spot_imgspot_img

बरेली में खाली मकान को बनाया गया अस्थायी मदरसा, कई हफ्तों से हो रही थी सामूहिक नमाज़, पुलिस कार्रवाई में 12 लोग हिरासत में!

spot_img

Date:

AIN NEWS 1: उत्तर प्रदेश के बरेली जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने प्रशासन और स्थानीय लोगों, दोनों का ध्यान खींचा है। बरेली के बिशारतगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत मोहम्मदगंज गांव में एक खाली पड़े मकान को अस्थायी मदरसे के रूप में इस्तेमाल किए जाने की जानकारी सामने आई है। बताया जा रहा है कि इस मकान में बीते कई जुम्मों से सामूहिक रूप से नमाज़ अदा की जा रही थी, लेकिन इसके लिए प्रशासन से किसी भी प्रकार की लिखित अनुमति नहीं ली गई थी।

ग्रामीणों की शिकायत के बाद हरकत में आई पुलिस

मोहम्मदगंज गांव के कुछ स्थानीय निवासियों ने इस गतिविधि को लेकर पुलिस को सूचना दी। ग्रामीणों का कहना था कि गांव में एक खाली मकान में लगातार धार्मिक गतिविधियां हो रही हैं, जहां बाहर से भी लोग आकर नमाज़ पढ़ते हैं। इससे गांव में असमंजस और तनाव का माहौल बनने लगा था। ग्रामीणों ने आशंका जताई कि बिना अनुमति इस तरह की गतिविधियां भविष्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति को प्रभावित कर सकती हैं।

सूचना मिलने के बाद बिशारतगंज थाना पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया और तत्काल जांच के निर्देश दिए।

U-19 World Cup में फिर दिखा Handshake विवाद, भारत-बांग्लादेश कप्तानों ने टॉस पर नहीं मिलाया हाथ

पुलिस की दबिश और मौके की स्थिति

शुक्रवार को पुलिस टीम ने मोहम्मदगंज गांव में बताए गए मकान पर दबिश दी। पुलिस के पहुंचने पर वहां सामूहिक नमाज़ की तैयारी चल रही थी। पूछताछ के दौरान सामने आया कि उक्त मकान को अस्थायी रूप से मदरसे की तरह इस्तेमाल किया जा रहा था और यहां नियमित रूप से जुम्मे की नमाज़ पढ़ी जा रही थी।

पुलिस ने जब आयोजकों से अनुमति पत्र या प्रशासनिक स्वीकृति के बारे में जानकारी मांगी, तो कोई भी वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किया जा सका।

12 लोगों को हिरासत में लिया गया

बिना अनुमति धार्मिक गतिविधि संचालित करने और शांति व्यवस्था भंग होने की आशंका को देखते हुए पुलिस ने मौके से 12 लोगों को हिरासत में ले लिया। इन सभी से थाने लाकर पूछताछ की गई। पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई पूरी तरह एहतियातन की गई ताकि किसी भी प्रकार का विवाद या तनाव उत्पन्न न हो।

तीन आरोपी मौके से फरार

पुलिस कार्रवाई के दौरान तीन लोग मौके से फरार होने में सफल रहे। पुलिस का कहना है कि उनकी पहचान कर ली गई है और जल्द ही उन्हें भी हिरासत में लिया जाएगा। फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस की टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।

शांति भंग की धाराओं में चालान

पुलिस ने बताया कि चूंकि आयोजकों के पास किसी प्रकार की लिखित अनुमति नहीं थी, इसलिए हिरासत में लिए गए लोगों का चालान शांति भंग की धाराओं में किया गया है। इसके साथ ही उन्हें भविष्य में बिना अनुमति इस तरह की गतिविधियां न करने की सख्त हिदायत भी दी गई है।

प्रशासन का स्पष्ट संदेश

स्थानीय पुलिस अधिकारियों ने साफ कहा है कि धार्मिक स्वतंत्रता सभी को है, लेकिन किसी भी सार्वजनिक या सामूहिक धार्मिक गतिविधि के लिए नियमों और कानूनों का पालन करना अनिवार्य है। बिना अनुमति किसी स्थान पर भीड़ इकट्ठा करना या धार्मिक आयोजन करना कानून-व्यवस्था के लिहाज से उचित नहीं है।

अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई किसी विशेष समुदाय के खिलाफ नहीं है, बल्कि कानून के पालन और शांति व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से की गई है।

गांव में शांति बनाए रखने की अपील

घटना के बाद पुलिस ने गांव में अतिरिक्त सतर्कता बरतते हुए शांति समिति के सदस्यों और स्थानीय लोगों से बातचीत की। सभी से अपील की गई कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी समस्या की सूचना सीधे पुलिस को दें।

गांव में फिलहाल स्थिति पूरी तरह शांत बताई जा रही है और पुलिस की निगरानी जारी है।

पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे मामले

उत्तर प्रदेश के कई जिलों में इससे पहले भी इस तरह के मामले सामने आ चुके हैं, जहां खाली मकानों, दुकानों या अन्य निजी परिसरों को अस्थायी धार्मिक स्थलों के रूप में इस्तेमाल किया गया। प्रशासन ऐसे मामलों में स्पष्ट कर चुका है कि नियमों के तहत अनुमति लेना जरूरी है, ताकि सामाजिक सौहार्द और कानून-व्यवस्था बनी रहे।

बरेली का यह मामला एक बार फिर यह सवाल खड़ा करता है कि धार्मिक गतिविधियों के साथ-साथ कानूनी प्रक्रियाओं का पालन कितना जरूरी है। प्रशासन का रुख साफ है—कानून सभी के लिए समान है और किसी भी तरह की गतिविधि, चाहे वह किसी भी उद्देश्य से हो, नियमों के दायरे में रहकर ही की जानी चाहिए।

A case of an illegal temporary madarsa operating in a vacant house has surfaced in Bareilly, Uttar Pradesh, where congregational namaz was being conducted for several weeks without official permission. Following complaints from local villagers, the Bisharatganj police took action and detained 12 individuals under preventive sections to maintain law and order. The incident highlights UP Police vigilance regarding unauthorized religious activities and the importance of following legal procedures in Bareilly village areas.

spot_img
spot_imgspot_img

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

spot_imgspot_img

Share post:

New Delhi
light rain
31 ° C
31 °
30.1 °
70%
3.1m/s
73%
Thu
31 °
Fri
36 °
Sat
39 °
Sun
39 °
Mon
40 °
Video thumbnail
सोनम यादव की AI वीडियो वायरल करने वालों पर कार्रवाई की चेतावनी, पुलिस से सख्त एक्शन की मांग
01:59
Video thumbnail
लखनऊ: चंद्रशेखर आजाद का दावा, फार्म हाउस पर रची गई हत्या की साजिश; सरकार से जांच की मांग
02:43
Video thumbnail
क्या आरती करते समय Salman Khan से गलती हुई ?
00:31
Video thumbnail
कनॉट प्लेस में मिंटो ब्रिज के पास चलती सड़क पर गिरा रेड लाइट का खंभा
00:19
Video thumbnail
अरविंद केजरीवाल का अमित शाह पर निशाना, बोले- लॉरेंस बिश्नोई को दामाद की तरह क्यों रखा जा रहा?
00:21
Video thumbnail
Akhilesh Yadav : "जब तक ये मुख्यमंत्री रहेंगे, जब तक ये सरकार रहेगी कानून से काम नहीं होगा"
02:10
Video thumbnail
अभिनेता गुलशन पांडे और निशिकांत दीक्षित तक पहुंचा ‘पीड़ित को न्याय’ का नया अंक | AIN NEWS 1
02:16
Video thumbnail
इशारों-इशारों में फायरब्रांड Yogi ने Abhijeet Dipke को दिया मुंहतोड़ जवाब !
02:36
Video thumbnail
Meerut Kesarganj Masjid Controversy : मेरठ केसरगंज मस्जिद विवाद पर योगी से क्या बोले टी राजा सिंह ?
04:26
Video thumbnail
Hanuman Ansh Actor Gulshan Pandey in Ghaziabad | ‘हनुमान अंश’ अभिनेता गुलशन पांडे का भव्य स्वागत
04:47

Subscribe

spot_img
spot_imgspot_img

Popular

spot_img

More like this
Related