AIN NEWS 1 प्रयागराज: चर्चित उमेश पाल हत्याकांड की सुनवाई के दौरान मंगलवार को उनकी पत्नी और मामले की वादी जया पाल अदालत पहुंचीं। विशेष एससी/एसटी अदालत में उन्होंने अपना बयान दर्ज कराया। पति की हत्या से जुड़े सवालों का जवाब देते समय जया पाल भावुक हो गईं और अदालत में रो पड़ीं। इसी दौरान उन्होंने अपनी जान को खतरा बताते हुए सोशल मीडिया पर लगातार धमकियां मिलने का आरोप लगाया।
जया पाल का दावा है कि फेसबुक और अन्य सोशल मीडिया माध्यमों के जरिए उन्हें धमकाया जा रहा है। कथित धमकियों में कहा जा रहा है कि अतीक अहमद के बेटे उमर और अली के जेल से बाहर आने के बाद उन्हें इसका अंजाम भुगतना पड़ेगा। जया ने आरोप लगाया कि उन्हें आरडीएक्स से उड़ाने और हत्या करने जैसी धमकियां दी जा रही हैं।
‘उमर और अली को आने दो, हिसाब चुकता होगा’
अदालत के बाहर मीडिया से बातचीत में जया पाल ने कथित सोशल मीडिया धमकियों का जिक्र करते हुए कहा कि उन्हें डराया जा रहा है कि उमर और अली के जेल से बाहर आने के बाद उनके साथ हिसाब चुकता किया जाएगा।

जया पाल ने कहा कि उनके पति उमेश पाल की जिस तरह दिनदहाड़े हत्या की गई थी, उसके बाद से वह खुद भी अपनी सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि उन्हें लगातार धमकियां मिल रही हैं तो क्या उनके साथ भी वैसी ही घटना हो सकती है?
जया अपने साथ सोशल मीडिया पर मिली धमकी से संबंधित पोस्टर और स्क्रीनशॉट भी लेकर पहुंची थीं। उन्होंने पुलिस से मांग की कि धमकी देने वालों की पहचान कर उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाए और उन्हें पर्याप्त सुरक्षा उपलब्ध कराई जाए।
फरार आरोपियों को लेकर पुलिस पर उठाए सवाल
जया पाल ने उमेश पाल हत्याकांड के उन आरोपियों को लेकर भी सवाल उठाए जो अब तक पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। उन्होंने पूछा कि गुड्डू मुस्लिम, साबिर और अरमान जैसे आरोपी अब तक कहां हैं और उन्हें गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया?
जया का आरोप है कि उमेश पाल हत्याकांड से जुड़े कुछ लोग अब भी सक्रिय हैं और उनकी गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। उन्होंने अपनी सुरक्षा बढ़ाने के लिए अदालत में प्रार्थना पत्र भी दिया।
रिपोर्ट के मुताबिक, जया पाल की ओर से कथित धमकियों और सुरक्षा संबंधी चिंता को अदालत के सामने रखा गया। इसके बाद पुलिस कमिश्नर को उनकी सुरक्षा के संबंध में आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए।
पुलिस कमिश्नर से मिलीं जया पाल
अदालत में बयान दर्ज कराने के बाद जया पाल ने प्रयागराज के पुलिस कमिश्नर पीयूष मोर्डिया से मुलाकात की। उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए धमकी देने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
इसके बाद मंगलवार शाम जया पाल धूमनगंज थाने भी पहुंचीं। उन्होंने पुलिस को लिखित शिकायत दी और सोशल मीडिया पर कथित तौर पर मिले धमकी भरे संदेशों के स्क्रीनशॉट भी उपलब्ध कराए।
पुलिस की ओर से शिकायत की जांच किए जाने की बात कही गई है। जांच के दौरान यह पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि कथित धमकी वाले अकाउंट किसके हैं और उनके पीछे कौन लोग हैं। आरोपों की पुष्टि और संदिग्धों की पहचान के बाद कानून के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी।
उमर की तस्वीर दिखाकर जया ने लगाए आरोप
जया पाल ने मीडिया के सामने अतीक अहमद के बड़े बेटे उमर का एक पोस्टर भी दिखाया। उनका आरोप है कि पोस्टर में उमर उंगली से चुप रहने का इशारा करता दिखाई दे रहा है।
जया ने दावा किया कि इस तरह की सामग्री और सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए उनके परिवार पर मानसिक दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उन्हें किसी से विवाद नहीं चाहिए, वह सिर्फ अपने पति की हत्या के मामले में न्याय चाहती हैं।
हालांकि, सोशल मीडिया पोस्ट या पोस्टर को लेकर लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
पति की हत्या का जिक्र आते ही रो पड़ीं जया
मंगलवार को अदालत में जया पाल से बचाव पक्ष के वकील ने उमेश पाल की हत्या के बाद उनके शव को घटनास्थल से हटाए जाने से संबंधित सवाल किए। इसी दौरान जया भावुक हो गईं और रोने लगीं।
अदालत में उपलब्ध जानकारी के अनुसार, जया ने शुरुआती तौर पर कहा कि उन्हें घटना की कुछ बातें ठीक से याद नहीं हैं। इसके बाद उनकी तबीयत भी बिगड़ गई। उनकी स्थिति को देखते हुए वह आगे की जिरह का जवाब देने की स्थिति में नहीं थीं।
अदालत ने परिस्थितियों को देखते हुए सुनवाई स्थगित कर दी। अब मामले की अगली सुनवाई 11 सितंबर को होने की बात सामने आई है। सुनवाई विशेष न्यायाधीश (एससी/एसटी एक्ट) कुमार मयंक की अदालत में चल रही है।
24 फरवरी 2023 को हुई थी उमेश पाल की हत्या
उमेश पाल की हत्या 24 फरवरी 2023 को प्रयागराज में दिनदहाड़े की गई थी। हमलावरों ने गोली और बम से हमला किया था। इस हमले में उमेश पाल के दो सरकारी सुरक्षाकर्मियों की भी मौत हो गई थी।
उमेश पाल वर्ष 2005 में हुए बसपा विधायक राजू पाल हत्याकांड के प्रमुख गवाह थे। उनकी हत्या के बाद यह मामला देशभर में सुर्खियों में आया था।
जांच के दौरान माफिया और पूर्व सांसद अतीक अहमद, उसके भाई अशरफ, बेटे असद और अन्य आरोपियों के नाम सामने आए थे। पुलिस और जांच एजेंसियों ने हत्याकांड को साजिश से जोड़ते हुए कई लोगों के खिलाफ कार्रवाई की।
अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की अप्रैल 2023 में प्रयागराज में पुलिस सुरक्षा के बीच गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वहीं अतीक का बेटा असद उमेश पाल हत्याकांड के बाद पुलिस मुठभेड़ में मारा गया था।
अतीक के बेटे उमर और अली जेल में बंद
अतीक अहमद के बेटे उमर और अली अलग-अलग मामलों में जेल में बंद हैं। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, उमर लखनऊ जेल में है, जबकि अली नैनी जेल में बंद है।
उमेश पाल हत्याकांड के बाद अतीक अहमद की पत्नी शाइस्ता परवीन भी फरार बताई जाती हैं और पुलिस की ओर से उनकी तलाश की जा रही है। अतीक के बेटे असद की पुलिस मुठभेड़ में मौत हो चुकी है।
इस पूरे मामले में अब जया पाल की ओर से सोशल मीडिया पर कथित धमकियां मिलने का आरोप सामने आने के बाद उनकी सुरक्षा का मुद्दा फिर चर्चा में है।
अब पुलिस जांच पर टिकी नजर
जया पाल की शिकायत के बाद सबसे महत्वपूर्ण सवाल यह है कि सोशल मीडिया पर धमकी देने वाले लोग कौन हैं और क्या उनका संबंध वास्तव में उमेश पाल हत्याकांड से जुड़े किसी व्यक्ति या गिरोह से है।
फिलहाल इन आरोपों की जांच पुलिस के स्तर पर होनी है। पुलिस कथित सोशल मीडिया पोस्ट, अकाउंट और उपलब्ध स्क्रीनशॉट की जांच कर सकती है। जांच में आरोप सही पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
उमेश पाल हत्याकांड की सुनवाई अभी जारी है और अदालत में गवाहों के बयान तथा जिरह की प्रक्रिया चल रही है। ऐसे में जया पाल की सुरक्षा और उन्हें मिली कथित धमकियों पर आने वाले दिनों में पुलिस की कार्रवाई महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
Umesh Pal Murder Case latest update: Jaya Pal, wife of deceased Umesh Pal, has alleged that she is receiving repeated death threats through social media. During the Prayagraj court hearing, Jaya Pal claimed that threats were being issued in connection with Atiq Ahmed’s sons Umar Ahmed and Ali Ahmed. She also questioned the status of accused Guddu Muslim, Sabir and Arman and sought enhanced security. The Umesh Pal murder case remains under trial in Prayagraj, with the next hearing scheduled for September 11.



















