रांची में JPSC-JSSC अभ्यर्थियों के आंदोलन में पहुंचे गाजियाबाद के मोहम्मद जुनैद, मुफ्त भोजन बांटकर जताया समर्थन
AIN NEWS 1 रांची/गाजियाबाद: दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट (NEET) अभ्यर्थियों के आंदोलन के दौरान मुफ्त भोजन और पानी उपलब्ध कराकर चर्चा में आए गाजियाबाद निवासी मोहम्मद जुनैद एक बार फिर छात्रों के समर्थन में मैदान में दिखाई दिए हैं। इस बार उन्होंने झारखंड की राजधानी रांची पहुंचकर JPSC (Jharkhand Public Service Commission) और JSSC (Jharkhand Staff Selection Commission) परीक्षाओं से जुड़े अभ्यर्थियों के आंदोलन में हिस्सा लिया। धरनास्थल पर पहुंचकर उन्होंने छात्रों से मुलाकात की, उनकी समस्याएं सुनीं और प्रदर्शन कर रहे युवाओं के बीच मुफ्त भोजन वितरित किया।
रांची से सामने आए वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। इन वीडियो में मोहम्मद जुनैद छात्रों के बीच भोजन बांटते हुए दिखाई दे रहे हैं। वीडियो के साथ लिखा गया है कि “हक और इंसाफ के लिए यह माटी कभी झुकना नहीं जानती।” इस संदेश को लेकर भी सोशल मीडिया पर व्यापक चर्चा हो रही है।

क्या है पूरा मामला?
झारखंड में पिछले कई दिनों से JPSC और JSSC भर्ती परीक्षाओं को लेकर अभ्यर्थियों का आंदोलन जारी है। छात्रों का आरोप है कि भर्ती प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताएं हुई हैं, जिससे हजारों युवाओं का भविष्य प्रभावित हुआ है। प्रदर्शनकारी अभ्यर्थी भर्ती प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच, दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और पूरे मामले की सीबीआई जांच की मांग कर रहे हैं।
राजधानी रांची में लगातार धरना-प्रदर्शन हो रहे हैं। विभिन्न छात्र संगठनों के अलावा सामाजिक संगठनों और कई सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भी आंदोलन का समर्थन किया है। इसी क्रम में गाजियाबाद के मोहम्मद जुनैद भी रांची पहुंचे।
छात्रों से मिलकर जाना आंदोलन का हाल
रांची पहुंचने के बाद मोहम्मद जुनैद ने सबसे पहले धरनास्थल का दौरा किया और आंदोलन कर रहे अभ्यर्थियों से बातचीत की। उन्होंने छात्रों से उनकी समस्याओं और मांगों की जानकारी ली। इसके बाद उन्होंने कहा कि वे पहले पूरे मामले को समझेंगे और उसके बाद आंदोलन के समर्थन में आगे की रणनीति बनाएंगे।
उन्होंने कहा कि जब किसी परीक्षा या भर्ती प्रक्रिया पर सवाल उठते हैं तो उसका सबसे बड़ा नुकसान मेहनत करने वाले छात्रों को होता है। इसलिए उनकी आवाज को गंभीरता से सुना जाना चाहिए।
मुफ्त भोजन बांटकर दिया समर्थन
धरने में शामिल छात्रों के लिए मोहम्मद जुनैद और उनके साथियों ने मुफ्त भोजन की व्यवस्था की। प्रदर्शन में शामिल कई छात्र लंबे समय से धरने पर बैठे हुए हैं। ऐसे में भोजन वितरण को छात्रों ने राहत भरा कदम बताया।
धरनास्थल पर मौजूद छात्रों ने कहा कि आंदोलन के दौरान कई सामाजिक संगठनों और लोगों का सहयोग मिल रहा है, जिससे उनका मनोबल बढ़ रहा है। भोजन वितरण के दौरान कई वीडियो रिकॉर्ड किए गए, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं।
क्या है PM Vidyalaxmi Scheme? बिना गारंटी मिलेगा एजुकेशन लोन, जानें पात्रता और आवेदन का तरीका
क्या बोले मोहम्मद जुनैद?
मोहम्मद जुनैद ने मीडिया से बातचीत में कहा,
“हम अभी-अभी रांची पहुंचे हैं। पहले यहां के हालात का जायजा लेंगे। जिस तरह हमने दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट अभ्यर्थियों के आंदोलन में छात्रों का साथ दिया था, उसी तरह यहां भी पूरी कोशिश करेंगे कि छात्रों की आवाज मजबूत हो।”
उन्होंने कहा कि यदि किसी भर्ती परीक्षा में गड़बड़ी के आरोप लगते हैं तो निष्पक्ष जांच कराना सरकार की जिम्मेदारी होती है। उनका कहना है कि छात्रों को न्याय मिलना चाहिए और यदि अनियमितताओं के आरोप सही हैं तो दोषियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
CBI जांच की मांग दोहराई
मोहम्मद जुनैद ने कहा कि JPSC और JSSC भर्ती परीक्षाओं में हुई कथित अनियमितताओं की CBI जांच होनी चाहिए। उनका मानना है कि निष्पक्ष जांच से ही छात्रों का भरोसा दोबारा कायम हो सकता है।
उन्होंने कहा कि हजारों अभ्यर्थियों ने वर्षों तक मेहनत की है। यदि भर्ती प्रक्रिया पारदर्शी नहीं होगी तो युवाओं का विश्वास सरकारी संस्थाओं से उठ सकता है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
रांची से सामने आए वीडियो फेसबुक, एक्स (पूर्व ट्विटर), इंस्टाग्राम और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर तेजी से साझा किए जा रहे हैं। वीडियो में मोहम्मद जुनैद छात्रों के बीच भोजन वितरित करते दिखाई देते हैं। कई लोगों ने इसे सामाजिक सहयोग की मिसाल बताया, जबकि कुछ लोगों ने इसे लेकर अलग-अलग राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी दी हैं।
हालांकि वीडियो के वायरल होने के बाद भी आंदोलन का मुख्य मुद्दा भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं और छात्रों की मांगें ही बनी हुई हैं।
जंतर-मंतर पर भी बने थे चर्चा का विषय
यह पहली बार नहीं है जब मोहम्मद जुनैद किसी छात्र आंदोलन के दौरान चर्चा में आए हों। इससे पहले दिल्ली के जंतर-मंतर पर आयोजित NEET अभ्यर्थियों के प्रदर्शन में भी उन्होंने छात्रों को मुफ्त भोजन और पानी उपलब्ध कराया था।
उस समय उनका यह कदम सोशल मीडिया पर काफी चर्चा का विषय बना था। कई लोगों ने उनकी पहल की सराहना की थी, जबकि कुछ लोगों ने इस पर सवाल भी उठाए थे।
हिरासत और पूछताछ का मामला भी आया था सामने
जंतर-मंतर आंदोलन के दौरान चर्चा में आने के बाद पुलिस उनके गाजियाबाद स्थित घर पहुंची थी। उस समय उनके परिवार से पूछताछ की गई थी। बाद में मोहम्मद जुनैद से भी पुलिस ने पूछताछ की थी।
जुनैद के परिवार ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए थे, जबकि पुलिस का कहना था कि पूछताछ सामान्य प्रक्रिया का हिस्सा थी। बाद में उन्हें छोड़ दिया गया था। इस पूरे घटनाक्रम को लेकर राजनीतिक दलों के बीच भी बयानबाजी हुई थी।
JPSC-JSSC आंदोलन क्यों महत्वपूर्ण है?
झारखंड में सरकारी नौकरियों की तैयारी करने वाले हजारों युवाओं का भविष्य JPSC और JSSC परीक्षाओं से जुड़ा हुआ है। अभ्यर्थियों का कहना है कि यदि भर्ती प्रक्रिया निष्पक्ष नहीं होगी तो योग्य उम्मीदवारों के साथ अन्याय होगा।
इसी वजह से छात्र लगातार आंदोलन कर रहे हैं और सरकार से पारदर्शी जांच की मांग कर रहे हैं। कई छात्र संगठनों ने भी आंदोलन को अपना समर्थन दिया है।
क्या है मौजूदा स्थिति?
फिलहाल रांची में JPSC-JSSC अभ्यर्थियों का आंदोलन जारी है। प्रदर्शनकारी अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं और सरकार से स्पष्ट कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। दूसरी ओर, सामाजिक संगठनों और विभिन्न राज्यों से आने वाले समर्थकों का धरनास्थल पर पहुंचना भी जारी है।
मोहम्मद जुनैद का रांची पहुंचना और छात्रों के बीच भोजन वितरण करना आंदोलन का नया चर्चित पहलू बन गया है। हालांकि आंदोलन की मूल मांग अब भी भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच और अभ्यर्थियों को न्याय दिलाने की है।
गाजियाबाद के मोहम्मद जुनैद ने एक बार फिर छात्र आंदोलन के समर्थन में सक्रिय भूमिका निभाते हुए रांची पहुंचकर JPSC-JSSC अभ्यर्थियों के बीच मुफ्त भोजन वितरित किया और उनकी मांगों का समर्थन किया। इससे पहले वे दिल्ली के जंतर-मंतर पर NEET अभ्यर्थियों के आंदोलन के दौरान भी इसी तरह छात्रों की मदद कर चुके हैं। वहीं, झारखंड में चल रहा JPSC-JSSC आंदोलन भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच और छात्रों को न्याय दिलाने की मांग को लेकर लगातार जारी है।
Mohammad Junaid from Ghaziabad has once again extended support to protesting students by reaching Ranchi, where JPSC and JSSC aspirants are demanding a fair investigation into alleged recruitment irregularities. After previously distributing free food and water to NEET protesters at Jantar Mantar in New Delhi, Junaid is now providing free meals to students participating in the Ranchi protest. The JPSC-JSSC protest has become one of the major student movements in Jharkhand, with aspirants seeking transparency, accountability, and a CBI investigation. This latest update highlights the growing support for the Ranchi student protest and the ongoing demand for justice in government recruitment examinations.



















