AIN NEWS 1 अयोध्या। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास ने श्रीराम मंदिर से जुड़ी हालिया घटनाओं को लेकर अपना आधिकारिक बयान जारी किया है। न्यास के कोषाध्यक्ष पूज्य स्वामी गोविन्द देव गिरी महाराज ने कहा कि मंदिर से जुड़ी घटनाओं ने सभी रामभक्तों और रामसेवकों को आहत किया है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जा रही है और दोषियों के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
स्वामी गोविन्द देव गिरी महाराज ने अपने बयान में कहा कि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास रामभक्तों की आस्था और विश्वास का सम्मान करता है। मंदिर निर्माण और प्रभु श्रीराम की सेवा के लिए देश-विदेश से करोड़ों श्रद्धालुओं ने अपना योगदान दिया है। ऐसे में किसी भी प्रकार की अनियमितता या गलत गतिविधि को स्वीकार नहीं किया जाएगा।

इस्तीफे मिले, अगली बैठक में होगा फैसला
न्यास की ओर से जारी बयान में बताया गया कि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के महामंत्री श्री चंपत राय और न्यासी श्री अनिल मिश्र से त्यागपत्र प्राप्त हुए हैं। इन त्यागपत्रों पर न्यास की आगामी बैठक में विचार किया जाएगा।
ट्रस्ट ने स्पष्ट किया कि संगठन पूरी पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ काम कर रहा है। किसी भी पदाधिकारी या कर्मचारी से जुड़ा मामला सामने आने पर नियमों के अनुसार निर्णय लिया जाएगा।
चांदी की ईंटों और आभूषणों को लेकर ट्रस्ट ने दी सफाई
श्रीराम मंदिर निर्माण के लिए श्रद्धालुओं द्वारा अर्पित की गई चांदी की ईंटों, आभूषणों और अन्य धार्मिक सामग्री को लेकर भी ट्रस्ट ने स्थिति स्पष्ट की है।
स्वामी गोविन्द देव गिरी महाराज ने कहा कि जिन श्रद्धालुओं ने अपनी श्रद्धा से चांदी की ईंटें, आभूषण या अन्य वस्तुएं न्यास के अधिकारियों को व्यक्तिगत रूप से सौंपी थीं, वे सभी वस्तुएं सुरक्षित हैं और उनका पूरा हिसाब उपलब्ध है।
उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान नहीं देना चाहिए। मंदिर से जुड़ी सभी संपत्तियों और दान सामग्री का रिकॉर्ड व्यवस्थित तरीके से रखा गया है।
दानपात्र राशि मामले में FIR दर्ज
श्रीराम मंदिर के दानपात्रों से प्राप्त राशि से जुड़े मामले पर भी न्यास ने जानकारी दी है। बयान के अनुसार, न्यास के आग्रह पर उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गठित विशेष जांच दल (SIT) की अंतरिम रिपोर्ट के आधार पर FIR दर्ज कराई गई है।
ट्रस्ट ने बताया कि मामले में कानूनी प्रक्रिया जारी है और जांच एजेंसियां अपने स्तर पर कार्रवाई कर रही हैं। दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ कानून के तहत कठोर कदम उठाए जाएंगे।
सनातन धर्म को बदनाम करने की कोशिश सफल नहीं होगी
स्वामी गोविन्द देव गिरी महाराज ने कहा कि कुछ असामाजिक और स्वार्थी तत्व ऐसी घटनाओं के माध्यम से सनातन धर्म और रामभक्तों की आस्था को नुकसान पहुंचाने का प्रयास कर सकते हैं, लेकिन ऐसे प्रयास सफल नहीं होने दिए जाएंगे।
उन्होंने रामभक्तों से अपील की कि वे किसी भी तरह की अपुष्ट जानकारी या भ्रामक खबरों पर विश्वास न करें। सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से फैलने वाली अफवाहों से सावधान रहने की जरूरत है।
ट्रस्ट ने रामभक्तों को दिया भरोसा
न्यास ने अपने संदेश में कहा कि वर्तमान परिस्थितियां जल्द समाप्त होंगी और सत्य सामने आएगा। ट्रस्ट ने विश्वास जताया कि श्रीराम भक्ति की धारा हमेशा की तरह मजबूत बनी रहेगी।
स्वामी गोविन्द देव गिरी महाराज ने कहा कि श्रीराम जन्मभूमि केवल एक मंदिर नहीं बल्कि करोड़ों लोगों की आस्था और विश्वास का केंद्र है। इसलिए इसकी पवित्रता, पारदर्शिता और मर्यादा बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है।
उन्होंने दोहराया कि न्यास रामभक्तों के विश्वास को बनाए रखने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है।
अयोध्या राम मंदिर विवाद पर आगे की नजर
श्रीराम मंदिर से जुड़ा यह मामला सामने आने के बाद देशभर के रामभक्तों की नजर जांच और आगे की कार्रवाई पर है। ट्रस्ट ने साफ कर दिया है कि किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
न्यास का कहना है कि मंदिर की व्यवस्था को पूरी पारदर्शिता के साथ संचालित किया जा रहा है और भविष्य में ऐसी किसी भी स्थिति को रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
स्वामी गोविन्द देव गिरी महाराज ने अपने संदेश के अंत में कहा कि सत्य की विजय होगी और श्रीरामभक्ति की अखंड धारा निरंतर बहती रहेगी।
जय श्रीराम।
The Ayodhya Ram Temple donation controversy has drawn attention after Shri Ram Janmabhoomi Teerth Kshetra Treasurer Swami Govind Dev Giri Maharaj released an official statement. The trust confirmed that resignations of Champat Rai and Anil Mishra have been received and will be discussed in the upcoming meeting. The trust also stated that an FIR has been registered based on the SIT interim report regarding donation box funds. The Ram Temple Trust assured devotees that donated silver bricks, jewellery, and other offerings are safe and properly accounted for, while strict legal action will be taken against anyone found guilty.


















