AIN NEWS 1: भारत के प्रधानमंत्री Narendra Modi ने अपने लोकप्रिय रेडियो कार्यक्रम Mann Ki Baat के ताज़ा एपिसोड में देश के युवाओं, खेल उपलब्धियों, योग और भारत की पारंपरिक विरासत जैसे अहम मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। इस कार्यक्रम में उन्होंने देशवासियों को प्रेरित करते हुए बताया कि कैसे युवाओं की ऊर्जा, खेलों में सफलता, और सांस्कृतिक मूल्यों का संरक्षण भारत को नई ऊंचाइयों तक ले जा सकता है।
🇮🇳 भारत: दुनिया का सबसे युवा देश
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन की शुरुआत भारत की सबसे बड़ी ताकत—युवा शक्ति—से की। उन्होंने कहा कि आज भारत दुनिया के सबसे युवा देशों में से एक है, और यही युवाशक्ति देश के भविष्य को तय करने में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
उन्होंने बताया कि जब युवा अपनी ऊर्जा को सही दिशा में लगाते हैं, तो राष्ट्र निर्माण की प्रक्रिया तेज हो जाती है। चाहे वह शिक्षा हो, नवाचार हो, स्टार्टअप हो या समाज सेवा—हर क्षेत्र में युवा आगे बढ़कर देश को मजबूत बना रहे हैं।
पीएम मोदी ने विशेष रूप से “मेरा युवा भारत” यानी MY Bharat संगठन का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यह संगठन युवाओं को जोड़ने और उन्हें राष्ट्र निर्माण की गतिविधियों में भागीदारी के लिए प्रेरित करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम बन रहा है। इस प्लेटफॉर्म के जरिए युवा अपने विचार साझा कर रहे हैं और देशहित में योगदान दे रहे हैं।
🏏 खेलों में भारत की ऐतिहासिक सफलता
प्रधानमंत्री ने हाल ही में हुए टी20 विश्व कप में भारत की ऐतिहासिक जीत का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि यह जीत केवल एक खेल की सफलता नहीं है, बल्कि पूरे देश के आत्मविश्वास और एकजुटता का प्रतीक है।
उन्होंने बताया कि इस जीत के बाद पूरे देश में जश्न का माहौल था। हर वर्ग, हर उम्र के लोग इस उपलब्धि से गर्व महसूस कर रहे थे। यह दिखाता है कि खेल किस तरह लोगों को जोड़ने का काम करते हैं।
पीएम मोदी ने खिलाड़ियों की मेहनत, अनुशासन और समर्पण की सराहना करते हुए युवाओं को प्रेरित किया कि वे खेलों को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं। उन्होंने कहा कि खेल न केवल शारीरिक फिटनेस बढ़ाते हैं, बल्कि मानसिक मजबूती भी देते हैं।
🧘♂️ योग: दुनिया को जोड़ने का माध्यम
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि इस वैश्विक आयोजन में अब 100 दिनों से भी कम समय बचा है और दुनिया भर में योग के प्रति आकर्षण लगातार बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि योग केवल एक व्यायाम नहीं है, बल्कि यह जीवन जीने का एक तरीका है। यह शरीर, मन और आत्मा के बीच संतुलन स्थापित करता है। आज दुनिया के कई देश योग को अपना रहे हैं और भारत की इस प्राचीन परंपरा को सम्मान दे रहे हैं।
पीएम मोदी ने लोगों से अपील की कि वे योग को अपनी दिनचर्या में शामिल करें और आने वाले योग दिवस को बड़े उत्साह के साथ मनाएं।
🌿 परंपराओं से सीख: नागा जनजातियों का उदाहरण
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत का भी जिक्र किया। उन्होंने नागा जनजातियों की “मोरूंग” नामक पारंपरिक शिक्षा व्यवस्था का उदाहरण देते हुए बताया कि कैसे पहले के समय में बुजुर्ग अपने अनुभवों के जरिए युवाओं को जीवन के महत्वपूर्ण पाठ सिखाते थे।
उन्होंने कहा कि इस व्यवस्था में केवल किताबों का ज्ञान नहीं, बल्कि जीवन कौशल, इतिहास और परंपराओं की समझ भी दी जाती थी। यह एक ऐसा मॉडल है, जिससे आज भी बहुत कुछ सीखा जा सकता है।
पीएम मोदी ने इस बात पर जोर दिया कि आधुनिकता के साथ-साथ हमें अपनी परंपराओं को भी सहेजकर रखना चाहिए। इससे हमारी पहचान मजबूत होती है और आने वाली पीढ़ियों को अपनी जड़ों से जुड़ने का मौका मिलता है।
📢 समाज के लिए एक प्रेरणादायक संदेश
अपने पूरे संबोधन में प्रधानमंत्री मोदी का संदेश साफ था—देश की प्रगति में हर नागरिक की भूमिका है। चाहे युवा हों, खिलाड़ी हों, योग प्रेमी हों या पारंपरिक ज्ञान को आगे बढ़ाने वाले लोग—हर कोई इस विकास यात्रा का हिस्सा है।
उन्होंने कहा कि जब देश के लोग एकजुट होकर सकारात्मक सोच के साथ काम करते हैं, तो कोई भी लक्ष्य हासिल करना मुश्किल नहीं होता।
In the latest Mann Ki Baat episode, Prime Minister Narendra Modi highlighted India’s youth power, the importance of MY Bharat initiative, India’s historic T20 World Cup victory, growing global popularity of International Yoga Day, and traditional learning systems like Morung in Nagaland. The speech emphasized nation-building, cultural heritage, and youth participation in shaping India’s future.


















