spot_imgspot_img

वृंदावन शराब ठेका बंदी मामले में आरोपियों की जमानत खारिज, 9 दिसंबर तक जेल भेजे गए!

spot_img

Date:

AIN NEWS 1: मथुरा के वृंदावन क्षेत्र में शराब के ठेकों को जबरन बंद कराने के मामले में गिरफ्तार किए गए युवकों की जमानत याचिका मंगलवार को अदालत ने खारिज कर दी। इन सभी आरोपियों को पुलिस ने फरार चल रहे होने के बाद पकड़कर सीजेएम कोर्ट में पेश किया था। सुनवाई के दौरान उनके वकीलों ने कई तर्क रखे, लेकिन अदालत ने सरकारी पक्ष की दलीलों को मजबूत माना और सभी को 9 दिसंबर तक न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया।

कैसे शुरू हुआ पूरा मामला?

कुछ दिनों पहले बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री के आह्वान के बाद कुछ युवाओं ने वृंदावन में शराब बंदी की मांग को लेकर हंगामा खड़ा कर दिया। उनके समर्थन में युवकों ने शहर में स्थित तीन शराब ठेकों को जबरन बंद करा दिया। उन्होंने स्टाफ को धमकाया, वहां मौजूद सामान को नुकसान पहुँचाया और मौके पर मौजूद लोगों में दहशत फैला दी।

इन घटनाओं के बाद शराब ठेके के सेल्समैन जितेंद्र ने पुलिस में तहरीर दी, जिसके आधार पर एक गंभीर मुकदमा दर्ज किया गया।

पुलिस की कार्रवाई और गिरफ्तारियां

शराब ठेके पर हुए इस हंगामे को लेकर पुलिस लगातार जांच कर रही थी। CCTV फुटेज, मोबाइल वीडियो और चश्मदीदों के बयान के आधार पर पुलिस ने आरोपियों की पहचान की।

सोमवार को पुलिस ने विशेष अभियान चलाते हुए घटना में शामिल पांच युवकों को गिरफ्तार किया:

1. दक्ष चौधरी उर्फ दीपक वर्मा – निवासी पूर्वी दिल्ली, शास्त्री पार्क

2. अभिषेक ठाकुर – मूल निवासी रायबरेली, फिलहाल दिल्ली के गामड़ी इलाके में रहते हैं

3. युधिष्ठिर – हापुड़ जनपद के सिवाया गाँव के रहने वाले

4. अमित कुमार – पश्चिमी दिल्ली, नीलगिरी अपार्टमेंट द्वारिका मोड़

5. दुर्योधन उर्फ विशाल सिसोदिया – जिला गौतमबुद्ध नगर के दादोपुर खटाना गाँव से

ये सभी लोग घटना के बाद लंबे समय से गायब चल रहे थे और पुलिस की कई टीमों के प्रयास के बाद पकड़े गए।

अदालत में क्या हुआ?

मंगलवार को पुलिस आरोपियों को सीजेएम कोर्ट में पेश करने पहुंची।

उनके वकीलों ने दलील दी कि:

आरोप निराधार हैं

युवकों का किसी राजनीतिक या धार्मिक आंदोलन से कोई संबंध नहीं है

पुलिस द्वारा गलत तरीके से फंसाया गया है

जिन धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है, वे जमानती होनी चाहिए

लेकिन सरकारी अधिवक्ता व पुलिस की तरफ से पेश की गई रिपोर्ट में बताया गया कि:

आरोपियों ने सार्वजनिक व्यवस्था को बिगाड़ा

कानून-व्यवस्था को चुनौती दी

सरकारी कार्य में बाधा डाली

शराब ठेको के कर्मचारियों को धमकाया और नुकसान पहुंचाया

घटना सोशल मीडिया पर वायरल हुई, जिससे माहौल खराब हुआ

इन तर्कों को सुनने के बाद अदालत ने कहा कि फिलहाल जमानत देने का कोई आधार नहीं बनता। इसलिए सभी की जमानत याचिका को खारिज कर दिया गया।

अब आगे क्या?

कोर्ट ने आदेश दिया कि सभी आरोपियों को 9 दिसंबर तक न्यायिक हिरासत में जेल भेजा जाए। इसके बाद केस की आगे की प्रक्रिया चलेगी और अगली सुनवाई में कोर्ट तय करेगा कि उन्हें आगे जमानत दी जाए या नहीं।

अभियोजन अधिकारी एसपी यादव ने यह भी बताया कि इससे पहले इसी मामले में शामिल शिब्बो और कपिल नाम के दो अन्य युवकों को भी जेल भेजा जा चुका है। यानी अब तक इस पूरे प्रकरण में कई गिरफ्तारियां हो चुकी हैं और पुलिस बाकी आरोपियों पर भी कड़ी नजर रखे हुए है।

स्थानीय लोगों की क्या प्रतिक्रिया?

यह घटना वृंदावन जैसे धार्मिक और शांत क्षेत्र में काफी चर्चा का विषय बन गई। कई लोगों का कहना है कि धार्मिक आह्वान के नाम पर कानून तोड़ना गलत है और ऐसा करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। वहीं कुछ लोग शराबबंदी के समर्थन में भी हैं लेकिन उनका कहना है कि विरोध का तरीका शांतिपूर्ण और कानूनी होना चाहिए।

पुलिस का बयान

पुलिस अधिकारियों ने साफ कहा कि कानून हाथ में लेने की किसी को इजाजत नहीं है। किसी भी तरह की अराजकता फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। घटना में शामिल अन्य संदिग्धों की भी तलाश चल रही है।

The Vrindavan liquor shop closure case has drawn significant attention after the court rejected the bail of all accused individuals who allegedly forced multiple liquor shops to shut down. The incident, linked to the followers of Dheerendra Krishna Shastri, led to major law-and-order concerns in Mathura. With the accused now in judicial custody till December 9, the case continues to be a key topic in Uttar Pradesh crime news and local law enforcement updates.

 

spot_img
spot_imgspot_img

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

spot_imgspot_img

Share post:

New Delhi
clear sky
31.8 ° C
31.8 °
31.8 °
48%
1.5m/s
0%
Tue
32 °
Wed
36 °
Thu
39 °
Fri
36 °
Sat
35 °
Video thumbnail
सोनम यादव की AI वीडियो वायरल करने वालों पर कार्रवाई की चेतावनी, पुलिस से सख्त एक्शन की मांग
01:59
Video thumbnail
लखनऊ: चंद्रशेखर आजाद का दावा, फार्म हाउस पर रची गई हत्या की साजिश; सरकार से जांच की मांग
02:43
Video thumbnail
क्या आरती करते समय Salman Khan से गलती हुई ?
00:31
Video thumbnail
कनॉट प्लेस में मिंटो ब्रिज के पास चलती सड़क पर गिरा रेड लाइट का खंभा
00:19
Video thumbnail
अरविंद केजरीवाल का अमित शाह पर निशाना, बोले- लॉरेंस बिश्नोई को दामाद की तरह क्यों रखा जा रहा?
00:21
Video thumbnail
Akhilesh Yadav : "जब तक ये मुख्यमंत्री रहेंगे, जब तक ये सरकार रहेगी कानून से काम नहीं होगा"
02:10
Video thumbnail
अभिनेता गुलशन पांडे और निशिकांत दीक्षित तक पहुंचा ‘पीड़ित को न्याय’ का नया अंक | AIN NEWS 1
02:16
Video thumbnail
इशारों-इशारों में फायरब्रांड Yogi ने Abhijeet Dipke को दिया मुंहतोड़ जवाब !
02:36
Video thumbnail
Meerut Kesarganj Masjid Controversy : मेरठ केसरगंज मस्जिद विवाद पर योगी से क्या बोले टी राजा सिंह ?
04:26
Video thumbnail
Hanuman Ansh Actor Gulshan Pandey in Ghaziabad | ‘हनुमान अंश’ अभिनेता गुलशन पांडे का भव्य स्वागत
04:47

Subscribe

spot_img
spot_imgspot_img

Popular

spot_img

More like this
Related

गाजियाबाद में तीरथ सिंह रावत का भव्य स्वागत, दर्जनों सामाजिक संगठनों ने किया सम्मान

राष्ट्रीय निर्माण में समाज के हर वर्ग की भागीदारी...