AIN NEWS 1: उत्तर प्रदेश के प्रमुख शहरों में शामिल Ghaziabad में दशहरा और ज्येष्ठ दशहरा पर्व के मौके पर यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए ट्रैफिक पुलिस ने विशेष डायवर्जन प्लान लागू कर दिया है। इस बार यह व्यवस्था खासतौर पर हापुड़ जिले के बृजघाट में होने वाले गंगा स्नान कार्यक्रम को देखते हुए की गई है, जहां 24 मई से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ पहुंचने की संभावना जताई गई है।
डीसीपी ट्रैफिक गाजियाबाद त्रिगुण बिसन के अनुसार, हर साल इस दौरान दिल्ली–लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग पर अत्यधिक दबाव बन जाता है। लाखों की संख्या में श्रद्धालु और यात्री विभिन्न जिलों से गंगा स्नान के लिए पहुंचते हैं, जिसके चलते कई बार घंटों लंबा जाम लग जाता है। इस स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन ने पहले से ही ट्रैफिक प्लान तैयार कर लागू कर दिया है।

पर्व और भीड़ को देखते हुए विशेष तैयारी
इस वर्ष ज्येष्ठ दशहरा पर्व 25 मई को मनाया जाएगा। इस अवसर पर Hapur के बृजघाट क्षेत्र में गंगा स्नान के लिए लाखों श्रद्धालु पहुंचने की संभावना है। भीड़ को नियंत्रित करने और सड़क दुर्घटनाओं से बचाव के लिए प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं।
ट्रैफिक पुलिस का कहना है कि धार्मिक आयोजनों के दौरान सड़क सुरक्षा और यातायात नियंत्रण सबसे बड़ी चुनौती होती है। ऐसे में भारी वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित करना बेहद जरूरी हो जाता है, ताकि आम यात्रियों और श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
दिल्ली–लखनऊ हाईवे पर हर साल की समस्या
दिल्ली से गाजियाबाद, हापुड़, मुरादाबाद होते हुए लखनऊ जाने वाला रूट देश के सबसे व्यस्त मार्गों में से एक माना जाता है। यह पूरा कॉरिडोर NH-9 और आसपास के संपर्क मार्गों पर आधारित है।
हर साल दशहरा और गंगा स्नान के समय भारी वाहनों की वजह से इस रूट पर लंबा जाम लग जाता है। ट्रकों और बड़े व्यावसायिक वाहनों की लगातार आवाजाही से न केवल ट्रैफिक धीमा हो जाता है बल्कि दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ जाता है।
इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए इस बार प्रशासन ने पहले से ही रूट डायवर्जन लागू करने का निर्णय लिया है, ताकि यातायात व्यवस्था पूरी तरह नियंत्रित रहे।
26 मई तक लागू रहेगा डायवर्जन प्लान
ट्रैफिक विभाग के अनुसार यह डायवर्जन योजना 26 मई तक प्रभावी रहेगी, यानी जब तक पूरा पर्व और गंगा स्नान कार्यक्रम समाप्त नहीं हो जाता।
इस दौरान गाजियाबाद कमिश्नरेट से गढ़मुक्तेश्वर और हापुड़ की ओर जाने वाले सभी भारी व्यावसायिक वाहनों की एंट्री पूरी तरह नियंत्रित रहेगी। किसी भी ट्रक, कंटेनर या बड़े मालवाहक वाहन को सामान्य मार्ग से जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
प्रमुख रूट डायवर्जन व्यवस्था
डायवर्जन प्लान के तहत अमरोहा, मुरादाबाद, बरेली और लखनऊ की ओर जाने वाले भारी वाहनों के लिए विशेष वैकल्पिक मार्ग तय किए गए हैं। अब ये वाहन NH-9 के माध्यम से हापुड़ की ओर नहीं जा सकेंगे।
इसके बजाय इन वाहनों को डासना से होते हुए Eastern Peripheral Expressway का उपयोग करने के लिए कहा गया है। यहां से वाहनों को सिकंदराबाद, बुलंदशहर, डिबाई और नरौरा जैसे वैकल्पिक मार्गों से भेजा जाएगा।
इस बदलाव का मुख्य उद्देश्य यह है कि मुख्य हाईवे पर दबाव कम हो और आम यात्रियों तथा श्रद्धालुओं को किसी तरह की असुविधा न हो।
एग्जिट पॉइंट्स पर सख्त निगरानी
प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि कुंडली और पलवल से आने वाले भारी वाहनों को ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे के जरिए हापुड़ की ओर जाने की अनुमति नहीं होगी।
विशेष रूप से एग्जिट नंबर 4A पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी। यहां से किसी भी वाहन को NH-9 पर उतरने नहीं दिया जाएगा।
सभी वाहनों को एक्सप्रेसवे पर ही आगे भेजा जाएगा और उन्हें निर्धारित वैकल्पिक रूट जैसे सिकंदराबाद, बुलंदशहर, डिबाई और नरौरा के रास्ते गंतव्य तक पहुंचने की अनुमति होगी।
आम लोगों के लिए राहत की उम्मीद
इस ट्रैफिक प्लान से उम्मीद की जा रही है कि दशहरा पर्व के दौरान यात्रियों को जाम की समस्या से काफी राहत मिलेगी। खासकर दिल्ली–एनसीआर और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के बीच यात्रा करने वाले लोगों को इस बार सुचारु ट्रैफिक मिलने की संभावना है।
पुलिस प्रशासन का कहना है कि यह व्यवस्था अस्थायी है लेकिन बेहद जरूरी है, ताकि त्योहार के समय किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से बचा जा सके।
सुरक्षा और अपील
ट्रैफिक पुलिस ने आम जनता और वाहन चालकों से अपील की है कि वे प्रशासन द्वारा जारी किए गए रूट डायवर्जन का पालन करें। साथ ही वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें ताकि किसी भी प्रकार की अनावश्यक देरी या जाम की स्थिति से बचा जा सके।
अधिकारियों ने यह भी कहा है कि नियमों का पालन न करने वाले वाहनों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कुल मिलाकर, गाजियाबाद ट्रैफिक पुलिस का यह कदम त्योहार के दौरान बढ़ने वाले यातायात दबाव को नियंत्रित करने के लिए एक महत्वपूर्ण पहल है। इससे न केवल श्रद्धालुओं की यात्रा सुरक्षित होगी, बल्कि पूरे क्षेत्र में ट्रैफिक व्यवस्था भी सुचारु बनी रहेगी।
The Ghaziabad traffic diversion plan implemented for the Dashahara festival is expected to significantly improve road safety and traffic management across key highways such as NH-9 and the Eastern Peripheral Expressway. With thousands of devotees heading towards Brijghat in Hapur for the sacred Ganga Snan, authorities have restricted heavy vehicle movement to prevent congestion. This traffic advisory issued by Ghaziabad Traffic Police highlights the importance of planned route diversions for smooth travel between Delhi, Ghaziabad, Hapur, and Lucknow corridor during peak religious gatherings.


















