खोड़ा में अपराधियों की संपत्तियों का सर्वे तेज, अवैध निर्माण पर चलेगा प्रशासन का डंडा
AIN NEWS 1 गाजियाबाद। ट्रांस हिंडन क्षेत्र के खोड़ा इलाके में अपराधियों और अवैध निर्माणों के खिलाफ प्रशासन ने कार्रवाई की तैयारी तेज कर दी है। खोड़ा के नवनीत विहार समेत कई इलाकों में पुलिस और प्रशासन की संयुक्त जांच जारी है। इस अभियान के दौरान पुलिस ने ऐसे 10 अपराधियों की संपत्तियों को चिह्नित किया है, जिनके खिलाफ पहले से कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं।
पुलिस ने इन सभी संपत्तियों की विस्तृत जांच के लिए प्रशासन को रिपोर्ट भेज दी है। अब यह पता लगाया जाएगा कि संबंधित मकान जिस जमीन पर बने हैं, वह वैध है या नहीं। इसके अलावा निर्माण के दौरान नियमों का पालन किया गया था या नहीं, नक्शा पास कराया गया था या नहीं और जरूरी विभागों से एनओसी ली गई थी या नहीं, इसकी भी जांच की जाएगी।
सूर्या हत्याकांड के बाद शुरू हुआ विशेष अभियान
खोड़ा क्षेत्र में हाल ही में हुए सूर्या हत्याकांड के बाद पुलिस और प्रशासन ने अपराधियों के सत्यापन और अवैध निर्माणों की पहचान के लिए विशेष अभियान शुरू किया है। पुलिस की ओर से लगातार अपराधियों का रिकॉर्ड खंगाला जा रहा है, वहीं प्रशासनिक टीम इलाके में बने मकानों और निर्माणों की स्थिति की जांच कर रही है।
इस अभियान के तहत पुलिस को कई ऐसे लोगों की जानकारी मिली है, जिन पर गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं और जिन्होंने खोड़ा क्षेत्र में बड़े मकान खड़े कर लिए हैं। इनमें कुछ मकान चार से पांच मंजिल तक बने हुए हैं।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इन संपत्तियों की जांच का उद्देश्य यह पता लगाना है कि कहीं अपराध से अर्जित धन से तो इनका निर्माण नहीं किया गया या फिर निर्माण में सरकारी नियमों की अनदेखी तो नहीं हुई।
10 अपराधियों की संपत्तियों की होगी जांच
सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) इंदिरापुरम अभिषेक श्रीवास्तव ने बताया कि सर्वे के दौरान कुछ अपराधियों की सूची तैयार की गई है। इनकी संपत्तियों की जांच के लिए प्रशासन को जानकारी भेजी गई है।
उन्होंने कहा कि प्रशासनिक जांच पूरी होने के बाद नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। यदि किसी संपत्ति में अवैध निर्माण या अन्य अनियमितता सामने आती है तो संबंधित विभाग कार्रवाई करेगा।
पुलिस के अनुसार, चिह्नित किए गए कुछ अपराधियों के मकानों में वर्तमान समय में केवल किराएदार रह रहे हैं। ऐसे में जांच के दौरान यह भी देखा जाएगा कि मकान मालिक कौन है, संपत्ति का रिकॉर्ड क्या है और निर्माण की अनुमति किस आधार पर ली गई थी।
जमीन से लेकर निर्माण तक होगी पड़ताल
प्रशासन अब इन मकानों की कई स्तरों पर जांच करेगा। इसमें सबसे पहले जमीन के मालिकाना हक की जांच की जाएगी। यह देखा जाएगा कि जिस जमीन पर मकान बनाए गए हैं, वह निजी है या सरकारी।
इसके साथ ही भवन निर्माण से जुड़े दस्तावेजों की भी जांच होगी। अगर निर्माण बिना अनुमति या नियमों के खिलाफ पाया जाता है तो प्रशासन की ओर से ध्वस्तीकरण या अन्य कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
अधिकारियों का कहना है कि कार्रवाई पूरी तरह जांच रिपोर्ट और नियमों के आधार पर की जाएगी।
असद के मकान पर भी कार्रवाई की तैयारी
सूर्या हत्याकांड के आरोपी असद के मकान पर भी प्रशासन की कार्रवाई की तैयारी चल रही है। उसके घर पर पहले ही ध्वस्तीकरण का नोटिस चस्पा किया जा चुका है। नोटिस की अवधि 15 जून को पूरी हो रही है।
प्रशासन के अनुसार, संबंधित मकान सरकारी जमीन पर अवैध रूप से बना हुआ है। फिलहाल मकान बंद है और उस पर ताला लगा हुआ है। नोटिस अवधि समाप्त होने के बाद प्रशासन आगे की कार्रवाई कर सकता है।
असद के मकान पर संभावित कार्रवाई को लेकर पुलिस और प्रशासन की टीमें पूरी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
अपराधियों पर शिकंजा कसने की तैयारी
खोड़ा में पुलिस और प्रशासन की यह कार्रवाई केवल एक मामले तक सीमित नहीं है। अधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र में अपराधियों की गतिविधियों पर नजर रखने और अवैध निर्माणों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा।
पुलिस का मानना है कि अपराधियों द्वारा अवैध तरीके से अर्जित संपत्ति पर कार्रवाई करने से अपराध पर नियंत्रण लगाने में मदद मिलेगी। वहीं प्रशासन अवैध निर्माणों को लेकर भी सख्त रुख अपना रहा है।
फिलहाल 10 चिह्नित संपत्तियों की जांच शुरू हो चुकी है। जांच रिपोर्ट आने के बाद यह तय होगा कि किन संपत्तियों पर कार्रवाई की जाएगी। आने वाले दिनों में खोड़ा क्षेत्र में प्रशासन की ओर से बड़ी कार्रवाई देखने को मिल सकती है।
Khoda Ghaziabad crime news update: Police and administration have identified properties of 10 criminals after the Surya murder case. Authorities are investigating illegal constructions, land ownership records, building permissions, and possible violations. The Ghaziabad administration may take strict action including demolition of illegal properties if irregularities are found. This latest Khoda news highlights the ongoing police verification drive and crackdown on criminal assets in Uttar Pradesh.


















