नमस्कार,
कल की बड़ी खबर RSS प्रमुख मोहन भागवत के जेन-जी से संवाद की रही। भागवत ने कहा- जेन-जी हमसे ज्यादा देशभक्त और ईमानदार है। दूसरी खबर माफिया अतीक के बेटे की हादसे में मौत से जुड़ी है। हम आपको यह भी बताएंगे कि सरकार ने क्यों कहा कि हवाई ईंधन में एथेनॉल नहीं मिलेगा।
आज के प्रमुख इवेंट्स:
1. संसद के मानसून सत्र का 15वां दिन है। FCRA संशोधन बिल पर चर्चा हो सकती है।
2. राष्ट्रपति भवन सांस्कृतिक केंद्र में 12वां राष्ट्रीय हथकरघा दिवस मनाया जाएगा।
कल की बड़ी खबरें:
1. Gen-Z को लेकर मोहन भागवत का बड़ा संदेश: कहा, नई पीढ़ी सवाल करती है, उसकी बात सुनना जरूरी

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने Gen-Z और Gen-Alpha को लेकर कहा है कि नई पीढ़ी को केवल सवाल उठाने वाली पीढ़ी के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए। उनके मुताबिक आज के युवा देश के प्रति जिम्मेदार और ईमानदार हैं, लेकिन उनकी सोच और संवाद करने का तरीका पिछली पीढ़ियों से अलग है। इसलिए उनकी बात को सुनना और समझना जरूरी है।
मुंबई में युवाओं के साथ एक संवाद कार्यक्रम के दौरान भागवत ने कहा कि सरकार और समाज के बीच समय पर बातचीत होनी चाहिए। उनका कहना था कि अगर समस्याओं और असंतोष पर समय रहते संवाद हो जाए, तो आंदोलन जैसी स्थिति बनने की नौबत कम आ सकती है। उन्होंने आंदोलन को भी अपनी बात रखने और संवाद का एक तरीका बताया।
भागवत ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए युवा आंदोलन का जिक्र करते हुए कहा कि नई पीढ़ी सवाल पूछती है और जवाब चाहती है। ऐसे युवाओं को देश विरोधी या एंटी-नेशनल कहकर उनकी बात को खारिज नहीं किया जाना चाहिए। उनके मुताबिक यही युवा देश की अगली पीढ़ी हैं और व्यवस्था को उनकी चिंताओं को समझना होगा।
उन्होंने शांतिपूर्ण प्रदर्शन के अधिकार का भी समर्थन किया। भागवत ने कहा कि संविधान लोगों को अपनी बात रखने और प्रदर्शन करने का अधिकार देता है, लेकिन आंदोलन शांतिपूर्ण होना चाहिए और उसका उद्देश्य व्यवस्था में सुधार होना चाहिए।
शिक्षा और जंतर-मंतर से जुड़े विवाद पर उन्होंने निष्पक्ष जांच की जरूरत बताई। साथ ही शिक्षा को केवल कमाई का जरिया बनाने के बजाय ऐसी व्यवस्था विकसित करने पर जोर दिया, जिसमें सभी वर्गों के युवाओं को अवसर मिल सकें।
मुख्य बातें:
- मोहन भागवत ने कहा कि Gen-Z और Gen-Alpha की बात सुनना और उनकी सोच को समझना जरूरी है।
- युवाओं के आंदोलन को सीधे देश विरोधी बताने के बजाय संवाद पर जोर दिया।
- शिक्षा व्यवस्था और युवाओं से जुड़े मुद्दों के समाधान के लिए बातचीत और सुधार की जरूरत बताई।
2. विमान के ईंधन में एथेनॉल मिलाने की कोई योजना नहीं: सरकार ने अफवाहों पर दी सफाई

केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राममोहन नायडू ने विमान के ईंधन में एथेनॉल मिलाने से जुड़ी चर्चाओं पर स्थिति साफ की है। उन्होंने कहा कि सरकार की विमान के ईंधन में एथेनॉल मिलाने की कोई योजना नहीं है। उन्होंने एथेनॉल और सस्टेनेबल एविएशन फ्यूल यानी SAF को दो अलग चीजें बताते हुए कहा कि इन्हें एक जैसा नहीं समझा जाना चाहिए।
नायडू के मुताबिक विमान सुरक्षा से जुड़ी गलत या भ्रामक जानकारी यात्रियों के बीच बेवजह डर पैदा कर सकती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि हवाई यात्रियों की सुरक्षा सरकार की पहली प्राथमिकता है और सुरक्षा मानकों से किसी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा।
यह सफाई दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की ओर से केंद्र सरकार पर विमान के ईंधन में एथेनॉल मिलाने की योजना से जुड़े सवाल उठाए जाने के बाद सामने आई। इसके बाद नागरिक उड्डयन मंत्री ने सार्वजनिक रूप से इन दावों का जवाब दिया।
इस पूरे विवाद को देश में E20 पेट्रोल को लेकर चल रही बहस से भी जोड़कर देखा जा रहा है। E20 पेट्रोल में 20 प्रतिशत एथेनॉल और 80 प्रतिशत पेट्रोल का मिश्रण होता है। खासतौर पर पुरानी गाड़ियों के कुछ मालिक माइलेज, मेंटेनेंस और इंजन के पार्ट्स पर इसके संभावित असर को लेकर सवाल उठा रहे हैं।
हालांकि सड़क परिवहन में इस्तेमाल होने वाले एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल और विमानन क्षेत्र में इस्तेमाल होने वाले SAF को एक ही ईंधन मानना सही नहीं है। सरकार ने भी इसी अंतर को रेखांकित करते हुए विमान ईंधन में एथेनॉल मिलाने की योजना से इनकार किया है।
मुख्य बातें:
- नागरिक उड्डयन मंत्री ने कहा कि विमान के ईंधन में एथेनॉल मिलाने की कोई योजना नहीं है।
- सरकार ने एथेनॉल और Sustainable Aviation Fuel को अलग-अलग बताया है।
- E20 पेट्रोल को लेकर देश में पहले से बहस जारी है, लेकिन इसे विमान ईंधन से जोड़ने पर सरकार ने आपत्ति जताई है।
3. अतीक अहमद के 21 वर्षीय बेटे अबान की सड़क हादसे में मौत, झांसी जा रहा था बड़े भाई से मिलने

माफिया अतीक अहमद के सबसे छोटे बेटे अबान अहमद की सड़क हादसे में मौत हो गई। 21 वर्षीय अबान गुरुवार सुबह अपने बड़े भाई अली अहमद से मिलने झांसी जा रहा था। अली झांसी जेल में बंद है। जानकारी के मुताबिक अबान प्रयागराज से कार में चार दोस्तों के साथ निकला था।
रास्ते में उनकी कार एक डिवाइडर से टकरा गई। हादसा इतना गंभीर था कि कार के परखच्चे उड़ गए। पुलिस और स्थानीय लोगों ने कार में फंसे लोगों को बाहर निकाला। अबान और उसके दोस्त सोनू की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कार में सवार अन्य युवक घायल हो गए।
बताया गया कि हादसे से ठीक पहले अबान ने मदद के लिए आवाज लगाई थी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक उसके आखिरी शब्द थे, “मुझे बचा लो।” हादसे के बाद घायलों को इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया गया।
अतीक अहमद के परिवार में पिछले कुछ वर्षों में कई बड़ी घटनाएं हुई हैं। 15 अप्रैल 2023 को प्रयागराज में पुलिस कस्टडी के दौरान अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इससे पहले अतीक का बेटा असद अप्रैल 2023 में झांसी में पुलिस एनकाउंटर में मारा गया था।
परिवार के अन्य सदस्यों की स्थिति भी अलग-अलग जेलों से जुड़ी रही है। अतीक का बेटा उमर लखनऊ जेल और अली अहमद झांसी जेल में बंद है। अबान परिवार का सबसे छोटा बेटा था और अपने बड़े भाई से मिलने के लिए ही झांसी जा रहा था।
मुख्य बातें:
- 21 वर्षीय अबान अहमद अपने बड़े भाई अली से मिलने झांसी जा रहा था।
- कार के डिवाइडर से टकराने के बाद अबान और उसके एक दोस्त की मौत हो गई।
- अतीक अहमद और अशरफ की 2023 में हत्या हुई थी, जबकि बेटे असद की उसी साल पुलिस एनकाउंटर में मौत हुई थी।
4. अयोध्या में बृजभूषण शरण सिंह का शक्ति प्रदर्शन, बोले, मैंने किसी की साड़ी नहीं खींची

महिला पहलवानों से जुड़े यौन शोषण मामले में बरी होने के बाद पूर्व भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह गुरुवार को पहली बार अयोध्या पहुंचे। यहां उन्होंने अपने समर्थकों के साथ बड़ा शक्ति प्रदर्शन किया। अयोध्या से गोंडा तक करीब 50 किलोमीटर लंबे रास्ते पर उनके समर्थकों ने जगह-जगह स्वागत किया और फूल बरसाए।
इस दौरान बृजभूषण शरण सिंह के साथ बड़ी संख्या में कार और बाइक सवार समर्थक दिखाई दिए। उनके काफिले को राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन के तौर पर भी देखा गया। रास्ते में समर्थकों की भीड़ उनके स्वागत के लिए जुटी रही।
कार्यक्रम के दौरान बृजभूषण ने अपने ऊपर लगे आरोपों का जिक्र करते हुए कहा, “मैंने किसी की साड़ी नहीं खींची।” इसके साथ ही उन्होंने उन लोगों का धन्यवाद किया जिन्होंने मुश्किल समय में उनका साथ दिया। उन्होंने कहा कि लंबे समय तक उनके खिलाफ माहौल बनाया गया, लेकिन उनके समर्थक उनके साथ खड़े रहे।
महिला पहलवानों से जुड़े मामले ने राष्ट्रीय स्तर पर काफी राजनीतिक और सामाजिक बहस पैदा की थी। लंबे समय तक पहलवानों ने प्रदर्शन किया और मामले में कार्रवाई की मांग की। अब अदालत से राहत मिलने के बाद बृजभूषण का यह सार्वजनिक कार्यक्रम उनके समर्थकों की ओर से शक्ति प्रदर्शन के रूप में सामने आया।
मुख्य बातें:
- बरी होने के बाद बृजभूषण शरण सिंह पहली बार अयोध्या पहुंचे।
- अयोध्या से गोंडा तक उनके समर्थकों ने बड़ा काफिला निकाला और फूल बरसाए।
- बृजभूषण ने आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए समर्थकों को साथ देने के लिए धन्यवाद दिया।
5. टीम इंडिया के खिलाड़ियों के लिए फिटनेस टेस्ट हुआ मुश्किल, BCCI ने बदले मानक

भारतीय क्रिकेट टीम के खिलाड़ियों के लिए फिटनेस टेस्ट पास करना अब पहले से ज्यादा चुनौतीपूर्ण होने वाला है। हाल के दौरों में टीम के प्रदर्शन और खिलाड़ियों की फिटनेस से जुड़ी शिकायतों के बाद BCCI ने फिटनेस के मानकों को और कड़ा करने का फैसला किया है।
नए फिटनेस सिस्टम में खिलाड़ियों को दो तरह की परीक्षा से गुजरना होगा। इनमें ब्रोंको टेस्ट और दो किलोमीटर की दौड़ शामिल है। ब्रोंको टेस्ट को पूरा करने के लिए खिलाड़ियों को पहले छह मिनट का समय मिलता था, लेकिन अब इसे घटाकर लगभग 5 मिनट 15 सेकंड से 5 मिनट 20 सेकंड के बीच कर दिया गया है।
ब्रोंको टेस्ट के तुरंत बाद खिलाड़ियों को दो किलोमीटर की दौड़ भी पूरी करनी होगी। इसके लिए करीब 9 से 10 मिनट का समय निर्धारित किया गया है। यानी खिलाड़ियों की केवल ताकत ही नहीं, बल्कि उनकी सहनशक्ति और तेजी की भी परीक्षा होगी।
यह बदलाव खिलाड़ियों के लगातार चोटिल होने की घटनाओं के बीच सामने आया है। इंग्लैंड के मौसम और वहां की परिस्थितियों में खिलाड़ियों को मांसपेशियों में खिंचाव और क्रैम्प जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ा था। इसके बाद BCCI सचिव देवजीत सैकिया और टीम मैनेजमेंट ने टीम के फिजियो कमलेश जैन से खिलाड़ियों की फिटनेस को लेकर जवाब मांगा।
BCCI का उद्देश्य खिलाड़ियों की फिटनेस को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट की बढ़ती मांग के अनुरूप तैयार करना है। लगातार क्रिकेट और तीनों प्रारूपों में बढ़ते कार्यभार को देखते हुए खिलाड़ियों की सहनशक्ति पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
मुख्य बातें:
- टीम इंडिया के खिलाड़ियों को ब्रोंको टेस्ट और 2 किलोमीटर दौड़ से गुजरना होगा।
- ब्रोंको टेस्ट पूरा करने की समय सीमा पहले से कठिन की गई है।
- खिलाड़ियों की चोट और क्रैम्प की शिकायतों के बाद फिटनेस मानकों पर सख्ती बढ़ाई गई।
6. ‘क्या बोलती पब्लिक’ अभियान शुरू करेगी कोंकरोच जनता पार्टी, बेरोजगारी और महंगी शिक्षा पर फोकस
कोंकरोच जनता पार्टी यानी CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके ने सितंबर से देशभर में ‘क्या बोलती पब्लिक’ नाम से अभियान शुरू करने की घोषणा की है। महाराष्ट्र के संभाजीनगर में मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि अभियान के जरिए पार्टी गांवों और शहरों में जाकर युवाओं से सीधे संवाद करेगी।
दीपके के मुताबिक इस अभियान का मुख्य फोकस बेरोजगारी और महंगी होती शिक्षा जैसे मुद्दों पर रहेगा। उनका कहना है कि बेरोजगारी देश की सबसे बड़ी समस्याओं में से एक है और इसे राष्ट्रीय स्तर का मुद्दा बनाया जाना चाहिए।
उन्होंने मौजूदा शिक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। दीपके का कहना है कि शिक्षा को मुनाफा कमाने का माध्यम नहीं बनना चाहिए। पार्टी शिक्षा सुधार को अपने प्रमुख मुद्दों में शामिल करेगी और युवाओं से बातचीत कर उनकी समस्याओं तथा सुझावों को सामने लाएगी।
CJP पिछले दिनों NEET पेपर लीक से जुड़े मुद्दे को लेकर भी चर्चा में रही थी। पार्टी ने जंतर-मंतर पर 20 जून से 25 जुलाई तक लगातार 36 दिनों तक धरना दिया था। 25 जुलाई को तत्कालीन शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद पार्टी ने धरना समाप्त करने की घोषणा की थी।
अब पार्टी अपने अगले चरण के अभियान में रोजगार और शिक्षा को केंद्र में रखने की तैयारी कर रही है। ‘क्या बोलती पब्लिक’ अभियान के जरिए पार्टी युवाओं के बीच अपनी पहुंच बढ़ाने और उनकी समस्याओं को राजनीतिक मुद्दे के रूप में उठाने का दावा कर रही है।
मुख्य बातें:
- CJP सितंबर से देशभर में ‘क्या बोलती पब्लिक’ अभियान शुरू करने की तैयारी में है।
- अभियान में बेरोजगारी, महंगी शिक्षा और युवाओं की समस्याओं को प्रमुख मुद्दा बनाया जाएगा।
- पार्टी इससे पहले NEET पेपर लीक के मुद्दे पर जंतर-मंतर पर 36 दिनों तक धरना दे चुकी है।



















