गाजियाबाद: 25.75 करोड़ रुपये से बदला मोदीनगर रेलवे स्टेशन का स्वरूप, अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत मिली आधुनिक सुविधाएं
AIN NEWS 1 गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले में स्थित मोदीनगर रेलवे स्टेशन अब पूरी तरह नए और आधुनिक स्वरूप में यात्रियों का स्वागत करने के लिए तैयार है। भारतीय रेलवे ने अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत इस स्टेशन का व्यापक पुनर्विकास कराया है। करीब 25.75 करोड़ रुपये की लागत से किए गए इस विकास कार्य के बाद स्टेशन को आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित किया गया है, जिससे लाखों यात्रियों को सुरक्षित, सुविधाजनक और बेहतर यात्रा अनुभव मिलेगा।
मोदीनगर रेलवे स्टेशन पश्चिमी उत्तर प्रदेश के महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशनों में शामिल है। यह स्टेशन दिल्ली, गाजियाबाद, मेरठ, सहारनपुर और उत्तर भारत के कई प्रमुख शहरों को जोड़ने वाले व्यस्त रेल मार्ग पर स्थित है। प्रतिदिन हजारों यात्री यहां से सफर करते हैं। बढ़ती यात्री संख्या और आधुनिक सुविधाओं की आवश्यकता को देखते हुए रेलवे ने इस स्टेशन को अमृत भारत स्टेशन योजना में शामिल किया था।

क्या है अमृत भारत स्टेशन योजना?
भारत सरकार ने देशभर के रेलवे स्टेशनों को आधुनिक और विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस करने के उद्देश्य से अमृत भारत स्टेशन योजना शुरू की है। इस योजना के तहत स्टेशनों की केवल मरम्मत ही नहीं, बल्कि उनके संपूर्ण स्वरूप में बदलाव किया जा रहा है।
योजना के अंतर्गत स्टेशन भवनों का आधुनिकीकरण, बेहतर यात्री सुविधाएं, दिव्यांगजन के लिए सुगम पहुंच, डिजिटल सूचना प्रणाली, स्वच्छता, सुरक्षा और ऊर्जा दक्षता जैसे पहलुओं पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
मोदीनगर रेलवे स्टेशन भी इसी महत्वाकांक्षी योजना के तहत विकसित किए गए प्रमुख स्टेशनों में शामिल है।
स्टेशन को मिला नया आधुनिक स्वरूप
पुनर्विकास के बाद मोदीनगर रेलवे स्टेशन का बाहरी और आंतरिक स्वरूप पूरी तरह बदल गया है। स्टेशन भवन को आधुनिक वास्तुकला के अनुरूप तैयार किया गया है। यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए प्रवेश और निकास मार्गों को व्यवस्थित बनाया गया है।
स्टेशन परिसर को पहले की तुलना में अधिक आकर्षक, स्वच्छ और सुव्यवस्थित बनाया गया है। स्टेशन पर बेहतर प्रकाश व्यवस्था, साफ-सफाई और हरित क्षेत्र भी विकसित किए गए हैं।
यात्रियों को मिली ये नई सुविधाएं
पुनर्विकास के बाद स्टेशन पर कई आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं, जिनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं—
आधुनिक स्टेशन भवन
नया और चौड़ा प्रवेश द्वार
बेहतर प्रतीक्षालय
आधुनिक टिकट काउंटर
डिजिटल ट्रेन सूचना डिस्प्ले
एलईडी लाइटिंग
स्वच्छ एवं आधुनिक शौचालय
दिव्यांगजन के लिए रैंप और विशेष सुविधाएं
वरिष्ठ नागरिकों के लिए बेहतर व्यवस्था
सुरक्षित फुट ओवरब्रिज
बेहतर पार्किंग सुविधा
बैठने के लिए पर्याप्त व्यवस्था
पेयजल की आधुनिक सुविधा
बेहतर सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी
इन सुविधाओं के कारण यात्रियों को पहले की तुलना में अधिक आरामदायक यात्रा अनुभव मिलेगा।
सुरक्षा पर भी दिया गया विशेष ध्यान
रेलवे ने स्टेशन पर सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत किया है। स्टेशन परिसर में बेहतर रोशनी, सुव्यवस्थित आवागमन और निगरानी व्यवस्था विकसित की गई है। इससे यात्रियों को सुरक्षित वातावरण मिलेगा और स्टेशन पर भीड़ प्रबंधन भी आसान होगा।
स्थानीय लोगों को मिलेगा बड़ा लाभ
मोदीनगर औद्योगिक, शैक्षणिक और व्यापारिक दृष्टि से तेजी से विकसित हो रहा क्षेत्र है। यहां से प्रतिदिन बड़ी संख्या में छात्र, कर्मचारी, व्यापारी और आम नागरिक दिल्ली, गाजियाबाद, मेरठ और अन्य शहरों की यात्रा करते हैं।
स्टेशन के आधुनिक बनने से स्थानीय लोगों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। साथ ही क्षेत्र के व्यापार, रोजगार और पर्यटन को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
क्षेत्र के विकास को मिलेगी नई गति
रेलवे विशेषज्ञों का मानना है कि आधुनिक स्टेशन केवल यात्रियों की सुविधा तक सीमित नहीं होते, बल्कि आसपास के क्षेत्रों के आर्थिक विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। बेहतर रेलवे अवसंरचना से निवेश, व्यापार और रोजगार के नए अवसर पैदा होते हैं।
मोदीनगर रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास से आसपास के बाजारों, छोटे व्यापारियों और स्थानीय उद्योगों को भी लाभ मिलने की संभावना है।
प्रधानमंत्री ने किया लोकार्पण
देशभर में अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत विकसित कई रेलवे स्टेशनों का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्चुअल माध्यम से लोकार्पण किया। इसी क्रम में मोदीनगर रेलवे स्टेशन भी यात्रियों को समर्पित किया गया। रेलवे अधिकारियों के अनुसार स्टेशन को भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विकसित किया गया है ताकि आने वाले वर्षों में बढ़ती यात्री संख्या को आसानी से संभाला जा सके।
पर्यावरण का भी रखा गया ध्यान
स्टेशन के पुनर्विकास के दौरान ऊर्जा दक्ष एलईडी लाइटिंग, बेहतर जल निकासी व्यवस्था, स्वच्छ परिसर और हरित क्षेत्र विकसित करने पर भी विशेष ध्यान दिया गया है। इससे स्टेशन का संचालन अधिक पर्यावरण अनुकूल बनेगा।
यात्रियों में दिखा उत्साह
स्टेशन के नए स्वरूप को लेकर स्थानीय लोगों और यात्रियों में उत्साह देखा जा रहा है। यात्रियों का कहना है कि पहले की तुलना में स्टेशन अधिक साफ, व्यवस्थित और सुविधाजनक दिखाई देता है। आधुनिक सुविधाएं मिलने से दैनिक यात्रा करने वाले लोगों को काफी राहत मिलेगी।
भारतीय रेलवे का बदलता स्वरूप
पिछले कुछ वर्षों में भारतीय रेलवे तेजी से आधुनिकीकरण की दिशा में आगे बढ़ रहा है। वंदे भारत ट्रेनों, नए रेलवे कॉरिडोर, आधुनिक स्टेशन, डिजिटल सुविधाएं और बेहतर यात्री सेवाओं के माध्यम से रेलवे देश की परिवहन व्यवस्था को अधिक सक्षम बनाने की दिशा में काम कर रहा है। मोदीनगर रेलवे स्टेशन का पुनर्विकास भी इसी परिवर्तन का महत्वपूर्ण उदाहरण माना जा रहा है।
करीब 25.75 करोड़ रुपये की लागत से अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत विकसित मोदीनगर रेलवे स्टेशन अब आधुनिक सुविधाओं से लैस हो चुका है। नए स्टेशन भवन, बेहतर सुरक्षा, आधुनिक यात्री सुविधाओं, दिव्यांगजन के लिए विशेष व्यवस्था, डिजिटल सूचना प्रणाली और स्वच्छ वातावरण के कारण यह स्टेशन पश्चिमी उत्तर प्रदेश के प्रमुख आधुनिक रेलवे स्टेशनों में शामिल हो गया है। आने वाले समय में इससे न केवल यात्रियों को लाभ मिलेगा बल्कि मोदीनगर और आसपास के क्षेत्रों के आर्थिक एवं सामाजिक विकास को भी नई गति मिलने की उम्मीद है।
Modinagar Railway Station in Ghaziabad has been successfully redeveloped under the Amrit Bharat Station Scheme with an investment of Rs 25.75 crore. The upgraded station now offers modern passenger amenities, improved safety features, digital information systems, enhanced accessibility for differently-abled passengers, better parking, modern waiting areas, and upgraded infrastructure. This redevelopment project by Indian Railways is expected to improve passenger convenience while supporting regional connectivity and economic growth across western Uttar Pradesh. The project highlights the government’s ongoing railway modernization initiative aimed at transforming railway stations into world-class transport hubs.


















