिन यह छूट एक बार में अधिकतम एक वर्ष के लिए ही दी जा सकेगी। इसके बाद दोबारा समीक्षा की जाएगी।

सरकार का तर्क क्या है?

सरकार और सत्ताधारी दलों का कहना है कि पाकिस्तान जैसे देश में:

नेताओं को धमकियां मिलती रहती हैं

अपहरण और हमलों का खतरा बना रहता है

संपत्ति का खुलासा अपराधियों के लिए आसान निशाना बन सकता है

इसी वजह से यह संशोधन जरूरी था। सरकार का दावा है कि इससे पारदर्शिता खत्म नहीं होगी, क्योंकि संपत्ति का पूरा रिकॉर्ड चुनाव आयोग के पास मौजूद रहेगा।

विपक्ष और आलोचकों की आपत्ति

दूसरी ओर, विपक्षी दलों और कई नागरिक संगठनों ने इस कानून को लोकतंत्र के लिए खतरनाक बताया है। उनका कहना है कि:

इससे भ्रष्टाचार को बढ़ावा मिल सकता है

जनता का भरोसा कमजोर होगा

नेताओं की जवाबदेही कम हो जाएगी

आलोचकों का तर्क है कि अगर संपत्ति सार्वजनिक नहीं होगी, तो आम नागरिक यह कैसे जान पाएंगे कि उनके प्रतिनिधि सत्ता में रहते हुए संपत्ति बढ़ा रहे हैं या नहीं।

पाकिस्तान में पारदर्शिता पर सवाल

पाकिस्तान पहले से ही:

राजनीतिक अस्थिरता

भ्रष्टाचार के आरोप

संस्थानों पर अविश्वास

जैसी समस्याओं से जूझ रहा है। ऐसे में यह कानून पारित होना कई लोगों के लिए चिंता का विषय बन गया है। विशेषज्ञ मानते हैं कि लोकतंत्र में जनप्रतिनिधियों की संपत्ति की पारदर्शिता बेहद जरूरी होती है।

आगे क्या होगा?

अब यह देखना दिलचस्प होगा कि:

कितने सांसद इस छूट का इस्तेमाल करते हैं

स्पीकर और चेयरमैन किस आधार पर अनुमति देते हैं

चुनाव आयोग इस प्रक्रिया की निगरानी कैसे करता है

यह कानून भविष्य में पाकिस्तान की राजनीति और लोकतांत्रिक जवाबदेही पर गहरा असर डाल सकता है।

Pakistan’s National Assembly has approved the Election Amendment Act 2026, allowing Members of Parliament and Senators to withhold public disclosure of their assets for up to one year due to security concerns. While lawmakers are still required to submit full asset details to the Election Commission of Pakistan, the amendment gives the Speaker and Senate Chairman authority to keep such information confidential. The move has sparked debate over transparency, accountability, and corruption in Pakistan’s political system.

spot_img
spot_imgspot_img

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

spot_imgspot_img

Share post:

New Delhi
clear sky
39 ° C
39 °
39 °
18 %
2.5kmh
5 %
Wed
39 °
Thu
42 °
Fri
42 °
Sat
40 °
Sun
43 °
Video thumbnail
2027 चुनाव : सत्ता परिवर्तन का संकल्प, बुलडोजर राज और सूर्या हत्याकांड पर ASP का सीधा वार !
16:01
Video thumbnail
Ghaziabad Surya Murder Case : सूर्य हत्याकांड के बाद खोड़ा में अवैध मदरसे सील, क्या बोले खोड़ा निवासी?
12:16
Video thumbnail
Ghaziabad Surya Murder Case : सूर्या के दोस्तों ने बता दिया सच,“असद की बहन शादी शुदा है, अफेयर नहीं”
14:16
Video thumbnail
सूर्या के घर पहुंचे गाजियाबाद DM
00:50
Video thumbnail
Ghaziabad Surya Murder Case : सूर्या की हत्या के बाद हिन्दुओ में आक्रोश, “मुसलमानो का विश्वास नहीं”
06:37
Video thumbnail
सूर्या के घर पहुंचे BJP महानगर अध्यक्ष
00:29
Video thumbnail
Ghaziabad Surya Murder Case : सूर्या के घर पहुंचे BJP महानगर अध्यक्ष Mayank Goel !
02:29
Video thumbnail
PM Modi Meets Stand Up Comedian & Mimicry Artist : PM मोदी भी हैरान !
01:15
Video thumbnail
Ghaziabad Surya Murder Case : हिंदू बनकर हिंदुओं के बीच पहुंचा मुस्लिम युवक ?
00:24
Video thumbnail
Ghaziabad Surya Murder Case : हिंदू बनकर हिंदुओं के बीच पहुंचा मुस्लिम ?
09:46

Subscribe

spot_img
spot_imgspot_img

Popular

spot_img

More like this
Related