AIN NEWS 1: उपलब्ध पुलिस बयान और 22-23 अगस्त 2026 की ताजा रिपोर्टों के आधार पर घटना की पुष्टि होती है। हालांकि आरोपी द्वारा हत्या की पहले से योजना बनाने, एक सप्ताह पहले चाकू खरीदने और बेटा न होने की चिंता जैसे कुछ दावे अलग-अलग रिपोर्टों में उसके कथित बयानों के रूप में सामने आए हैं। इन्हें अंतिम पुलिस निष्कर्ष नहीं माना जाना चाहिए।
गाजियाबाद के खोड़ा इलाके के लोकप्रिय विहार में शुक्रवार देर रात हुई एक दिल दहला देने वाली वारदात ने पूरे इलाके को हिलाकर रख दिया। एक व्यक्ति पर अपनी पत्नी और 15 वर्षीय बेटी की धारदार हथियार से हत्या करने का आरोप है। हमले में उसकी 14 वर्षीय दूसरी बेटी भी घायल हुई, लेकिन वह किसी तरह बच निकलने में कामयाब रही। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी राजा अंसारी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी।
पुलिस के मुताबिक, घटना 22 अगस्त 2026 की रात करीब 12:15 बजे खोड़ा की गली नंबर-3, लोकप्रिय विहार में हुई। मौके पर पहुंची पुलिस ने पत्नी बीबी तबस्सुम और उनकी 15 वर्षीय बेटी सना तबस्सुम को मृत पाया। 14 वर्षीय बेटी रूबी तबस्सुम घायल थी। उसे तत्काल अस्पताल भेजा गया, जहां उसकी हालत खतरे से बाहर बताई गई। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर पुलिस ने आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

चौथी मंजिल के घर में हुई वारदात
पुलिस की शुरुआती जानकारी के अनुसार राजा अंसारी मूल रूप से बिहार के अररिया जिले का रहने वाला है। वह अपनी पत्नी और दो बेटियों के साथ लोकप्रिय विहार स्थित मकान की चौथी मंजिल पर रहता था। राजा दिल्ली की गाजीपुर मछली मंडी में मुनीम का काम करता था।
रात में घर के अंदर विवाद के बाद स्थिति अचानक हिंसक हो गई। पुलिस के अनुसार आरोपी ने पत्नी और बड़ी बेटी पर धारदार हथियार से हमला किया। दोनों की जान चली गई। छोटी बेटी भी हमले की चपेट में आई, लेकिन वह वहां से निकलने में सफल रही। उसके बाद आसपास के लोगों को घटना की जानकारी हुई और पुलिस को सूचना दी गई।
छोटी बेटी ने बचाई अपनी जान
इस घटना का सबसे मार्मिक पहलू आरोपी की 14 वर्षीय छोटी बेटी का बच जाना है। रिपोर्टों के मुताबिक, वह हमले के दौरान घायल हुई, लेकिन किसी तरह घर से बाहर निकल पाई। इसके बाद पड़ोसियों को घटना की जानकारी मिली।
पुलिस ने उसे अस्पताल पहुंचाया। अधिकारियों के मुताबिक उसकी हालत फिलहाल खतरे से बाहर है। जांच के दौरान पुलिस उसके बयान को भी महत्वपूर्ण मान रही है, क्योंकि वह वारदात के समय घर में मौजूद थी।
कुछ रिपोर्टों में यह भी बताया गया है कि मां ने हमले के दौरान छोटी बेटी को बचाने की कोशिश की थी। हालांकि इस घटना के हर विवरण की पुष्टि जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर ही की जाएगी।
आरोपी हिरासत में, हत्या की वजह की जांच
वारदात के बाद पुलिस ने राजा अंसारी को हिरासत में ले लिया। शुरुआती जांच में घरेलू विवाद का एंगल सामने आया है, लेकिन पुलिस ने अभी हत्या की एकमात्र और अंतिम वजह घोषित नहीं की है।
एसीपी इंदिरापुरम सूर्यबली मौर्य के अनुसार आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पंचायतनामा की कार्रवाई शुरू की और पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।
डिप्रेशन और आर्थिक परेशानी का भी सामने आया एंगल
घटना के बाद सामने आई रिपोर्टों में आरोपी के कथित बयानों के आधार पर मानसिक तनाव, आर्थिक परेशानी और घरेलू कलह की बातें सामने आई हैं।
एक विस्तृत रिपोर्ट के अनुसार राजा ने कथित तौर पर बताया कि वह कई वर्षों से अवसाद से परेशान था और कुछ समय से मानसिक स्वास्थ्य की दवाएं नहीं ले रहा था। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि पत्नी उसे दवा लेने के लिए कहती थी और इसी बात को लेकर दोनों के बीच अक्सर विवाद होता था।
आर्थिक स्थिति को लेकर भी आरोपी के कथित बयान सामने आए हैं। उसने कथित तौर पर कहा कि परिवार का खर्च चलाने में उसे परेशानी होती थी और भविष्य को लेकर वह तनाव में रहता था। हालांकि पुलिस जांच पूरी होने से पहले इन बातों को हत्या का अंतिम कारण मानना उचित नहीं होगा।
बेटा न होने और पहले से हत्या की योजना का दावा कितना सही?
आपके मूल लेख में यह दावा प्रमुखता से किया गया है कि आरोपी ने बेटा न होने और अपने बाद परिवार के भविष्य की चिंता को हत्या की वजह बताया। साथ ही यह भी कहा गया है कि उसने एक सप्ताह पहले चाकू खरीदा और पहले से हत्या की योजना बना रखी थी।
इन दावों का उल्लेख कुछ मीडिया रिपोर्टों में आरोपी के कथित पूछताछ बयान के रूप में जरूर हुआ है। लेकिन पुलिस की शुरुआती आधिकारिक जानकारी में हत्या की मुख्य वजह स्पष्ट नहीं बताई गई थी। इसलिए AIN NEWS 1 की खबर में इसे “आरोपी ने पूछताछ में कथित तौर पर बताया” के रूप में लिखना अधिक सुरक्षित और पत्रकारिता के लिहाज से उचित है।
पुलिस मोबाइल और दूसरे सबूत भी खंगालेगी
जांच एजेंसियां अब घटना से पहले परिवार के बीच हुए विवाद और आरोपी की मानसिक स्थिति से जुड़े तथ्यों को खंगाल रही हैं। ताजा रिपोर्टों के अनुसार पुलिस मोबाइल फोन की कॉल डिटेल और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच कर सकती है।
इसके अलावा पड़ोसियों और घटना के बाद सबसे पहले घर तक पहुंचने वाले लोगों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं। फोरेंसिक टीम द्वारा जुटाए गए साक्ष्यों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट को जांच का अहम हिस्सा माना जा रहा है।
चार्जशीट की तैयारी में जुटी पुलिस
पुलिस मामले में उपलब्ध साक्ष्यों को एकत्र कर रही है। आरोपी से पूछताछ, घायल बेटी का बयान, पड़ोसियों के बयान, फोरेंसिक रिपोर्ट, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और डिजिटल साक्ष्यों को जांच में शामिल किया जाएगा।
ताजा रिपोर्टों में पुलिस के जल्द चार्जशीट दाखिल करने की तैयारी का भी उल्लेख है। हालांकि चार्जशीट कब दाखिल होगी और किन धाराओं में अंतिम आरोप तय होंगे, यह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा।
घटना ने घरेलू तनाव और मानसिक स्वास्थ्य पर भी सवाल खड़े किए
यह वारदात केवल एक डबल मर्डर की घटना नहीं है, बल्कि परिवार के भीतर लंबे समय तक चलने वाले विवाद, मानसिक तनाव और घरेलू हिंसा जैसे गंभीर मुद्दों की ओर भी ध्यान खींचती है।
हालांकि किसी मानसिक स्वास्थ्य समस्या को हिंसा का सीधा कारण मानना सही नहीं है। इस मामले में भी पुलिस जांच से यह स्पष्ट होना बाकी है कि आरोपी की मानसिक स्थिति, पारिवारिक विवाद और आर्थिक परेशानी में से किसका कितना प्रभाव था।
फिलहाल सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि दो लोगों की जान चली गई और एक किशोरी घायल होकर अस्पताल पहुंची। पुलिस की जांच आगे बढ़ने के साथ ही इस खौफनाक वारदात की पूरी तस्वीर सामने आने की उम्मीद है।
AIN NEWS 1 अपडेट: गाजियाबाद के खोड़ा लोकप्रिय विहार डबल मर्डर केस में पत्नी बीबी तबस्सुम और 15 वर्षीय बेटी सना की मौत हुई है, जबकि 14 वर्षीय रूबी घायल होकर बच गई। आरोपी राजा अंसारी पुलिस हिरासत में है। हत्या की वजह को लेकर घरेलू विवाद, आर्थिक परेशानी और मानसिक तनाव समेत कई पहलुओं की जांच की जा रही है। आरोपी के कथित बयानों में पहले से योजना और बेटा न होने की चिंता जैसी बातें सामने आई हैं, लेकिन इन्हें जांच पूरी होने तक अंतिम तथ्य नहीं माना जाना चाहिए।
The Khoda Colony double murder in Ghaziabad has shocked the Delhi-NCR region. Police have detained Raja Ansari, who is accused of killing his wife and 15-year-old daughter in Lokpriya Vihar, while his 14-year-old daughter survived the attack. The Ghaziabad Police investigation is examining domestic dispute, financial stress, alleged depression and other possible reasons behind the crime. The case remains under investigation, with forensic evidence, witness statements and post-mortem findings expected to play an important role.



















